मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता मे जिला अनुश्रवण एवं क्रियान्वयन समिति की बैठक सम्पन्न।

सोमवार को विकास भवन के गंगा सभागार में मुख्य विकास अधिकारी हर्षिका सिंह की अध्यक्षता में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) के अंतर्गत गठित जिला स्तरीय क्रियान्वयन एवं अनुश्रवण समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।

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स्वतंत्र प्रभात।
 
 ब्यूरो प्रयागराज 
 
सोमवार को विकास भवन के गंगा सभागार में मुख्य विकास अधिकारी हर्षिका सिंह की अध्यक्षता में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) के अंतर्गत गठित जिला स्तरीय क्रियान्वयन एवं अनुश्रवण समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद में स्वयं सहायता समूहों की प्रगति, बैंक लिंकेज, लखपति महिला योजना एवं शत-प्रतिशत संतृप्तिकरण की गहन समीक्षा की गई।
 
मुख्य विकास अधिकारी ने बैठक की शुरुआत करते हुए कहा कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र की गरीब महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है। शासन की मंशा है कि कोई भी पात्र गरीब परिवार समूह से वंचित न रहे।
 
मुख्य विकास अधिकारी ने सभी खंड विकास अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि पात्र गृहस्थी सूची में अवशेष सभी लाभार्थियों के परिवार से एक महिला को अनिवार्य रूप से स्वयं सहायता समूह में जोड़ा जाए। इसके लिए ग्राम पंचायत सचिव, ग्राम रोजगार सेवक, समूह सखी एवं बीएमएम घर-घर जाकर सर्वे करें। इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
 
जनपद की कुल प्रगति की समीक्षा के दौरान विकासखंड *सैदाबाद, मांडा, मऊआइमा, श्रृंगवेरपुर एवं उरुवा* की प्रगति सबसे कम पाई गई। इस पर मुख्य विकास अधिकारी  ने गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने संबंधित खंड विकास अधिकारियों को 15 दिन के अंदर प्रगति में सुधार लाने के निर्देश दिए और चेतावनी दी कि अगली बैठक में भी प्रगति खराब मिली तो जिम्मेदारी तय कर कार्यवाही की जाएगी।
 
लखपति महिला योजनामें कहा कि  प्रधानमंत्री के लखपति दीदी अभियान को जनपद में मिशन मोड में लागू किया जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि विभिन्न विभागों में संचालित योजनाओं जैसे - बीसी सखी, विद्युत सखी, कृषि सखी, पशु सखी, ड्रोन दीदी, ओडीओपी, डेयरी, मुर्गी पालन, सिलाई-कढ़ाई से समूह की महिलाओं को अनिवार्य रूप से आच्छादित किया जाए, ताकि उनकी वार्षिक आय 1 लाख रुपये से अधिक हो सके।
 
मुख्य विकास अधिकारी  ने लीड जिला प्रबंधक (LDM) एवं सभी बैंक शाखा प्रबंधकों को निर्देशित किया कि स्वयं सहायता समूहों के बैंक खाते खोलने एवं कैश क्रेडिट लिमिट (CCL) करने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए। बैंकों में लंबित आवेदनों का निस्तारण 7 दिन के अंदर सुनिश्चित किया जाए। समूह की महिलाओं को बैंक के चक्कर न लगाने पड़ें।
 
बैठक में उपस्थित उपायुक्त स्वतः रोजगार द्वारा सभी विभागीय अधिकारियों से अपेक्षा की गई कि वह अपने-अपने विभाग में संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी एवं अपने विभाग को आवंटित लक्ष्य की सूचना एनआरएलएम कार्यालय में भी उपलब्ध कराएं। जिससे अधिक से अधिक SHG महिलाओं को विभिन्न योजनाओं से जोड़कर उन्हें लखपति बनाया जा सके और विभागीय लक्ष्यों की पूर्ति भी हो सके।

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