राष्ट्रीय नव निर्माण सेना ने कोटा ग्राम पंचायत में चलाया भावनात्मक हस्ताक्षर अभियान, लोगों ने दिया समर्थन

जब तक सोनभद्र के अंतिम पंक्ति में बैठे हुए व्यक्ति को न्याय नहीं दिला देते, तब तक संघर्ष जारी रहेगा — आनन्द पटेल दयालु

राजेश तिवारी Picture
Published On

राजेश तिवारी ( ब्यूरो रिपोर्ट) 

सोनभद्र / उत्तर प्रदेश-

सोनभद्र की धरती पूरे उत्तर प्रदेश को बिजली देती है, देश के विकास के लिए कोयला देती है, निर्माण कार्यों के लिए बालू, पत्थर, एल्यूमिनियम और सीमेंट देती है। प्रदेश के राजस्व में भी सोनभद्र की महत्वपूर्ण भागीदारी है, लेकिन विडंबना यह है कि जिस जिले के संसाधनों से प्रदेश समृद्ध हो रहा है, उसी जिले का गरीब आज भी बेहतर इलाज के लिए दर-दर भटकने को मजबूर है।

IMG-20260716-WA0055

मुख्य न्यायमूर्ति उच्च न्यायालय इलाहाबाद ने अन्य न्यायमूर्तिगणों के साथ उच्च न्यायालय परिसर में पौधे का किया रोपण। Read More मुख्य न्यायमूर्ति उच्च न्यायालय इलाहाबाद ने अन्य न्यायमूर्तिगणों के साथ उच्च न्यायालय परिसर में पौधे का किया रोपण।

इसी पीड़ा और अन्याय के खिलाफ राष्ट्रीय नव निर्माण सेना ट्रस्ट द्वारा रॉबर्ट्सगंज विधानसभा के ग्राम पंचायत कोटा में बी एच यू स्तर के सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल तथा कोन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति की मांग को लेकर हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। अभियान का नेतृत्व ट्रस्ट के राष्ट्रीय अध्यक्ष आनन्द पटेल दयालु ने किया।

नगर निगम विस्तार के बाद भी शिक्षक कॉलोनी विकास से वंचित, Read More नगर निगम विस्तार के बाद भी शिक्षक कॉलोनी विकास से वंचित,

IMG-20260716-WA0054

भारतीय किसान यूनियन टिकैत ने राष्ट्रपति के नाम 7 सूत्रीय ज्ञापन तहसीलदार नवाबगंज को सौंपा Read More भारतीय किसान यूनियन टिकैत ने राष्ट्रपति के नाम 7 सूत्रीय ज्ञापन तहसीलदार नवाबगंज को सौंपा

इस अवसर पर उपस्थित ग्रामीणों को संबोधित करते हुए आनन्द पटेल दयालु ने कहा कि यह किसी व्यक्ति या संगठन की नहीं, बल्कि सोनभद्र के गरीब, मजदूर, किसान और आम जनता के जीवन और अधिकार की लड़ाई है। श्री दयालु ने कहा कि जब तक सोनभद्र के अंतिम पंक्ति में बैठे हुए व्यक्ति को न्याय नहीं दिला देते, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।

आगे उन्होंने कहा कि सोनभद्र प्रदेश को बिजली , बालू , पत्थर, कोयला , एल्यूमिनियम , सीमेंट और सबसे अधिक राजस्व देने वाले जिलों में शामिल है, लेकिन यहां के लोगों को बेहतर अस्पताल और पर्याप्त विशेषज्ञ डॉक्टर नहीं मिलते। बतादें कि कोन क्षेत्र के लोगों को सामान्य इलाज के लिए भी लगभग 70 किलोमीटर दूर रॉबर्ट्सगंज जाना पड़ता है।

यदि मरीज की स्थिति गंभीर हो जाए तो लगभग 160 किलोमीटर दूर वाराणसी जाना पड़ता है, जहां घंटों लाइन में लगने के बाद भी समय पर इलाज और बेड मिलना सुनिश्चित नहीं होता।कई गरीब परिवार आर्थिक तंगी और स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव में अपने परिजनों को खो देते हैं। यह स्थिति किसी भी सभ्य समाज के लिए चिंताजनक है। इसलिए सोनभद्र को उसके अधिकार के अनुरूप आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं मिलनी चाहिए।

इसी क्रम में राष्ट्रीय नव निर्माण सेना ट्रस्ट के प्रदेश अध्यक्ष जनाब महताब आलम ने कहा कि सोनभद्र प्रदेश को भारी राजस्व देने वाला जिला होने के बावजूद स्वास्थ्य सुविधाओं के मामले में अत्यंत पिछड़ा हुआ है। जिले में दो अनुसूचित जनजाति आरक्षित विधानसभा क्षेत्र हैं और यहां का बड़ा वर्ग आर्थिक रूप से कमजोर है।

आगे उन्होंने कहा कि शक्तिनगर सहित दूरस्थ क्षेत्रों के लोगों को इलाज के लिए 200 किलोमीटर से अधिक की दूरी तय करनी पड़ती है। कई बार समय पर इलाज न मिलने के कारण लोगों की जान तक चली जाती है। ऐसे में सोनभद्र में बी एच यू स्तर का सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल और सभी प्रमुख विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।

हस्ताक्षर अभियान में ग्रामीणों, महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। लोगों ने अपने हस्ताक्षर और मोबाइल नंबर दर्ज कर इस जनआंदोलन को समर्थन दिया तथा बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं की मांग को मजबूती प्रदान की।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से चंद्रशेखर सिंह पटेल, विकास कुमार गौड़ (प्रदेश सचिव), डॉ. प्रभाकर सिंह, रविंद्र कुमार शर्मा (जिला संगठन मंत्री), उमाशंकर शर्मा, अयोध्या प्रसाद, अमरेश सिंह सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

अंत में उपस्थित लोगों ने संकल्प लिया कि सोनभद्र के प्रत्येक नागरिक को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने और जिले को उसका अधिकार दिलाने के लिए यह जनआंदोलन लगातार जारी रहेगा।सोनभद्र को उसका अधिकार दो — बी एच यू स्तर का अस्पताल दो।अस्पताल हमारा अधिकार है, संघर्ष हमारा संकल्प है।

Post Comments

Comments

संबंधित खबरें

नवीनतम समाचार