एसडीएम ने किया साधन सहकारी समितियां का निरीक्षण मिली खामियां 

किसानों की फार्मर आईडी में लेखपालों द्वारा किसने की न्यूनतम जमीन दरसाई गई है जिसके कारण खतौनी लेकर जाना पड़ रहा है

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बरेली/नवाबगंज  एसडीम उदित पवार ने किसानों को खाद की किल्लत को देखते हुए विकासखंड भदपुरा के निरीक्षण को निकले उन्होंने क्यों लड़ियां पहुंचकर साधन सहकारी समिति पर किसानों से वार्ता की किसानों के द्वारा बताया गया समितियां पर खाद लेने के लिए आकर अपने कागज जमा कर देते हैं और लाइन में लगे रहते हैं शाम को कह दिया जाता है की अब मशीन काम नहीं कर रही है।
 
 अपने-अपने कागज ले जाओ कई कई दिनों तक समितियां पर सचिव लोग उपस्थित नहीं होते हैं जिसके कारण किसानों को गन्ने की फसल में यूरिया खाद लेने के लिए भारी संकट का सामना करना पड़ रहा है निजी दुकानदारों के पास जाने पर अन्य सामग्री सौंप दी जाती है जिसकी कीमत यूरिया के बोरा से कहीं अधिक है जिसके कारण किसानों को संकट का सामना करना पड़ रहा है।
 
 एसडीएम पवार द्वारा क्यों लड़ियां समिति पर ही सचिव एवं किसानों के बीच बैठकर उन्होंने निर्देशित किया खाद्य वितरण में किसी भी तरह की धांधली बरती गई तो निश्चित तौर पर बड़ी कार्यवाही की जाएगी किसानों को उनके मानक के अनुसार यूरिया खाद उपलब्ध कराई जाए इसमें किसी भी तरह की शिकायत मिलती है ।
 
तो इसे गंभीरता द्वारा लिया जाएगा और जिलाधिकारी की तरफ से बड़ी कार्यवाही की जाएगी इसलिए व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाया जाए उन्होंने ग्रामीणों को स्वस्थ किया यदि अब किसी तरह की गड़बड़ी होने पर वह शिकायत करें संबंधित के विरुद्ध जांच करवा कर शीघ्र कार्यवाही की जाएगी।
 
 इसी दौरान उन्होंने परसरामपुर सदर सहकारी समिति का भी निरीक्षण किया वहां पर भी लोगों ने छुट फुट शिकायत की गई एसडीएम द्वारा वहां भी सचिव को चेतावनी दी गई मानक के अनुरूप किसानों को खाद्य शीघ्र उपलब्ध कराई जाए इस समय किसानों को खाद की आवश्यकता है यदि इसमें लापरवाही की गई तो जिम्मेदारों को इसका खामियाजा उठाना पड़ेगा इसके साथ ही उन्होंने निजी दुकानों पर भी फोकस किया।
 
 सब कुछ नॉर्मल मिलने के बाद एसडीएम द्वारा खाद वितरण पर लेखपालों को भी नजर रखने की बात कही गई इसी क्रम में किसानों द्वारा एक बड़ी समस्या का खुलासा किया गया किसानों द्वारा बनवाई गई फार्मर आईडी में संबंधित लेखपालों ने किसानों की कृषि योग्य भूमि को न्यूनतम स्तर पर ही दर्ज किया है जिसके कारण किसानों को खाद लेने के लिए फार्मर आईडी के साथ अपनी जमीन की खतौनी निकलवा कर भी ले जाना पड़ रही है यह बड़ी समस्या होने पर इसे किसने की संबंधित भूमि को उनकी फार्मर आईडी में दर्ज 

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