बिहार में खाकी एक वार फिर शर्मसार:
बीपीएससी अभ्यर्थी की पिटाई और रिश्वत मामले में महिला दारोगा सस्पेंड
पटना ,बिहार ब्यूरो
बिहार के सहरसा जिले में पुलिस विभाग को शर्मसार करने वाले मामले में एसपी ने बड़ी कार्रवाई की है। बीपीएससी अभ्यर्थी प्रवेश कुमार को आधी रात घर से उठाकर मारपीट करने और रिश्वत लेकर छोड़ने के आरोप में महिला सब-इंस्पेक्टर शिल्पी कुमारी को निलंबित कर दिया गया है। सहरसा एसपी हिमांशु ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल प्रभाव से कार्रवाई की।
बताया जा रहा है कि बीते दिनों बलवाहाट थाना पुलिस की कथित बर्बरता की खबर सामने आने के बाद पुलिस महकमे की काफी किरकिरी हुई थी। एसपी ने इसे अनुशासनहीनता और भ्रष्टाचार का गंभीर मामला मानते हुए कार्रवाई की, जिसके बाद विभाग में हड़कंप मच गया है। जानकारी के अनुसार, 16 मई की रात बलवाहाट थाना में तैनात एसआई शिल्पी कुमारी ने बख्तियारपुर थाना क्षेत्र के भटपुरा गांव निवासी प्रवेश कुमार को उसके घर से उठा लिया था। प्रवेश कुमार बीपीएससी का अभ्यर्थी बताया जा रहा है। परिजनों का आरोप है कि छात्र को बिना किसी वारंट या स्पष्ट आरोप के घर से उठाकर थाने ले जाया गया, जहां उसके साथ अपराधियों की तरह बेरहमी से मारपीट की गई।
मारपीट में घायल होने के बाद प्रवेश कुमार की हालत बिगड़ गई, जिसके बाद उसे इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। परिजनों ने आरोप लगाया है कि छात्र को छोड़ने के बदले 50 हजार रुपये की मांग की गई थी और बाद में 10 हजार रुपये रिश्वत लेने के बाद उसे छोड़ा गया। इस मामले का सबसे चौंकाने वाला पहलू यह रहा कि बलवाहाट थानाध्यक्ष राजू कुमार को भी इस कार्रवाई की जानकारी नहीं थी। बताया जा रहा है कि थाने के रोजनामचे में छात्र के खिलाफ कोई मामला दर्ज नहीं था, जिससे महिला दारोगा की कार्यशैली और मनमानी पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
मामले की जांच सिमरी बख्तियारपुर के एसडीपीओ मुकेश कुमार ठाकुर को सौंपी गई है। एसडीपीओ ने बताया कि मीडिया में मामला सामने आने के बाद प्रारंभिक रिपोर्ट एसपी को भेजी गई थी, जिसके आधार पर निलंबन की कार्रवाई की गई। अब विस्तृत जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। एसपी हिमांशु शर्मा ने कहा है कि पुलिस की छवि खराब करने वाले किसी भी अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा। विभागीय जांच में दोषी पाए जाने पर महिला दारोगा शिल्पी कुमारी के खिलाफ और भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।


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