माइक्रोसॉफ्ट में स्वैच्छिक निकास योजना शुरू, भारत समेत चार देशों के 60 हजार कर्मचारी हो सकते हैं प्रभावित

एआई पर बढ़ते निवेश के बीच कंपनी का कदम, पात्र कर्मचारियों को वित्तीय सहायता के साथ नौकरी छोड़ने का विकल्प

Abhinav Shukla Picture
Published On

                       स्वतंत्र प्रभात

वॉशिंगटन। दुनिया की प्रमुख टेक्नोलॉजी कंपनियों में शामिल माइक्रोसॉफ्ट ने भारत, अमेरिका, कनाडा और ब्रिटेन में अपने कर्मचारियों के लिए स्वैच्छिक निकास कार्यक्रम शुरू किया है। इस योजना के दायरे में कंपनी के करीब 60 हजार कर्मचारी आ सकते हैं। कंपनी यह कदम ऐसे समय उठा रही है, जब वह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), डेटा सेंटर और तकनीकी बुनियादी ढांचे पर बड़े पैमाने पर निवेश कर रही है।

कंपनी की एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट और चीफ पीपल ऑफिसर एमी कोलमैन ने कर्मचारियों को भेजे गए संदेश और आधिकारिक ब्लॉग के माध्यम से इस सीमित अवधि के कार्यक्रम की जानकारी दी। इसके तहत पात्र कर्मचारियों को वित्तीय सहायता और करियर योजना से जुड़े संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे, ताकि वे स्वेच्छा से कंपनी छोड़ने का निर्णय ले सकें।

चार देशों के कर्मचारियों के लिए योजना

यह कार्यक्रम भारत, अमेरिका, कनाडा और यूनाइटेड किंगडम में लेवल-70 या उससे नीचे के पात्र कर्मचारियों के लिए उपलब्ध होगा। हालांकि, माइक्रोसॉफ्ट ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि कुल कितने कर्मचारी इस योजना के लिए पात्र हैं और भारत में कितने लोगों को इसका विकल्प मिलेगा।

रिपोर्टों के मुताबिक, करीब 60 हजार कर्मचारी इस योजना के संभावित दायरे में आ सकते हैं। यह संख्या माइक्रोसॉफ्ट के लगभग 2.23 लाख कर्मचारियों की कुल संख्या का करीब 27 प्रतिशत है। हालांकि, इसका अर्थ यह नहीं है कि इतने कर्मचारियों की नौकरी जाना तय है। यह स्वैच्छिक कार्यक्रम है, जिसके तहत पात्र कर्मचारी कंपनी छोड़ने का विकल्प चुन सकते हैं।

सलमान खान ने पैपराजी को फिर दी नसीहत, बोले- इतनी इज्जत तो दे ही सकते हो; करीना और रश्मिका ने भी बटोरी सुर्खियां Read More सलमान खान ने पैपराजी को फिर दी नसीहत, बोले- इतनी इज्जत तो दे ही सकते हो; करीना और रश्मिका ने भी बटोरी सुर्खियां

सभी विभागों पर लागू नहीं होगी योजना

कंपनी ने स्पष्ट किया है कि सभी टीमों को इस कार्यक्रम में शामिल नहीं किया गया है। अलग-अलग विभागों की भागीदारी व्यावसायिक जरूरतों, ग्राहकों के प्रति प्रतिबद्धताओं और कार्यबल की आवश्यकताओं के आधार पर तय की गई है।

डिजिटल चाबी में कहां हुई चूक? ई-मुद्रा की सुरक्षा खामी से वैश्विक स्तर पर बढ़ी चिंता Read More डिजिटल चाबी में कहां हुई चूक? ई-मुद्रा की सुरक्षा खामी से वैश्विक स्तर पर बढ़ी चिंता

रिपोर्टों के अनुसार, कोपायलट, कोरएआई, विंडोज एंड डिवाइसेज, एक्सबॉक्स, फाइनेंस और मानव संसाधन जैसी टीमें इस योजना के दायरे में शामिल हैं। वहीं, मार्केटिंग, कमर्शियल बिजनेस, क्वांटम और सिक्योरिटी टीमों को इससे बाहर रखा गया है।

सऊदी अरब में हमले से भारतीय नागरिक की मौत, दम्माम एयरपोर्ट पर आठ लोग घायल Read More सऊदी अरब में हमले से भारतीय नागरिक की मौत, दम्माम एयरपोर्ट पर आठ लोग घायल

कर्मचारियों को दिसंबर में इस प्रस्ताव पर अपना निर्णय लेना होगा। योजना स्वीकार करने वाले कर्मचारियों की कंपनी से विदाई 31 दिसंबर को निर्धारित की गई है।

एआई निवेश के बीच लागत और कार्यबल पर ध्यान

माइक्रोसॉफ्ट इन दिनों एआई तकनीक, डेटा सेंटर और कंप्यूटिंग क्षमता बढ़ाने के लिए बड़े निवेश कर रही है। कंपनी के उत्पादों में एआई आधारित सुविधाओं का विस्तार भी उसकी रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

ऐसे में स्वैच्छिक निकास कार्यक्रम को कंपनी के कार्यबल और खर्चों के प्रबंधन से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, कंपनी ने इस योजना के पीछे के सभी वित्तीय और संगठनात्मक कारणों का विस्तृत खुलासा नहीं किया है।

पहले भी कर्मचारियों की संख्या घटाने की योजना बनी

माइक्रोसॉफ्ट ने इससे पहले जुलाई में एक्सबॉक्स और कमर्शियल सेल्स टीमों में लगभग 4,800 कर्मचारियों की छंटनी की योजना की घोषणा की थी। अब स्वैच्छिक निकास कार्यक्रम के जरिए कंपनी पात्र कर्मचारियों को अपनी इच्छा से नौकरी छोड़ने का विकल्प दे रही है।

इस योजना का वास्तविक असर इस बात पर निर्भर करेगा कि कितने कर्मचारी प्रस्ताव स्वीकार करते हैं और कंपनी आगे अपने विभागों तथा कार्यबल की संरचना में क्या बदलाव करती है। भारत में पात्र कर्मचारियों की संख्या को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही इसके संभावित प्रभाव का स्पष्ट आकलन किया जा सकेगा।

 

 

About The Author

Post Comments

Comments

संबंधित खबरें