संजय सिंह आचार संहिता उल्लंघन मामले में

कोर्ट में गवाहों से हुई जिरह, अगली सुनवाई 12 मार्च को

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 सुल्तानपुर 

आम आदमी पार्टी (आप) के सांसद संजय सिंह से जुड़े एक पुराने मामले की सुनवाई शुक्रवार को सुल्तानपुर की एमपी/एमएलए कोर्ट में हुई। 

 

 

अधिवक्ता मदन सिंह ने बताया कि आज की सुनवाई में साक्ष्य प्रस्तुत किए जाने थे। एफआईआर लेखक अजीत कुमार कोर्ट में पेश हुए और अपना बयान दर्ज कराया, जिसके बाद बचाव पक्ष (संजय सिंह के वकील) ने उनसे जिरह की। मुकदमे के जांच अधिकारी अनूप कुमार सिंह भी कोर्ट में उपस्थित थे, जिनकी मुख्य परीक्षा पहले ही संपन्न हो चुकी है। अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई 12 मार्च को निर्धारित की है, जिसमें जिरह की प्रक्रिया जारी रहेगी।

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यह मामला बंधुआकला क्षेत्र में त्रि-स्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन से संबंधित है। घटना 13 अप्रैल 2021 की है। आरोप है कि पंचायत चुनाव के दौरान बंधुआकलां थाने के हसनपुर गांव में जिला पंचायत सदस्य सलमा बेगम के समर्थन में बिना अनुमति के एक सभा आयोजित की गई थी।

 

पुलिस ने इस संबंध में संजय सिंह सहित 12 नामजद और 45 अज्ञात समर्थकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। जांच पूरी होने के बाद मकसूद अंसारी, सलीम अंसारी और जगदीश यादव समेत कुल 11 लोगों को आरोपी बनाया गया।

 

इस मामले में अन्य आरोपियों को पहले ही जमानत मिल चुकी थी। संजय सिंह के लगातार गैरहाजिर रहने के कारण कोर्ट ने उनके खिलाफ जमानती वारंट जारी किया था। जुलाई 2024 में उन्होंने अदालत में आत्मसमर्पण किया, जिसके बाद उन्हें 20 हजार रुपये के दो जमानत मुचलके और निजी मुचलका दाखिल करने पर रिहा कर दिया गया था।

 

इससे पहले, जून में विशेष कोर्ट ने आरोपियों के अधिवक्ता द्वारा दायर डिस्चार्ज अर्जी को खारिज कर दिया था। अदालत ने आरोप पत्र स्वीकार करते हुए आरोप तय किए थे।

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