फीचर्ड

जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक की मौजूदगी में ड्रोन एवं पर्याप्त पुलिस बल की निगरानी में रॉबर्ट्सगंज क्षेत्रान्तर्गत ताजिया जुलूस सकुशल सम्पन्न
सपा कार्यालय पर रवि सिंह का हुआ भव्य सम्मान, पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने दी एक लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि
48 घंटे बाद सोन नदी से तीसरे युवक का शव बरामद, तीन मौतों से मीतापुर क्षेत्र में पसरा मातम
एनटीपीसी धन्वन्तरि अस्पताल में रक्तदान शिविर आयोजित, केऔसुब जवानों ने किया रक्तदान
लखनऊ अग्निकांड के दिवंगत छात्रों को दुद्धी में दी गई भावभीनी श्रद्धांजलि: मासूम छात्रों की याद में उमड़ा जनसैलाब

नाबालिग स्टूडेंट को बुर्का पहनाने और धर्म परिवर्तन के लिए दबाव के आरोपी स्टूडेंट को इलाहाबाद हाईकोर्ट से मिली अग्रिम जमानत

उसमें आरोप लगाया गया कि आरोपी ने उसकी नाबालिग बहन का धर्म परिवर्तन कराने के उद्देश्य से उसका ब्रेनवॉश किया

Swatantra Prabhat UP Picture
Published On

ब्यूरो प्रयागराज। इलाहाबाद।हाईकोर्ट ने स्कूली स्टूडेंट को अग्रिम जमानत दी, जिस पर आरोप है कि उसने नाबालिग स्टूडेंट का कथित रूप से ब्रेनवॉश कर उसे बुर्का पहनने और इस्लाम धर्म अपनाने के लिए दबाव डाला। जस्टिस अवनीश सक्सेना की पीठ ने आरोपी स्टूडेंट मालिश्का उर्फ मालिश्का फातमा को राहत देते हुए कहा कि पीड़िता के बयान के अतिरिक्त रिकॉर्ड पर ऐसा कोई अन्य ठोस साक्ष्य नहीं है, जिससे आरोपी की संलिप्तता प्रथम दृष्टया स्थापित हो सके।

आरोपी के खिलाफ उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम की धारा 3 और 5(1) के तहत मामला दर्ज किया गया। FIR पीड़िता के भाई ने दर्ज कराई। उसमें आरोप लगाया गया कि आरोपी ने उसकी नाबालिग बहन का धर्म परिवर्तन कराने के उद्देश्य से उसका ब्रेनवॉश किया। यह भी कहा गया कि 20 दिसंबर 2025 को उसे जबरन बुर्का दिया गया और लगातार धर्म बदलने का दबाव बनाया गया।

राज्य सरकार की ओर से अग्रिम जमानत का विरोध करते हुए कहा गया कि पीड़िता के बयान से स्पष्ट है कि उस पर धर्म परिवर्तन के लिए दबाव डाला जा रहा था। FIR दर्ज करने में देरी के संबंध में यह दलील दी गई कि पीड़िता आरोपी के प्रभाव में थी, इसलिए जानकारी मिलने में समय लगा।

वहीं आरोपी की ओर से कहा गया कि वह पीड़िता से पहले से उसी विद्यालय में पढ़ रही थी और उसके खिलाफ किसी अन्य छात्रा को धर्म परिवर्तन के लिए दबाव डालने की कोई शिकायत नहीं है। अदालत को यह भी बताया गया कि मामले के मुख्य आरोप सह-अभियुक्त अलीना के खिलाफ हैं, जिसे हाईकोर्ट की समन्वय पीठ पहले ही अग्रिम जमानत दे चुकी है।

घाटमपुर के ओवरब्रिज का स्लैब टूटा Read More घाटमपुर के ओवरब्रिज का स्लैब टूटा

पीठ ने पाया कि आरोपी का कोई आपराधिक इतिहास नहीं है और पीड़िता के बयान के अलावा उसके खिलाफ अन्य स्वतंत्र साक्ष्य उपलब्ध नहीं हैं। साथ ही अदालत ने माना कि आरोपी के फरार होने की संभावना कम है तथा उसने जांच और ट्रायल में सहयोग का आश्वासन दिया है। इन परिस्थितियों को देखते हुए हाईकोर्ट ने आरोपी स्टूडेंट को अग्रिम जमानत दी।।

सपा ‘सामाजिक न्याय यात्रा’ एवं पीडीए पंचायत का दो दिवसीय कानपुर दौरा  से संपन्न  Read More सपा ‘सामाजिक न्याय यात्रा’ एवं पीडीए पंचायत का दो दिवसीय कानपुर दौरा  से संपन्न 

About The Author

Post Comments

Comments

संबंधित खबरें

नवीनतम समाचार