शिक्षामित्र सम्मान समारोह में 18 हजार मानदेय पर दी बधाई

इसके साथ ही विभिन्न विद्यालयों के बच्चों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर उत्साहपूर्ण बना दिया

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प्रयागराज । जनपद के जिला पंचायत सभागार में मंगलवार को आयोजित शिक्षामित्र सम्मान समारोह का आयोजन किया गयाजिसमे प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य शामिल हुए। कार्यक्रम में उन्होंने शिक्षामित्रों को सम्मानित करते हुए उनके मानदेय को 18 हजार रुपये प्रतिमाह किए जाने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
 
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री ने मंच से 27 शिक्षामित्रों को बढ़े हुए मानदेय का प्रतीकात्मक चेक प्रदान कर सम्मानित किया। कार्यक्रम में योगी आदित्यनाथ द्वारा गोरखपुर में आयोजित शिक्षामित्र सम्मान समारोह का सजीव प्रसारण भी किया गया, जिसे उपस्थित लोगों ने देखा।
 
कार्यक्रम से पूर्व उपमुख्यमंत्री ने बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित प्राथमिक विद्यालयों के बच्चों की चित्र प्रदर्शनी का अवलोकन किया। इसके साथ ही विभिन्न विद्यालयों के बच्चों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर उत्साहपूर्ण बना दिया।
 
अपने संबोधन में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि नए वित्तीय वर्ष 2026-27 से शिक्षामित्रों को 18 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय मिलेगा तथा कैशलेस चिकित्सा सुविधा भी प्रदान की गई है। उन्होंने शिक्षामित्रों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में उनकी अहम भागीदारी है।
 
उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले लोग सरकारी स्कूलों में बच्चों को पढ़ाने से कतराते थे, लेकिन मुख्यमंत्री के नेतृत्व में ‘ऑपरेशन कायाकल्प’ के तहत विद्यालयों में व्यापक सुधार हुए हैं। अब अभिभावक निजी स्कूलों के बजाय सरकारी स्कूलों की ओर रुख कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि डीबीटी के माध्यम से बच्चों को ड्रेस, जूते आदि के लिए आर्थिक सहायता सीधे खाते में भेजी जा रही है।
 
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि “डबल इंजन सरकार” बिना किसी भेदभाव के सभी वर्गों के विकास के लिए प्रतिबद्ध है। युवाओं को रोजगार और सरकारी नौकरियों में पारदर्शिता के साथ अवसर दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य में युवाओं की भूमिका निर्णायक होगी।
 
इस अवसर पर फूलपुर के सांसद प्रवीण पटेल ने शिक्षामित्रों को प्राथमिक शिक्षा की रीढ़ बताते हुए कहा कि वे बच्चों के नामांकन और शिक्षा में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। उन्होंने मानदेय वृद्धि पर सभी शिक्षामित्रों को शुभकामनाएं दीं और महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए सरकार की योजनाओं की सराहना की।
 
जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वी.के. सिंह ने शिक्षामित्रों को बच्चों को बेहतर शिक्षा देकर उन्हें आदर्श नागरिक बनाने का आह्वान किया। वहीं जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने शिक्षामित्र योजना के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए बताया कि वर्ष 1999 में शुरू हुई इस योजना के तहत प्रदेश में लगभग 1.43 लाख शिक्षामित्रों की नियुक्ति की गई थी। प्रयागराज में कुल 2834 शिक्षामित्र कार्यरत हैं, ।
 
कार्यक्रम के अंत में मुख्य विकास अधिकारी हर्षिका सिंह ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, शिक्षा विभाग के कर्मियों और बड़ी संख्या में शिक्षामित्रों की उपस्थिति रही।

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