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ओबरा की बेटी ने रचा इतिहास, सुश्री श्रुति ओला बनीं आईएएस अफसर
ओबरा की बेटी का ऐतिहासिक गौरव, सुश्री श्रुति ओला बनीं आईएएस अधिकारी
अजित सिंह/ राजेश तिवारी ( ब्यूरो रिपोर्ट)
ओबरा /सोनभद्र-
जनपद सोनभद्र के औद्योगिक नगर ओबरा के लिए आज का दिन स्वर्णिम अक्षरों में लिखा जाएगा। चोपन रोड निवासी सुश्री श्रुति ओला जी ने अपनी कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प के बल पर भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में चयनित होकर न केवल अपने परिवार का, बल्कि पूरे जनपद का मान बढ़ाया है। ओबरा के इतिहास में यह दूसरी बार है जब किसी स्थानीय प्रतिभा ने देश की इस सर्वोच्च सेवा में स्थान प्राप्त किया है।

इस उपलब्धि पर क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। सामाजिक प्रगति परिषद के आयोजक अरविंद सोनी एवं ओम संकट मोचन झा, तथा किड्स केयर के अध्यापक कुमार सौरव ने श्रुति ओला को उनके घर पहुँचकर उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि श्रुति की यह सफलता ओबरा के हर उस विद्यार्थी के लिए एक मिशाल है, जो सीमित संसाधनों में बड़े सपने देखता है।
श्रुति ओला के नगर आगमन पर उत्साह का अभूतपूर्व नजारा देखने को मिला। नगर में प्रवेश करते ही सबसे पहले प्रमुख आस्था केंद्र माँ शारदा शक्ति पीठ पर उनका भव्य स्वागत किया गया। श्रुति ने माँ शारदा के चरणों में मत्था टेककर आशीर्वाद लिया, जिसके बाद परिजनों, मित्रों और नगरवासियों ने उन्हें फूल-मालाओं से लाद दिया।
स्वागत समारोह के दौरान स्थानीय नागरिकों और शुभचिंतकों ने एक भावपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किया। इस अवसर पर उन्हें प्रभु श्री राम का चित्र भेंट कर उनके सफल एवं लोक-कल्याणकारी कार्यकाल की कामना की गई। पुष्प गुच्छ देकर उनकी कड़ी तपस्या और सफलता का अभिनंदन किया गया।
नगरवासियों ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि श्रुति ने यह साबित कर दिया है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और इरादे नेक, तो कोई भी बाधा बड़ी नहीं होती। ओबरा की शान और नगर की छोटी बहन के रूप में संबोधित करते हुए सोशल मीडिया से लेकर सड़कों तक उन्हें बधाई देने वालों का ताँता लगा हुआ है।
श्रुति ओला की यह सफलता केवल एक पद की प्राप्ति नहीं, बल्कि ओबरा के युवाओं के लिए एक नई उम्मीद की किरण है।श्रुति ओला जी को इस शानदार उपलब्धि पर हार्दिक बधाई। आशा है कि वे अपने प्रशासनिक सेवाकाल में समाज और राष्ट्र की उन्नति में अपना ऐतिहासिक योगदान देंगी।

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