महिला टीचर ने छात्रा को मारा था थप्पड़, कोर्ट ने सुनाई तीन साल की सजा

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ब्यूरो प्रयागराज, गुजरात के गांधीनगर में एक स्टूडेंट को पीटने के मामले में कोर्ट ने महिला टीचर को तीन साल तीन महीने की जेल की सजा सुनाई है. साल 2020 में सेक्टर-28 में स्थित वसंतकुंवर बा स्कूल में होमवर्क न करने जैसी बात पर टीचर पारुलबेन ने क्लास 9 में पढ़ाई करने वाली स्टूडेंट को थप्पड़ मारा था, जिसके कारण स्टूडेंट का कान का पर्दा फट गया था.

 

कोर्ट ने नोट किया कि टीचर का किया गया यह हमला क्रूरता की श्रेणी में आता है. टीचर ने सत्ता का दुरुपयोग और मासूम स्टूडेंट पर की गई शारीरिक हिंसा गंभीर बात होने का कोर्ट ने अवलोकन किया था. कोर्ट ने टीचर को तीन साल और तीन महीने की जेल की सजा के साथ 50 हजार का जुर्माना भी लगाया था.

साल 2020 के मामले में कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है. टीचर के मारने से स्टूडेंट का कान का पर्दा फट गया था. टीचर को जेल की सजा सहित 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है. दावा किया जा रहा है कि स्टूडेंट की सुनने की शक्ति पर गंभीर असर हुआ था. जुर्माने की राशि स्टूडेंट को मुआवजे के तौर पर चुकाने का आदेश दिया गया है.

जस्टिस हिमांशु चौधरी ने फैसला सुनाते हुए कहा कि टीचर के सत्ता का दुरुपयोग और मासूम बच्चे पर की गई शारीरिक हिंसा गंभीर बात है, जो भविष्य में दूसरों के लिए उदाहरण बनेगी. कोर्ट ने नोट किया कि यह हमला 'क्रूरता' की श्रेणी में आता है और यह गंभीर चोट पहुंचाना और जुवेनाइल जस्टिस एक्ट की धारा 75 के तहत अपराध बनता है.

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कोर्ट ने इस घटना को बच्चों के अधिकारों और स्कूल में सुरक्षित वातावरण के उल्लंघन के रूप में गंभीरता से लिया था. शिक्षा के नाम पर बच्चों पर शारीरिक अत्याचार सहन नहीं किया जा सकता. यह सजा टीचरों के लिए एक बड़ा संदेश है कि बच्चों के साथ होने वाली किसी भी प्रकार की हिंसा को सहन नहीं किया जाएगा. 

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