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Six Lane Expressway: यूपी में इस हाईवे को बनाया जाएगा सिक्स लेन, 3000 करोड़ रुपये होंगे खर्च
Six Lane Expressway: यूपी के परतापुर से हरिद्वार होते हुए देहरादून तक पुराने एनएच 58 मार्ग पर यातायात का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है। विशेषकर शनिवार और रविवार को इस मार्ग पर वाहनों की संख्या इतनी बढ़ जाती है कि कई स्थानों पर जाम लगना आम बात हो गई है। अब इस समस्या से छुटकारा मिलने वाला है।
केंद्रीय सड़क और परिवहन मंत्रालय के आदेश पर एनएचएआइ ने इस मार्ग के परतापुर से मुजफ्फरनगर के रामपुर तिराहा तक के हिस्से के सिक्स-लेन चौड़ीकरण की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके लिए कंसलटेंट एजेंसी द्वारा ड्रोन सर्वे अंतिम चरण में है।
हाईवे पर यातायात की भीड़, वीकेंड पर बढ़ती परेशानी
दिल्ली से मेरठ होते हुए देहरादून जाने वाला पुराना एनएच 58 अब राष्ट्रीय राजमार्ग का दर्जा प्राप्त कर चुका है। इस मार्ग पर रोजाना गुजरने वाले वाहनों की संख्या तेजी से बढ़ रही है।
वीकेंड पर दिल्ली, नोएडा और गाजियाबाद से हजारों लोग पहाड़ी क्षेत्रों में पर्यटन और अवकाश के लिए इसी मार्ग से जाते हैं। इस कारण शुक्रवार शाम से ही जाम की स्थिति बन जाती है, जो सोमवार सुबह तक बनी रहती है।
Read More Maritime India–Empowering Progress” विषय पर एक महत्वपूर्ण तकनीकी व्याख्यान का आयोजन किया गयासाथ ही मंसूरपुर के पास मार्केट, चीनी मिल और मेडिकल कालेज के आसपास भी वाहनों की भारी भीड़ रहती है। इन स्थितियों में मार्ग पर नियमित जाम लगना आम हो गया है।
सिक्स-लेन चौड़ीकरण से जाम की समस्या होगी दूर
केंद्रीय सड़क और परिवहन मंत्रालय ने इस समस्या के समाधान के लिए परतापुर से रामपुर तिराहा (लगभग 80 किमी) तक इस मार्ग को सिक्स लेन चौड़ा करने का निर्णय लिया है।
एनएचएआइ ने मैसर्स एफपी इंडिया प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कंसल्टेंसी सर्विस प्राइवेट लिमिटेड को परियोजना के लिए तैनात किया है। परियोजना प्रमुख रामपाल सिंह सैनी के अनुसार, ड्रोन सर्वे अब अंतिम चरण में है। सर्वे के आंकड़ों के आधार पर मार्च 2026 तक डीपीआर तैयार कर मंत्रालय को सौंप दी जाएगी।
प्रत्येक चौराहे पर अंडरपास, मंसूरपुर में एलीवेटेड रोड
सिक्स लेन चौड़ीकरण के तहत लगभग 20 नए अंडरपास बनाए जाएंगे। अधिकांश मार्ग पर सर्विस रोड भी विकसित की जाएगी।
मंसूरपुर में हाईवे के दोनों ओर मार्केट, चीनी मिल और मेडिकल कालेज होने के कारण यहां विशेष जाम की स्थिति बनी रहती है। इस क्षेत्र में डेढ़ किलोमीटर लंबी एलीवेटेड सड़क बनाई जाएगी और पुराने फ्लाईओवर को चौड़ा करके डबल किया जाएगा। इस परियोजना के लिए लगभग 3,000 करोड़ रुपए का खर्च आने का अनुमान है।
मार्च 2026 तक डीपीआर तैयार होगी। डीपीआर बनने के बाद परियोजना को डेढ़ साल में पूरा कर लिया जाएगा। परियोजना के लिए कुछ जमीन का अधिग्रहण भी किया जाएगा।
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संदीप कुमार मीडिया जगत में पिछले 2019 से ही सक्रिय होकर मीडिया जगत में कार्यरत हैं। अख़बार के अलावा अन्य डिजिटल मीडिया के साथ जुड़े रहे हैं। संदीप का पॉलिटिकल न्यूज, जनरल न्यूज में अनुभव रहा है। साथ ही ऑनलाइन खबरों में काफी अनुभव है l


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