राजनीति
भारत
एसआईआर प्रक्रिया में आयोग की जल्दबाजी से कट रहे हैं वैध मतदाताओं के नाम- प्रमोद तिवारी
प्रतापगढ़। राज्यसभा में विपक्ष के उपनेता प्रमोद तिवारी ने एसआईआर प्रक्रिया में निर्वाचन आयोग की गलतियों पर शनिवार को यहां तगड़ी घेराबंदी की है। उन्होने कहा कि एसआईआर को जल्दबाजी में पूरा कराने की आयोग की जिद के चलते वह लगातार गलतियां पर गलतियां कर रहा है। सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने हमेशा यह सुझाव दिया था कि एसआईआर की प्रक्रिया इतने कम समय में पूरी कराना सम्भव नहीं हो है।
उन्होने कहा कि तमाम मतदाताओं का नाम सूची से न कट सके इसके लिए इस प्रक्रिया को कम से कम चार से पांच साल तक जारी रखना चाहिए। उन्होने आरोप लगाया कि अहंकार में डूबी भाजपा के इशारे पर आयोग इतने कम समय में निर्वाचन आयोग ने यह प्रक्रिया पूरी कराने पर आमादा रहा। शनिवार को पत्रकार वार्ता में उन्होने कहा कि अब स्वयं आयोग को कई चरणों में यह प्रक्रिया आगे बढ़ानी पड़ रही है।
उन्होने कहा कि निर्वाचन आयोग ने विपक्ष की मांग और सच्चाई पर ध्यान दिया होता तो बार बार जल्दबाजी में उसे यह निर्णय नहीं लेना पड़ता। सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि पहले निर्वाचन आयोग द्वारा एसआईआर की प्रक्रिया जल्दबाजी में पूरी करने की जिद के कारण उत्तर प्रदेश में दो करोड़ नब्बे लाख चिन्हित मतदाताओं की संख्या में कमी आयी। उन्होने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में मतदाताओं की संख्या कम होना दुनिया के कई देशों की जनसंख्या के बराबर है।
सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि सरकार को जब अपनी यह भूल समझ में आयी तब प्रिटिंग फार्म के माध्यम से पोलिंग बूथ पर बहुत से अल्पसंख्यक, अनुसूचित जाति, पिछड़े तबके, प्रवासी मजदूर और दिहाड़ी मजदूरी करने वाले गरीब मजदूरों के नाम काटने के लिए फार्म बांटे गये। उन्होने कहा कि होली या ईद में जो मजदूर साल में एक बार घर आते हैं उनके नाम काटने के लिए फार्म बंटे। सांसद प्रमोद तिवारी ने प्रदेश के लोगों खासकर गृह जनपद प्रतापगढ़ के नागरिकों से लोकतंत्र को बचाने में अपना योगदान जारी रखने पर भी जोर दिया है।
उन्होने कहा कि सभी मतदाताओं को अपने अधिकारों की रक्षा करते हुए हर हाल में मतदाता सूची में वैध मतदाता के नाम शामिल कराने चाहिए। उन्होने कहा कि वैध मतदाताओं का नाम कटने पर ऐसे लोगों को मुफ्त राशन व चिकित्सा तथा शिक्षा जैसे अधिकारों से वंचित किया जा सकता है। सांसद प्रमोद तिवारी ने नोएडा में साफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता की खुले गड्ढे में गिरकर दर्दनाक मौत को व्यवस्था की बदहाली करार दिया।
उन्होने कहा कि दिल्ली में भी प्रशासन की लापरवाही के कारण 25 वर्षीय बाइक सवार युवक कमल की खुले गड्ढे में गिरने से मौत हो गयी। इसके पहले राज्यसभा सदस्य प्रमोद तिवारी ने बाबा घुइसरनाथ धाम में मत्था टेका। यहां उन्होने महाशिवरात्रि पर होने वाले परम्परागत तीन दिवसीय राष्ट्रीय एकता महोत्सव की तैयारियों का भी अवलोकन किया। सांसद प्रमोद तिवारी ने पूरब देउम में कर्नल राधेश्याम मिश्र के निधन पर परिजनों से मिलकर संवेदना जतायी।
देउम में अधिवक्ता विनय शुक्ल की पत्नी तथा मिश्राइनपुर में पूर्व प्रधानाचार्य सुधाकर पाण्डेय की मां के भी निधन पर संवेदना प्रकट की। इस मौके पर प्रतिनिधि भगवती प्रसाद तिवारी, प्रमुख अशोक सिंह बबलू, चेयपर्सन प्रतिनिधि संतोष द्विवेदी, मीडिया प्रभारी ज्ञानप्रकाश शुक्ल, आशीष उपाध्याय, रामबोध शुक्ला, छोटे लाल सरोज, शेरू खां, इं0 सुनील पाण्डेय, त्रिभु तिवारी, रामू मिश्र, पवन सिंह, मुरलीधर तिवारी, टिल्लू सिंह, आदि रहे।

Comments