सोनभद्र का राजनीतिक सितारा अस्त 8 बार के विधायक विजय सिंह गोंड का लखनऊ में निधन

सोनभद्र के दिग्गज सपा नेता विजय सिंह गोंड का निधन 8 बार के विधायक और आदिवासियों की बुलंद आवाज ने ली अंतिम सांस

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अजित सिंह /राजेश तिवारी (ब्यूरो रिपोर्ट) 

सोनभद्र /उत्तर प्रदेश - 

प्रदेश की सियासत और आदिवासी समाज के अधिकारों की लड़ाई लड़ने वाले एक कद्दावर स्तंभ का अंत हो गया है। समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और सोनभद्र की दुद्धी विधानसभा से वर्तमान विधायक विजय सिंह गोंड (71) का गुरुवार को लखनऊ के SGPGI अस्पताल में निधन हो गया। वे पिछले एक वर्ष से किडनी की बीमारी से जूझ रहे थे। विजय सिंह गोंड केवल एक राजनेता नहीं, बल्कि सोनभद्र के जंगलों और पहाड़ों में रहने वाले आदिवासियों की मुखर आवाज थे।

उनके राजनीतिक कौशल का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने दुद्धी विधानसभा क्षेत्र से रिकॉर्ड 8 बार जीत दर्ज की। सपा संरक्षक स्वर्गीय मुलायम सिंह यादव के बेहद करीबी माने जाने वाले विजय सिंह ने उनकी सरकार में राज्यमंत्री के रूप में भी कार्य किया। राजनीति के शुरुआती दौर में उन्होंने तत्कालीन दिग्गज नेता रामप्यारे पनिका को पटखनी देकर प्रदेश की राजनीति में अपनी धमक पैदा की थी। विधायक के निधन की खबर मिलते ही समाजवादी पार्टी के कुनबे में शोक की लहर दौड़ गई।

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विजय सिंह गोंड जी का जाना समाजवादी परिवार के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन शोषितों और आदिवासियों के उत्थान में लगा दिया। जनता का उन पर अटूट प्रेम उनकी 8 बार की जीत का प्रमाण है। परिजनों और पार्टी सूत्रों के अनुसार अंतिम विदाई का कार्यक्रम इस प्रकार है। लखनऊ से सोनभद्र ले जाया जाएगा और DCF कॉलोनी स्थित गोंडवाना भवन में अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा।

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शुक्रवार को दुद्धी के प्रसिद्ध कनहर घाट पर राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। विजय सिंह गोंड के निधन से सोनभद्र ने अपना एक अभिभावक खो दिया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, चाहे सत्ता रही हो या न रही हो, विजय सिंह हमेशा जनता के बीच उपलब्ध रहते थे। उनकी सादगी और संघर्षशील स्वभाव ही उन्हें अन्य नेताओं से अलग बनाता था।

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