निःशुल्क कानूनी सहायता

गरीबों के हिस्से में कानून और अमीरों की झोली में न्याय

संविधान की चौखट पर बराबरी का वादा, लेकिन अदालत की दहलीज पर आर्थिक हैसियत क्यों बन जाती है इंसाफ का पैमाना? भारत का संविधान कहता है कि कानून की नजर में सभी नागरिक बराबर हैं। लेकिन जब यही कानून अदालतों,...
स्वतंत्र विचार  संपादकीय 

पाकुड़ मंडल कारा समेत जिले के आदिवासी बाहुल्य क्षेत्रों में चलाया गया नब्बे दिवसीय गहन विधिक जागरूकता एवं जनसंपर्क अभियान 

पाकुड़, झारखंड:-झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ के तत्वाधान में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडेय के निर्देश पर डालसा सचिव रूपा बंदना किरो के मार्गदर्शन में चल...
राज्य  बिहार/झारखंड