राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ” ने बीएसए वाराणसी से किया मुलाकात

दिवंगत शिक्षकों के आश्रितों को पेंशन व अन्य लाभों के संदर्भ में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के साथ बैठक

आशीष वर्मा
वाराणसी से खास रिपोर्ट

 

त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान कोरोना से संक्रमित होकर व अन्य स्वास्थ्य कारणों से दिवंगत हुए शिक्षकों एवं गैर शैक्षणिक कर्मचारियों के आश्रितों को पारिवारिक पेंशन एवं अनुकंपा नौकरी शीघ्रातिशीघ्र दिए जाने, अंतर्जनपदीय स्थानांतरण से आए हुए शिक्षकों एवं नवनियुक्त शिक्षकों का वेतन भुगतान मई माह से ही किए जाने तथा डबल पैन कार्ड प्रकरण में प्रभावित शिक्षकों की कोई भूमिका न होने के बावजूद

                 जनपद के तमाम शिक्षकों का 2 महीने से अवरुद्ध किए गए वेतन को इसी माह से जारी किए जाने के मुद्दे को लेकर राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ जनपद वाराणसी का एक प्रतिनिधिमंडल जिलाध्यक्ष शशांक कुमार पांडेय “शेखर” के नेतृत्व में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राकेश सिंह से मिला, जिसमें राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के जिला उपाध्यक्ष ज्योति प्रकाश, गोपेश यादव, जय प्रकाश पाल एवं जिला मंत्री राजन सिंह  शामिल रहे।
राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ" ने बीएसए वाराणसी से किया मुलाकात
राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के जिला उपाध्यक्ष ज्योति प्रकाश ने बताया हमारे दिवंगत शिक्षक साथियों के परिवार जनों व आश्रितों को जल्द से जल्द उनके पेंशन व अन्य लाभों को दिलाने में राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ निरंतर प्रयासरत व तत्पर रहेगा।जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राकेश सिंह से  हुई मुलाकात के दौरान जिलाध्यक्ष शशांक कुमार पांडेय “शेखर” ने कहा की जनपद वाराणसी में कुल 17 शिक्षक एवं 3 गैर शैक्षणिक कर्मचारी त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान कोरोना से संक्रमित होकर दिवंगत हुए हैं तथा 2 शिक्षक अन्य कारणों से दिवंगत हुए हैं जिनके आश्रितों को अति शीघ्र पारिवारिक पेंशन एवं अनुकंपा नौकरी दिया जाए जिससे उनके परिवार का भरण पोषण हो सके जिस पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राकेश सिंह ने कहा उनकी प्राथमिकता में सर्वोच्च स्थान पर यह मुद्दा है।

बीएसए वाराणसी ने बताया कि समस्त खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित कर दिया गया है कि ऐसे समस्त शिक्षकों एवं गैर शैक्षणिक कर्मचारियों के आश्रितों की पत्रावली मंगा ले जिससे उन सभी को उनकी योग्यता अनुसार पदों पर अनुकंपा नियुक्ति दी जा सके तथा प्रभावित शिक्षकों के परिवारों को पारिवारिक पेंशन शीघ्र स्वीकृत की जा सके।