ओबरा सी परियोजना में सी आईएसएफ ने किया मॉक ड्रिल आपातकालीन सुरक्षा का प्रदर्शन

आपातकालीन परिस्थितियों में निपटने के सिखाये गये गुर

अजित सिंह / राजेश तिवारी Picture
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ओबरा परियोजना में मॉक ड्रिल का आयोजन

अजित सिंह ( ब्यूरो रिपोर्ट) 

ओबरा/सोनभद्र-

23 जून 2025 सोमवार को सोनभद्र के ओबरा सी परियोजना परिसर में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) इकाई ने एक व्यापक मॉक ड्रिल का आयोजन किया। इस अभ्यास का मुख्य उद्देश्य परियोजना कर्मियों और आम लोगों को किसी भी आपातकालीन परिस्थिति में अपनी और दूसरों की जान बचाने के तरीकों के बारे में व्यावहारिक जानकारी देना था।

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यह मॉक ड्रिल विभिन्न आपदाओं और आपात स्थितियों, जैसे आग लगने या अन्य सुरक्षा खतरों, के दौरान त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए डिज़ाइन की गई थी। CISF ने दिखाया कि ऐसी परिस्थितियों में कैसे शांत रहते हुए सही कदम उठाए जा सकते हैं, ताकि नुकसान को कम से कम किया जा सके और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित हो।

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मॉक ड्रिल के दौरान, CISF कर्मियों ने कई परिदृश्यों का प्रदर्शन किया CISF की फायर ब्रिगेड टीम ने विभिन्न प्रकार के अग्निशमन यंत्रों का उपयोग करके आग बुझाने के तरीकों का जीवंत प्रदर्शन किया। उन्होंने दिखाया कि बिजली से लगी आग, तेल से लगी आग और सामान्य आग को कैसे नियंत्रित किया जाए। आपातकाल में इमारत या किसी खतरनाक क्षेत्र से सुरक्षित बाहर निकलने (इवेक्यूएशन) के तरीकों का अभ्यास कराया गया। इसमें लोगों को सुरक्षित मार्ग चुनने और भीड़भाड़ से बचने के बारे में बताया गया।

घायल व्यक्तियों को तत्काल प्राथमिक उपचार देने और उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने का प्रदर्शन किया गया। यह भी सिखाया गया कि गंभीर परिस्थितियों में कैसे चिकित्सकीय सहायता का इंतजार करते हुए शुरुआती देखभाल दी जाए। आपातकाल में विभिन्न टीमों और विभागों के बीच प्रभावी संचार और समन्वय के महत्व पर जोर दिया गया। CISF ने दिखाया कि कैसे सूचनाओं का आदान-प्रदान करके बचाव कार्यों को अधिक कुशल बनाया जा सकता है।

CISF के अधिकारियों ने बताया कि इस तरह के मॉक ड्रिल और जागरूकता कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित किए जाते हैं ताकि परियोजना परिसर में कार्यरत सभी लोग और स्थानीय निवासी आपातकालीन स्थितियों के लिए हमेशा तैयार रहें। उन्होंने कहा कि सही जानकारी और प्रशिक्षण से लोग न केवल अपनी बल्कि अपने आसपास के लोगों की भी मदद कर सकते हैं। यह पहल औद्योगिक सुरक्षा और सार्वजनिक जागरूकता के प्रति CISF की प्रतिबद्धता का एक अहम हिस्सा है।

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