सकारात्मक सोच
<% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<% if(node_description!==false) { %> <%= node_description %>
<% } %> <% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
तनाव के बढ़ते कारण और संतुलित जीवन की आवश्यकता
Published On
By Swatantra Prabhat UP
आज का युग विज्ञान तकनीक और भौतिक सुविधाओं का युग है। मनुष्य ने विकास के अनेक नए आयाम स्थापित किए हैं। इसके बावजूद उसका जीवन पहले की अपेक्षा अधिक तनावपूर्ण होता जा रहा है। बाहरी सुख सुविधाओं की वृद्धि के...
वसुधैव कुटुम्बकम भारत की वैश्विक धारणा और भावना
Published On
By Swatantra Prabhat UP
भारतीय संस्कृति का मूल दर्शन केवल अपने परिवार या राष्ट्र तक सीमित नहीं रहा, बल्कि उसने संपूर्ण मानवता को एक परिवार मानने की उदात्त दृष्टि प्रदान की है। उपनिषदों का प्रसिद्ध वाक्य "वसुधैव कुटुम्बकम्" केवल एक आदर्श वाक्य नहीं, बल्कि...
सुल्तानपुर निवासी 90 वर्ष से अधिक आयु की बुजुर्ग मां पुरबिन आज भी हर काम से नहीं हटती पीछे
Published On
By Swatantra Prabhat
महराजगंज/रायबरेली: जहां बढ़ती उम्र के साथ अधिकांश लोग दूसरों के सहारे जीवन व्यतीत करने लगते हैं, वहीं विकासखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत सुल्तानपुर निवासी 90 वर्ष से अधिक आयु की बुजुर्ग मां पुरबिन आज भी अपनी मेहनत, आत्मनिर्भरता और अदम्य...
छोटे-छोटे निरंतर प्रयासों से खुलते बड़े सफलता के द्वार।
Published On
By Abhinav Shukla
मानव जीवन संघर्ष, परिश्रम, धैर्य और निरंतर प्रयासों की एक लंबी कहानी है। संसार में जितने भी महान व्यक्ति हुए उनकी सफलता किसी एक दिन की चमत्कारी घटना नहीं थी, बल्कि वर्षों तक किए गए छोटे-छोटे सतत प्रयासों का जिस...
संयम का कवच और क्रोध पर विजय का मार्ग
Published On
By Swatantra Prabhat UP
मनुष्य के जीवन में संयम का स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह केवल एक नैतिक गुण नहीं, बल्कि जीवन को दिशा देने वाला आधार स्तंभ है। यदि व्यक्ति हर परिस्थिति में स्वयं को संयमित रख सकता है, तो वह वास्तव में...
भारतीय नवसंवत्सर का स्वर्णिम आरंभ
Published On
By Swatantra Prabhat UP
महेन्द्र तिवारी हिन्दू नववर्ष भारतीय संस्कृति का वह जीवंत प्रतीक है, जो केवल समय के परिवर्तन का संकेत नहीं देता, बल्कि जीवन के मूल्यों, परंपराओं और आध्यात्मिक चेतना के पुनर्जागरण का संदेश भी लेकर आता है। जब...

