भारतीय संस्कृति

हनुमान जयंती: भक्ति, शक्ति और समर्पण का अद्भुत संगम

महेन्द्र तिवारी हनुमान जयन्ती का पावन पर्व हिंदू धर्मानुयायियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण और प्रेरणादायी उत्सव है। यह दिन भगवान श्रीराम के परम भक्त हनुमान जी के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है, जो शक्ति, भक्ति,...
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मर्यादा,त्याग और कर्तव्यनिष्ठा के सर्वकालिन प्रतिमान प्रभु श्री राम

रामनवमी का पावन पर्व केवल एक धार्मिक उत्सव नहीं, बल्कि मर्यादा, धर्म और आदर्श जीवन मूल्यों की स्मृति का दिवस है। इस दिन भगवान श्रीराम का जन्म हुआ, जिन्हें भारतीय संस्कृति में “मर्यादा पुरुषोत्तम” के रूप में सर्वोच्च स्थान प्राप्त...
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श्रीरामनवमी: आत्मशुद्धि और आदर्श जीवन की ओर एक कदम

महेन्द्र तिवारी भारतीय संस्कृति की विशालता और उसकी गहराई का अनुमान उन पर्वों से लगाया जा सकता है जो न केवल कैलेंडर की तिथियों को परिभाषित करते हैं, बल्कि जनमानस के हृदय में नैतिकता और धर्म के बीज बोते...
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राम मय हो जीवन हमारा

प्रो.(डा.) मनमोहन प्रकाश     सनातन संस्कृति में श्रीराम केवल एक ऐतिहासिक पात्र या धार्मिक प्रतीक मात्र नहीं हैं, बल्कि वे प्रत्येक भारतीय के लिए मर्यादा, आदर्श और मानवीय मूल्यों के शाश्वत स्रोत हैं। जब हम "राममय जीवन" की परिकल्पना करते हैं,...
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गणगौर - शिव-पार्वती के अनन्य प्रेम का पर्व बने नारी अस्मिता का उत्सव ?

भारतीय सनातन संस्कृति में प्रत्येक पर्व का अपना विशिष्ट महत्व है। ये पर्व केवल धार्मिक आस्था के प्रतीक नहीं, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक मूल्यों के संवाहक भी हैं। इन्हीं में से एक है गणगौर एक ऐसा पावन उत्सव,...
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गुड़ी पड़वा : जहां परंपरा प्रेरणा बनती है और संस्कृति जीवित होती है

कृति आरके जैनजब नई शुरुआत की पहली आहट समय के द्वार पर दस्तक देती है और प्रकृति मुस्कुराकर नवजीवन का स्वागत करती है, तब चैत्र शुक्ल प्रतिपदा का पावन प्रभात एक अलौकिक आभा लेकर अवतरित होता है। यह...
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भारतीय नवसंवत्सर का स्वर्णिम आरंभ

  महेन्द्र तिवारी    हिन्दू नववर्ष भारतीय संस्कृति का वह जीवंत प्रतीक है, जो केवल समय के परिवर्तन का संकेत नहीं देता, बल्कि जीवन के मूल्यों, परंपराओं और आध्यात्मिक चेतना के पुनर्जागरण का संदेश भी लेकर आता है। जब...
स्वतंत्र विचार  संपादकीय 

नव संवत्सर: समय, सृष्टि, संवेदना, संस्कृति और संकल्प के समन्वय का पर्व

प्रो. (डॉ.) मनमोहन प्रकाश    ​हिंदू नववर्ष केवल कैलेंडर या विक्रम संवत के परिवर्तन का संकेत मात्र नहीं है, बल्कि यह समय, सृष्टि, संवेदना, संस्कृति और संकल्प के उस संगम का उत्सव है जो भारतीय जीवन-दृष्टि की वैज्ञानिक पहचान को अभिव्यक्त...
स्वतंत्र विचार  संपादकीय 

होली के उपलक्ष्य में आजाद हिन्दू सेना महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष मोना ने आयोजित किया 

स्वतंत्र प्रभातबरेलीहिंदू सेना महिला मोर्चा के द्वारा जिला अध्यक्ष मोनाश्रीवास्तव के नेतृत्व में होली मिलन व सम्मान समारोह प्रेनमगर में आयोजित किया गया समस्त महिलाओं ने संस्कृतिक लोक गीत गाकर एक दूसरे को होली की शुभकामनाएं दी उसके...
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आत्मीय इंद्रधनुषी रंगों से ओत-प्रोत हर्षौल्लास का वैश्विक महापर्व होली

होली और होलिकात्सव यह एक ऐसा अद्भुत त्यौहार है जिसे देश मे अनेक धर्म संप्रदाय होने के बावजूद  इसे बहुत ही उत्साह और भाईचारे के साथ मनाया जाने वाला महापर्व माना गया है। इसे समरसता का एक बड़ा प्रतीक भी...
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मर्यादा लांघकर त्योहार को न करें बदनाम

अम्बिका कुशवाहा ‘अम्बी’    होली भारतीय संस्कृति का पारिवारिक प्रेम एवं सामाजिक सौहार्द का त्योहार है, जो वसंत, प्रेम और नई शुरुआत का प्रतीक है। होली का उत्सव केवल आनंद का अवसर नहीं, बल्कि नैतिक मूल्यों, सामाजिक एकता और आध्यात्मिक संदेश...
स्वतंत्र विचार  संपादकीय 

रक्षाबंधन पर विश्व हिंदू महासंघ और पत्रकारों की सराहनीय पहल

ओबरा में रक्षाबंधन पर पत्रकारों विश्व हिंदू महासंघ की पहल
आपका शहर  पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश