<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.swatantraprabhat.com/tag/94712/public-infrastructure" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Swatantra Prabhat RSS Feed Generator</generator>
                <title>Public Infrastructure - Swatantra Prabhat</title>
                <link>https://www.swatantraprabhat.com/tag/94712/rss</link>
                <description>Public Infrastructure RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>करोड़ों की पानी टंकी बनी 'सफेद हाथी'</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता </strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>बलरामपुर।</strong> विकास खंड पचपेड़वा के ग्राम वीरपुर सेमरा में जल निगम द्वारा करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित पानी की विशाल टंकी आज अपनी बदहाली और निष्क्रियता की कहानी खुद बयां कर रही है। जिस परियोजना का उद्देश्य हर घर तक शुद्ध पेयजल पहुंचाना था, वही आज ग्रामीणों की नजर में सरकारी उदासीनता और योजनाओं की जमीनी हकीकत का प्रतीक बन चुकी है।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">ग्रामीणों का कहना है कि टंकी का निर्माण तो कर दिया गया, लेकिन आज तक नियमित जलापूर्ति शुरू नहीं हो सकी। नलों से पानी नहीं निकलता, जबकि लोग आज भी हैंडपंपों और अन्य जल</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/183707/water-tank-worth-crores-becomes-white-elephant"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/img-20260715-wa0488.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता </strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>बलरामपुर।</strong> विकास खंड पचपेड़वा के ग्राम वीरपुर सेमरा में जल निगम द्वारा करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित पानी की विशाल टंकी आज अपनी बदहाली और निष्क्रियता की कहानी खुद बयां कर रही है। जिस परियोजना का उद्देश्य हर घर तक शुद्ध पेयजल पहुंचाना था, वही आज ग्रामीणों की नजर में सरकारी उदासीनता और योजनाओं की जमीनी हकीकत का प्रतीक बन चुकी है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">ग्रामीणों का कहना है कि टंकी का निर्माण तो कर दिया गया, लेकिन आज तक नियमित जलापूर्ति शुरू नहीं हो सकी। नलों से पानी नहीं निकलता, जबकि लोग आज भी हैंडपंपों और अन्य जल स्रोतों पर निर्भर रहने को मजबूर हैं। ऐसे में करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">स्थानीय लोगों का आरोप है कि यदि परियोजना समय पर संचालित नहीं होनी थी, तो फिर जनता के पैसे से इतना बड़ा निर्माण आखिर किस उद्देश्य से कराया गया? गांव में खड़ी यह पानी की टंकी अब विकास का प्रतीक नहीं, बल्कि अधूरी योजनाओं और जवाबदेही की कमी का स्मारक बनती जा रही है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और जल निगम के अधिकारियों से मांग की है कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, जलापूर्ति तत्काल शुरू कराई जाए तथा यदि किसी स्तर पर लापरवाही हुई है तो जिम्मेदार अधिकारियों और संबंधित एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई की जाए।</div>
<div style="text-align:justify;">सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब सरकार हर घर जल पहुंचाने का दावा कर रही है, तो वीरपुर सेमरा के ग्रामीण आज भी बूंद-बूंद पानी के लिए क्यों भटक रहे हैं? करोड़ों की लागत से बनी यह टंकी आखिर जनता की प्यास कब बुझाएगी, या फिर हमेशा 'सफेद हाथी' बनकर ही खड़ी रहेगी?</div>
</div>
<div class="yj6qo" style="text-align:justify;"> </div>
<div class="adL" style="text-align:justify;"> </div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/183707/water-tank-worth-crores-becomes-white-elephant</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/183707/water-tank-worth-crores-becomes-white-elephant</guid>
                <pubDate>Sun, 19 Jul 2026 14:09:38 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/img-20260715-wa0488.jpg"                         length="166344"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पथ निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को लगाई फटकार</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>रांची, झारखंड:-</strong> मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड मंत्रालय में पथ निर्माण विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए विभागीय अधिकारियों को लंबित परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही, अनावश्यक देरी या गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। </div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">      यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्य पूरे नहीं हुए तो संबंधित अधिकारियों और एजेंसियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। बैठक में विभागीय अधिकारियों ने पिछले पांच वर्षों के दौरान सड़क, फ्लाईओवर, ओवरब्रिज और पुल-पुलियों से संबंधित निर्माणाधीन एवं पूर्ण परियोजनाओं</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>   </strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/183447/chief-minister-hemant-soren-reprimanded-the-officials-in-the-review"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/news-6-(1).jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>रांची, झारखंड:-</strong> मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड मंत्रालय में पथ निर्माण विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए विभागीय अधिकारियों को लंबित परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही, अनावश्यक देरी या गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">   यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्य पूरे नहीं हुए तो संबंधित अधिकारियों और एजेंसियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। बैठक में विभागीय अधिकारियों ने पिछले पांच वर्षों के दौरान सड़क, फ्लाईओवर, ओवरब्रिज और पुल-पुलियों से संबंधित निर्माणाधीन एवं पूर्ण परियोजनाओं की विस्तृत प्रस्तुति दी। मुख्यमंत्री ने सभी परियोजनाओं की प्रगति का गहन अवलोकन करते हुए कार्यों में हो रही देरी पर नाराजगी जताई और कहा कि सभी योजनाओं को तय समय सीमा के भीतर पूरा करना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>   ■ हर परियोजना का डेटाबेस और जियो-टैगिंग होगी अनिवार्य</strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने पथ निर्माण विभाग को राज्य की सभी परियोजनाओं का अद्यतन एवं सुव्यवस्थित डेटाबेस तैयार करने तथा प्रत्येक परियोजना की जियो-टैगिंग सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि हर परियोजना की लागत, प्रगति, समय-सीमा और वर्तमान स्थिति का स्पष्ट रिकॉर्ड उपलब्ध होना चाहिए, ताकि निगरानी प्रणाली अधिक प्रभावी और पारदर्शी बन सके। उन्होंने कहा कि जियो-टैगिंग से जवाबदेही बढ़ेगी और कार्यों की वास्तविक स्थिति की आसानी से समीक्षा की जा सकेगी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>   ■ सोशल मीडिया और मीडिया में मिलने वाली शिकायतों पर तुरंत हो कार्रवाई</strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें सोशल मीडिया, प्रिंट मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के माध्यम से लगातार सड़कों की खराब स्थिति, गड्ढों, जलजमाव और निर्माण कार्यों में अनियमितताओं की शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसी सभी शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई करें और उनके समाधान का अद्यतन रिकॉर्ड भी तैयार रखें।  उन्होंने कहा कि बरसात के मौसम में खराब सड़कें दुर्घटनाओं का कारण बनती हैं। इसलिए गड्ढों की तत्काल मरम्मत, जल निकासी की समुचित व्यवस्था तथा सड़कों की गुणवत्ता में सुधार को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। साथ ही संकीर्ण सड़कों के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण पर भी विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>   ■ दो माह में प्रमुख परियोजनाएं पूरी करने का निर्देश</strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने निर्माणाधीन सड़क, फ्लाईओवर और पुल-पुलिया परियोजनाओं की धीमी प्रगति पर असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य की कई महत्वपूर्ण परियोजनाएं वर्षों से अधूरी पड़ी हैं, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने राजधानी रांची सहित राज्य के अन्य जिलों में लंबित प्रमुख परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर अगले दो माह के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्य पूरे नहीं किए गए तो संबंधित अधिकारियों और निर्माण एजेंसियों के विरुद्ध कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>    ■ गुणवत्ता और नियमित मॉनिटरिंग पर विशेष जोर</strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने सोलर साइकिल ट्रैक सहित अन्य नई परियोजनाओं की भी समीक्षा की और सभी निर्माण कार्यों में गुणवत्ता, मजबूती और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने पुल-पुलियों के किनारों को मजबूत बनाने, जल निकासी की बेहतर व्यवस्था करने तथा प्रत्येक परियोजना की नियमित मॉनिटरिंग करने पर विशेष बल दिया। बैठक में मुख्य सचिव अविनाश कुमार, पथ निर्माण विभाग के सचिव सुनील कुमार, अभियंता प्रमुख प्रवीण जयंत भेंगरा सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/183447/chief-minister-hemant-soren-reprimanded-the-officials-in-the-review</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/183447/chief-minister-hemant-soren-reprimanded-the-officials-in-the-review</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Jul 2026 22:13:20 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/news-6-%281%29.jpg"                         length="124936"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>विकास के नए स्वरूप के साथ तैयार है फतेहपुर रेलवे स्टेशन</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>ब्यूरो प्रयागराज-</strong> गंगा और यमुना जैसी पावन नदियों के मध्य स्थित फतेहपुर, प्रयागराज और कानपुर के बीच अपनी महत्वपूर्ण भौगोलिक स्थिति के कारण लंबे समय से यात्रियों और व्यापारिक गतिविधियों का एक प्रमुख केंद्र रहा है। यह स्टेशन उत्तर भारत  के सबसे पुराने रेल खंड एवं प्रयागराज एवं कानपुर शहरों के मध्य स्थित प्रमुख रेलवे स्टेशनों में से एक है, जिसका इतिहास वर्ष 1859 में इस रेलखंड के प्रारंभ होने से जुड़ा है। यह स्टेशन ऐतिहासिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह क्षेत्र की प्रारंभिक रेल सेवाओं में से एक के प्रस्थान स्थल के रूप में अपनी विशिष्ट पहचान</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/183393/fatehpur-railway-station-is-ready-with-new-form-of-development"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/img-20260714-wa0083.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>ब्यूरो प्रयागराज-</strong> गंगा और यमुना जैसी पावन नदियों के मध्य स्थित फतेहपुर, प्रयागराज और कानपुर के बीच अपनी महत्वपूर्ण भौगोलिक स्थिति के कारण लंबे समय से यात्रियों और व्यापारिक गतिविधियों का एक प्रमुख केंद्र रहा है। यह स्टेशन उत्तर भारत  के सबसे पुराने रेल खंड एवं प्रयागराज एवं कानपुर शहरों के मध्य स्थित प्रमुख रेलवे स्टेशनों में से एक है, जिसका इतिहास वर्ष 1859 में इस रेलखंड के प्रारंभ होने से जुड़ा है। यह स्टेशन ऐतिहासिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह क्षेत्र की प्रारंभिक रेल सेवाओं में से एक के प्रस्थान स्थल के रूप में अपनी विशिष्ट पहचान रखता है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> दिल्ली–हावड़ा मुख्य रेलमार्ग, जो भारत के सबसे व्यस्त एवं महत्वपूर्ण रेल कॉरिडोरों में से एक है, पर स्थित यह स्टेशन आज भी लाखों यात्रियों के लिए एक महत्वपूर्ण परिवहन केंद्र के रूप में अपनी सेवाएँ प्रदान कर रहा है। इसी ऐतिहासिक और सामाजिक महत्व को नई पहचान देते हुए अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत फतेहपुर रेलवे स्टेशन का लगभग ₹32 करोड़ की लागत से व्यापक पुनर्विकास किया गया है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">पुनर्विकसित स्टेशन अब केवल ट्रेनों के ठहरने का स्थान नहीं, बल्कि आधुनिक, सुरक्षित और यात्री-केंद्रित रेल यात्रा का नया अनुभव प्रस्तुत करता है। आकर्षक स्टेशन भवन, नया जी+1 द्वितीय प्रवेश, विशाल कॉन्कोर्स, आधुनिक प्रतीक्षालय, उन्नत टिकटिंग व्यवस्था, विकसित सर्कुलेटिंग एरिया, सुव्यवस्थित पार्किंग और पृथक प्रवेश-निकास मार्ग यात्रियों की आवाजाही को पहले से अधिक सहज और व्यवस्थित बनाते हैं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">यात्री सुविधाओं को और बेहतर बनाने के लिए उच्च स्तरीय प्लेटफॉर्म संख्या-4 का निर्माण, प्लेटफॉर्मों का आधुनिकीकरण, नए शेल्टर, 12 मीटर चौड़ा फुट ओवर ब्रिज, अतिरिक्त एफओबी तथा दिव्यांगजन एवं वरिष्ठ नागरिकों की सुविधा के लिए सुगम अवसंरचना विकसित की गई है। आधुनिक यात्री सूचना प्रणाली, बेहतर प्रकाश व्यवस्था और सुव्यवस्थित परिसर स्टेशन को भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करते हैं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">फतेहपुर रेलवे स्टेशन का यह नया स्वरूप केवल अवसंरचना का विस्तार नहीं, बल्कि यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा और सम्मान को केंद्र में रखकर विकसित की गई एक नई सोच का प्रतीक है। यह स्टेशन क्षेत्र की बेहतर रेल संपर्क व्यवस्था को मजबूत करते हुए पर्यटन, व्यापार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी नई गति देगा। </div>
</div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt" style="text-align:justify;"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/183393/fatehpur-railway-station-is-ready-with-new-form-of-development</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/183393/fatehpur-railway-station-is-ready-with-new-form-of-development</guid>
                <pubDate>Tue, 14 Jul 2026 22:15:00 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/img-20260714-wa0083.jpg"                         length="144195"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुख्यमंत्री योगी के संभावित आगमन से गोविंद साहब धाम में हलचल तेज, तैयारियां युद्धस्तर पर शुरू</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>आलापुर, अंबेडकरनगर।</strong> मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आलापुर सुरक्षित विधानसभा क्षेत्र स्थित महात्मा गोविंद साहब की पावन तपोस्थली अहिरौली गोविंद साहब के संभावित दौरे को लेकर क्षेत्र में राजनीतिक, प्रशासनिक और सामाजिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। मुख्यमंत्री के संभावित आगमन को लेकर तैयारियां प्रारंभ हो चुकी हैं और स्थानीय स्तर पर व्यवस्थाओं का जायजा लेने का सिलसिला भी शुरू हो गया है।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ यदि गोविंद साहब धाम पहुंचते हैं तो माना जा रहा है कि वह संत परंपरा और सामाजिक समरसता का संदेश देने के साथ-साथ क्षेत्र के विकास से जुड़ी कई महत्वपूर्ण घोषणाएं भी कर सकते हैं।</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/183208/due-to-the-possible-arrival-of-chief-minister-yogi-there"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/1006298913-(1).jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>आलापुर, अंबेडकरनगर।</strong> मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आलापुर सुरक्षित विधानसभा क्षेत्र स्थित महात्मा गोविंद साहब की पावन तपोस्थली अहिरौली गोविंद साहब के संभावित दौरे को लेकर क्षेत्र में राजनीतिक, प्रशासनिक और सामाजिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। मुख्यमंत्री के संभावित आगमन को लेकर तैयारियां प्रारंभ हो चुकी हैं और स्थानीय स्तर पर व्यवस्थाओं का जायजा लेने का सिलसिला भी शुरू हो गया है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ यदि गोविंद साहब धाम पहुंचते हैं तो माना जा रहा है कि वह संत परंपरा और सामाजिक समरसता का संदेश देने के साथ-साथ क्षेत्र के विकास से जुड़ी कई महत्वपूर्ण घोषणाएं भी कर सकते हैं। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि महात्मा गोविंद साहब की तपोस्थली का व्यापक कायाकल्प कराया जाएगा तथा इसे प्रदेश के प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों में विकसित करने की दिशा में बड़ा निर्णय लिया जा सकता है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/1006298912-(1).jpg" alt="मुख्यमंत्री योगी के संभावित आगमन से गोविंद साहब धाम में हलचल तेज, तैयारियां युद्धस्तर पर शुरू" width="453" height="302"></img></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">क्षेत्रवासियों को यह भी आशा है कि पूर्वांचल के ऐतिहासिक एवं प्रसिद्ध गोविंद साहब मेले को राजकीय मेले का दर्जा प्रदान करने की घोषणा हो सकती है। वर्षों से चली आ रही इस मांग के पूरी होने से धार्मिक पर्यटन को नई पहचान मिलने के साथ स्थानीय व्यापार और रोजगार को भी बड़ा लाभ मिलेगा।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इसी के साथ रामनगर, कटेहरी और भीटी बाजार को नगर पंचायत बनाए जाने की चर्चाएं भी तेज हैं। विशेष रूप से रामनगर को नगर पंचायत बनाए जाने की सभी आवश्यक कागजी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद शासन स्तर पर अंतिम स्वीकृति का इंतजार किया जा रहा है। ऐसे में मुख्यमंत्री के संभावित दौरे के दौरान इस संबंध में महत्वपूर्ण घोषणा होने की उम्मीद जताई जा रही है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">शनिवार को गोविंद साहब मेला समिति के अध्यक्ष भौमेन्द्र सिंह 'पप्पू', रामनगर के पूर्व भाजपा मंडल अध्यक्ष अभिषेक निषाद, गोलू पाण्डेय सहित कई लोगों ने अहिरौली गोविंद साहब पहुंचकर महात्मा गोविंद साहब की समाधि पर श्रद्धासुमन अर्पित किए तथा संभावित कार्यक्रम को लेकर तैयारियों का निरीक्षण किया। उन्होंने परिसर की व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए आवश्यक तैयारियों पर चर्चा भी की।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">राजनीतिक दृष्टि से भी मुख्यमंत्री का संभावित दौरा बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अंबेडकरनगर की पांचों विधानसभा सीटों पर आगामी चुनाव में भाजपा को मजबूत स्थिति में पहुंचाने के लिए संगठन लगातार सक्रिय है। पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर को पहले ही जिले का प्रभारी मंत्री बनाकर भाजपा नेतृत्व स्पष्ट राजनीतिक संकेत दे चुका है। ऐसे में गोविंद साहब धाम से मुख्यमंत्री का संभावित कार्यक्रम धार्मिक आस्था के साथ-साथ राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">हालांकि, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम की आधिकारिक घोषणा अभी तक नहीं हुई है। स्थानीय स्तर पर तैयारियां संभावित दौरे को ध्यान में रखकर की जा रही हैं और क्षेत्रवासियों की निगाहें अब शासन की आधिकारिक सूचना पर टिकी हैं।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/183208/due-to-the-possible-arrival-of-chief-minister-yogi-there</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/183208/due-to-the-possible-arrival-of-chief-minister-yogi-there</guid>
                <pubDate>Sat, 11 Jul 2026 22:21:42 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/1006298913-%281%29.jpg"                         length="115881"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>राजकीय नलकूप बेपानी,कैसे हो किसानी</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता </strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>लोटन (सिद्धार्थनगर)।</strong> इस समय धान की रोपाई अपने चरम सीमा पर है। क्षेत्र में लगाए गए तिरसठ राजकीय नलकूप बेपानी हो गए हैं। कुछ  नलकूपों को छोड़ दिया जाए।तो सब के सब किन्हीं न किन्हीं कारणों से बेकार पड़े हैं। जबकि जिम्मेदार लोगों को उक्त नलकूपों की दशा ठीक कराने में कोई रुचि नहीं दिखाई दे रही है।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">उल्लेखनीय है कि सिद्धार्थनगर जनपद का पूर्वी छोर जो महराजगंज की सीमा से सटा है।  दोआबा  क्षेत्र के पिछड़े पन को दूर करने के लिए  तिरसठ राजकीय नलकूप लगवाए गए थे।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">जिससे किसानों को खेती, किसानी में पानी की</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182969/government-tube-well-without-water-how-should-farmers-be"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/1783519412710.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता </strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>लोटन (सिद्धार्थनगर)।</strong> इस समय धान की रोपाई अपने चरम सीमा पर है। क्षेत्र में लगाए गए तिरसठ राजकीय नलकूप बेपानी हो गए हैं। कुछ  नलकूपों को छोड़ दिया जाए।तो सब के सब किन्हीं न किन्हीं कारणों से बेकार पड़े हैं। जबकि जिम्मेदार लोगों को उक्त नलकूपों की दशा ठीक कराने में कोई रुचि नहीं दिखाई दे रही है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">उल्लेखनीय है कि सिद्धार्थनगर जनपद का पूर्वी छोर जो महराजगंज की सीमा से सटा है।  दोआबा  क्षेत्र के पिछड़े पन को दूर करने के लिए  तिरसठ राजकीय नलकूप लगवाए गए थे।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">जिससे किसानों को खेती, किसानी में पानी की किल्लत न हो। लेकिन वर्तमान समय में उक्त नलकूपों से कोई लाभ आम किसानों को मिलता हुआ नहीं दिख रहा है।जिस समय नलकूप लगाए जा रहे थे।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">उस समय किसानों के खुशी का ठिकाना नहीं रहा। लोगों को लगा कि अब तो हर खेत को पानी मिलता रहेगा।इसके साथ ही क्षेत्र के तमाम लोगों को ट्यूबवेल आपरेटर के रूप में नौकरी भी मिल गई।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">जिससे उनके परिवार में अत्यधिक खुशी बनी रही। लोगों की मानें तो लगभग एक दशक तक किसानों को पानी मिलता रहा।इसके बाद धीरे-धीरे नलकूपों की दशा खराब होती गई।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">1997 में  प्रदेश सरकार ने सभी  ट्यूबल आपरेटरों को विकास विभाग में जोड़ दिया। लिहाजा ट्यूबवेल की दशा अब और खराब होने लगी। हालांकि एक पंचवर्षीय के बाद पुनः सभी आपरेटर्स को उनके मूल तैनाती वाले ट्यूबवेल पर लगा दिया गया।तब,तक बहुत देर हो चुकी थी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">रखरखाव के अभाव में पाइप लाइनों में रिसाव,टूटे,फूटे आवलेट, बिजली तार,पोल एंव ट्रांसफार्मर कुछ को छोड़ सब बेकार हो गए थे।किसी पानी के लिए परेशान होकर निजी पम्प सेट पर आश्रित होने लगे। जिम्मेदार लोगों को इसकी जानकारी भी कई बार क्षेत्रीय लोगों ने दिया। लेकिन आज तक उसकी सुधि लेने वाला कोई नहीं है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">अब,जब खरीफ एवं रबी सीजन में खेती,किसानी करनी होती है।तो किसानों को अपने निजी पम्प सेट का ही सहारा है।जोकि इस भीषण मंहगाई में किसानों के लिए समस्या बनी हुई है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">क्षेत्रीय रामचरन मौर्य, गोपाल वर्मा, धनीराम, कृष्ण कुमार, रामरेखा,पियारे,ठग्गंन, सिपाही, रामप्रसाद,कोमल, द्वारिका,मेढ़ई,कदम, जाकिर आदि लोगों ने जिम्मेदार लोगों से क्षेत्र में लगे राजकीय नलकूप की दशा ठीक कराने की मांग की है। जिससे किसानों को खेती, किसानी में पानी का अभाव न हो।</div>
<div class="yj6qo" style="text-align:justify;"> </div>
<div class="adL" style="text-align:justify;"> </div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182969/government-tube-well-without-water-how-should-farmers-be</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182969/government-tube-well-without-water-how-should-farmers-be</guid>
                <pubDate>Wed, 08 Jul 2026 19:45:16 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/1783519412710.jpg"                         length="57198"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>विद्यालय के मार्ग की दशा दयनीय व चिंताजनक - कांग्रेस नेता विवेक पाण्डेय </title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात </strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>नैनी, प्रयागराज।</strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">विधानसभा मेजा क्षेत्र के अंदर मेजा खास में जवाहर नवोदय विद्यालय को जाने वाले मार्ग की दशा दयनीय व चिंताजनक, साथ ही वर्षा हो जाने पर जलमग्न हो जाता है यह मार्ग विधानसभा मेजा क्षेत्र के अंदर मेजा खास में विगत कई वर्षों पहले से स्थापित हुए जवाहर नवोदय विद्यालय में पहुंचने का एक अहम मार्ग जो आवागमन के किरदार को निभाता है लेकिन दुर्भाग्यवश यह मार्ग बहुत ही बदहाली के दौर में है।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">जब कि इस इस मार्ग पर प्रतिदिन छात्रों सहित अन्य लोगों के साथ ही मेजा खास क्षेत्र के अतिरिक्त ग्राम बसहरा, बिगहना,</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182962/the-condition-of-the-school-road-is-pathetic-and-worrying"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/img-20260708-wa0148.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात </strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>नैनी, प्रयागराज।</strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">विधानसभा मेजा क्षेत्र के अंदर मेजा खास में जवाहर नवोदय विद्यालय को जाने वाले मार्ग की दशा दयनीय व चिंताजनक, साथ ही वर्षा हो जाने पर जलमग्न हो जाता है यह मार्ग विधानसभा मेजा क्षेत्र के अंदर मेजा खास में विगत कई वर्षों पहले से स्थापित हुए जवाहर नवोदय विद्यालय में पहुंचने का एक अहम मार्ग जो आवागमन के किरदार को निभाता है लेकिन दुर्भाग्यवश यह मार्ग बहुत ही बदहाली के दौर में है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">जब कि इस इस मार्ग पर प्रतिदिन छात्रों सहित अन्य लोगों के साथ ही मेजा खास क्षेत्र के अतिरिक्त ग्राम बसहरा, बिगहना, सिटकी, रामनगर के अलावा आदि ग्रामीण अंचलों को यह मार्ग जोड़ता है साथ ही प्रयागराज के कोरांव तहसील के कुछ भागों को जोड़ने का काम करता है। इस मार्ग के अंदर कई स्थानों पर जलभराव रहता है और जलभराव के बीच से ही लोगों का आवागमन करते हुए उक्त पुराने मार्ग के दुर्दशा को झेलने के लिए विवश है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इसी क्रम में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी सूचना का अधिकार के प्रदेश महासचिव व प्रभारी प्रयागराज मंडल विवेक पाण्डेय ने अपने वक्तव्य के माध्यम से कहा कि इस मार्ग पर सफर करना टेढ़ी खीर के साथ बेहद ही दुर्लभ है। और यही नहीं बल्कि वर्तमान में विधानसभा मेजा के अंतर्गत क्षेत्र मेजा खास जिस तरह से विकास के दावे किए जा रहे हैं वह केवल एक कोरे कागज की तरह से आज भी स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। जब कि यह अहम मार्ग नवोदय विद्यालय के अलावा कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में शिक्षा प्राप्त करने वाले छात्रों सहित शिक्षकों को भी इसी दयनीय स्थिति के मार्ग से गुजरना पड़ता है। </div>
</div>
<div class="yj6qo"> </div>
<div class="adL"> </div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182962/the-condition-of-the-school-road-is-pathetic-and-worrying</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182962/the-condition-of-the-school-road-is-pathetic-and-worrying</guid>
                <pubDate>Wed, 08 Jul 2026 19:11:17 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/img-20260708-wa0148.jpg"                         length="120531"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>चंपतराय की मुश्किलें: मंदिर से ट्रस्ट तक, हर मोर्चे पर चुनौती</title>
                                    <description><![CDATA[<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">अयोध्या में बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों समेत सभी वकीलों ने कल एक जुलूस निकाला और चंपतराय पर एफआईआर की मांग की। वकीलों का कहना है कि चढ़ावा चोरी में छोटी मछलियों को तो जाल में फांस लिया गया है लेकिन चंपतराय जो इस केस का अहम हिस्सा हैं उनके ऊपर कोई कार्रवाई नहीं की गई। वकीलों का कहना है कि चंपतराय को बचाने की कोशिश की जा रही है जब कि मुख्य आरोपी चंपतराय ही हैं। </span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">उधर अयोध्या के वकीलों ने एक स्वर में कहा है कि राम मंदिर चंदा चोरी के जितने भी आरोपी हैं उनका मुकदमा कोई भी</span></p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182536/champat-rais-troubles-challenges-on-every-front-from-temple-to"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/hindi-divas3.jpg" alt=""></a><br /><p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">अयोध्या में बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों समेत सभी वकीलों ने कल एक जुलूस निकाला और चंपतराय पर एफआईआर की मांग की। वकीलों का कहना है कि चढ़ावा चोरी में छोटी मछलियों को तो जाल में फांस लिया गया है लेकिन चंपतराय जो इस केस का अहम हिस्सा हैं उनके ऊपर कोई कार्रवाई नहीं की गई। वकीलों का कहना है कि चंपतराय को बचाने की कोशिश की जा रही है जब कि मुख्य आरोपी चंपतराय ही हैं। </span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">उधर अयोध्या के वकीलों ने एक स्वर में कहा है कि राम मंदिर चंदा चोरी के जितने भी आरोपी हैं उनका मुकदमा कोई भी वकील नहीं लड़ेगा। राम मंदिर आंदोलन का चेहरा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">विश्व हिंदू परिषद के वरिष्ठ नेता और श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">राम मंदिर का शिलान्यास से लेकर प्राण प्रतिष्ठा तक</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">हर बड़ी तस्वीर में वो सबसे आगे दिखे। पर अयोध्या में रामलला का मंदिर बन जाने के बाद भी उनकी मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रहीं। उल्टा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">जिम्मेदारी बढ़ने के साथ चुनौतियां भी कई गुना हो गई हैं। ट्रस्ट का पारदर्शिता संकट: </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">चंदे का हिसाब</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">सबसे बड़ा मुद्दा- राम मंदिर के लिए </span>2019 <span lang="hi" xml:lang="hi">से </span>2021 <span lang="hi" xml:lang="hi">के बीच देश-दुनिया से </span>3500 <span lang="hi" xml:lang="hi">करोड़ रुपये से ज्यादा का चंदा इकट्ठा हुआ।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi"> मुश्किल क्या है</span>?- <span lang="hi" xml:lang="hi">विपक्ष</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">कुछ साधु-संत और सोशल मीडिया लगातार ट्रस्ट से चंदे का पूरा ऑडिटेड हिसाब मांग रहा है। आरोप लगते रहे कि जमीन खरीद में </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">ओवर प्राइसिंग</span>', <span lang="hi" xml:lang="hi">दान में अनियमितता हुई। </span>2021 <span lang="hi" xml:lang="hi">में अयोध्या के ही संतों ने जमीन घोटाले के आरोप लगाकर </span>FIR <span lang="hi" xml:lang="hi">तक की मांग की थी। </span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">चंपत राय ने बार-बार कहा कि सारा हिसाब </span>CAG <span lang="hi" xml:lang="hi">स्टाइल ऑडिट से होगा और वेबसाइट पर डाला जाएगा। पर </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">कब</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">और </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">कितना डिटेल</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">को लेकर सवाल आज भी पीछा नहीं छोड़ रहे। एक </span>3500 <span lang="hi" xml:lang="hi">करोड़ के प्रोजेक्ट के महासचिव होने का मतलब है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">हर पैसे का जवाब देना। यही उनका सबसे बड़ा प्रेशर पॉइंट है। निर्माण की गति </span>vs <span lang="hi" xml:lang="hi">भक्तों की उम्मीद: </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">अधूरा मंदिर</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">की किरकिरी - </span>22 <span lang="hi" xml:lang="hi">जनवरी </span>2024 <span lang="hi" xml:lang="hi">को प्राण प्रतिष्ठा हुई। देश ने माना मंदिर बन गया। असलियत क्या है</span>?- <span lang="hi" xml:lang="hi">प्राण प्रतिष्ठा सिर्फ गर्भगृह और पहली मंजिल की हुई थी।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">पूरा मंदिर परिसर</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">परकोटा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">संग्रहालय</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">तीर्थ यात्री सुविधा केंद्र</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पार्किंग अभी बन रहा है। ट्रस्ट का लक्ष्य </span>2025 <span lang="hi" xml:lang="hi">के अंत तक मुख्य ढांचा पूरा करना है। मुश्किल: गर्मी में टाइल्स गर्म होना</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">बारिश में छत टपकने की खबरें</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">भीड़ प्रबंधन की अव्यवस्था।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi"> हर छोटी कमी पर सीधा निशाना महासचिव चंपत राय पर आता है। भक्त </span>500 <span lang="hi" xml:lang="hi">साल इंतजार के बाद </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">परफेक्ट</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">मंदिर चाहते हैं। एक ईंट टेढ़ी दिखी तो ट्रोलिंग शुरू। निर्माण की टाइमलाइन और जनता की उम्मीद के बीच बैलेंस करना उनके लिए रोज की जंग है। </span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">अयोध्या के स्थानीय संतों से तनातनी- राम मंदिर आंदोलन में कई अखाड़े</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">मठ और स्थानीय संत शामिल थे। मंदिर बनने के बाद </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">क्रेडिट</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">और </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">कंट्रोल</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">को लेकर खींचतान सामने आई। तपस्वी छावनी</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">हनुमानगढ़ी और अन्य अखाड़ों के कई संत खुलकर कह चुके हैं कि ट्रस्ट </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">एकतरफा</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">चल रहा है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">स्थानीय आवाजों को जगह नहीं मिल रही।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi"> चंपत राय को दिल्ली-</span>VHP <span lang="hi" xml:lang="hi">बैकग्राउंड का </span>'<span lang="hi" xml:lang="hi">बाहरी</span>' <span lang="hi" xml:lang="hi">बताकर भी हमले होते हैं। अयोध्या की धर्म सत्ता को साधना</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">बिना टकराव के सबको साथ लेकर चलना</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ये राजनीतिक कुशलता से भी बड़ी चुनौती है। भीड़</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">वीआईपी कल्चर और आम भक्त का गुस्सा- प्राण प्रतिष्ठा के बाद अयोध्या रोज </span>1-1.5 <span lang="hi" xml:lang="hi">लाख श्रद्धालु देख रही है। दर्शन के लिए </span>6-8 <span lang="hi" xml:lang="hi">घंटे की लाइन</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">वीआईपी पास का आरोप</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">टूट-फूट</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">सफाई।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">जब कोई बुजुर्ग महिला लाइन में बेहोश होती है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">तो वीडियो वायरल होता है और कैप्शन होता है: "ये है चंपत राय का प्रबंधन"। ट्रस्ट का काम मंदिर बनाना है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पर भीड़ का गुस्सा प्रशासन के साथ-साथ ट्रस्ट के महासचिव पर भी गिरता है।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi"> क्योंकि अब रामलला - चंपत राय का चेहरा बन चुका है।राजनीतिक निशाने पर- </span>2024 <span lang="hi" xml:lang="hi">लोकसभा में भाजपा अयोध्या सीट हार गई। ये ट्रस्ट और </span>VHP <span lang="hi" xml:lang="hi">के लिए झटका था। विपक्ष का नैरेटिव बना: "मंदिर दे दिया</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पर रोजगार</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">महंगाई</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">अव्यवस्था नहीं दी।" इस हार का ठीकरा भी अप्रत्यक्ष रूप से मंदिर प्रबंधन और चंपत राय पर फूटा। अब हर चुनाव में अयोध्या का मॉडल सवालों में रहेगा। मंदिर बन गया</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">इम्तिहान शुरू हुआ- चंपत राय ने अपना जीवन राम मंदिर को समर्पित किया। </span>80+ <span lang="hi" xml:lang="hi">की उम्र में भी वो रोज </span>16 <span lang="hi" xml:lang="hi">घंटे काम करते हैं। पर आंदोलन का नेता होना आसान था</span>, 500 <span lang="hi" xml:lang="hi">साल के सपने का </span>CEO <span lang="hi" xml:lang="hi">होना सबसे कठिन है। अब लड़ाई कोर्ट में नहीं</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">कॉरिडोर में है। हिसाब</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पारदर्शिता</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">निर्माण की गुणवत्ता</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">संतों को साधना और करोड़ों भक्तों की उम्मीद। जब तक अंतिम शिखर नहीं लग जाता और अयोध्या वर्ल्ड-क्लास तीर्थ नहीं बन जाती</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">तब तक उनकी मुश्किलें कम नहीं होंगी। राम मंदिर बनाकर उन्होंने इतिहास रच दिया। अब उस इतिहास को कलंक-मुक्त रखना ही उनकी सबसे बड़ी अग्निपरीक्षा है।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182536/champat-rais-troubles-challenges-on-every-front-from-temple-to</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182536/champat-rais-troubles-challenges-on-every-front-from-temple-to</guid>
                <pubDate>Thu, 02 Jul 2026 17:23:15 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/hindi-divas3.jpg"                         length="173958"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मुख्यमंत्री के प्रस्तावित आगमन को लेकर तैयारियां तेज : विधायक श्यामधनी राही और जिलाधिकारी ने कार्यक्रम स्थल का किया निरीक्षण</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता</strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong> सिद्धार्थनगर में विधानसभा क्षेत्र कपिलवस्तु में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रस्तावित आगमन को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक स्तर पर तैयारियां तेज हो गई हैं। कपिलवस्तु विधायक श्यामधनी राही ने जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जी. एन. सहित वरिष्ठ अधिकारियों के साथ कार्यक्रम स्थल का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने तैयारियों की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">निरीक्षण के दौरान विधायक श्यामधनी राही ने मंच निर्माण, जनसभा स्थल, सुरक्षा व्यवस्था, वाहन पार्किंग, आवागमन मार्ग, पेयजल व्यवस्था, स्वच्छता, विद्युत आपूर्ति, बैरिकेडिंग और विशिष्ट अतिथियों व आमजन की सुविधाओं से जुड़े सभी बिंदुओं का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182534/preparations-intensified-for-the-proposed-arrival-of-the-chief-minister"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/1782919965900.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता</strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong> सिद्धार्थनगर में विधानसभा क्षेत्र कपिलवस्तु में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रस्तावित आगमन को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक स्तर पर तैयारियां तेज हो गई हैं। कपिलवस्तु विधायक श्यामधनी राही ने जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जी. एन. सहित वरिष्ठ अधिकारियों के साथ कार्यक्रम स्थल का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने तैयारियों की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">निरीक्षण के दौरान विधायक श्यामधनी राही ने मंच निर्माण, जनसभा स्थल, सुरक्षा व्यवस्था, वाहन पार्किंग, आवागमन मार्ग, पेयजल व्यवस्था, स्वच्छता, विद्युत आपूर्ति, बैरिकेडिंग और विशिष्ट अतिथियों व आमजन की सुविधाओं से जुड़े सभी बिंदुओं का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए और कहा कि बड़ी संख्या में लोगों की संभावित उपस्थिति को देखते हुए सभी व्यवस्थाएं समय रहते पूरी कर ली जाएं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस अवसर पर जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जी.एन., सांसद प्रतिनिधि रिंकू पाल, उपजिलाधिकारी राहुल सिंह, क्षेत्राधिकारी विश्वजीत और लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता कमल किशोर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने विधायक को अब तक की गई तैयारियों की जानकारी दी और बताया कि कार्यक्रम स्थल को अंतिम रूप देने का कार्य तेजी से जारी है।</div>
</div>
<div class="yj6qo" style="text-align:justify;"> </div>
<div class="adL" style="text-align:justify;"> </div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt">
<div class="hp" style="text-align:justify;"> </div>
<div class="eqJbab cZD3Qb"></div>
</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182534/preparations-intensified-for-the-proposed-arrival-of-the-chief-minister</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182534/preparations-intensified-for-the-proposed-arrival-of-the-chief-minister</guid>
                <pubDate>Thu, 02 Jul 2026 17:21:06 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/1782919965900.jpg"                         length="768754"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पी डब्लू डी की सड़क बनने के दूसरे दिन ही उढ़ने लगी। ग्रामीणों में आक्रोश।</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात </strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>ब्यूरो प्रयागराज ।</strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">वाराणसी जिलें का गाव पचायत बबतपुर नियार विकास खण्ड चोला पुर में सार्वजनिक निर्माण विभाग वाराणसी द्वारा एक साल से टूटी खराब जर्जर  सड़क के मरम्मत के लिए काफी जाद्दोजहाद के बाद सार्वजनिक निर्माण विभाग ने काम शुरू किया।  परन्तु सड़क बनने  के दूसरे दिन ही सड़क उखड़ने लगी।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">  गांव के विरोध और शिकायत के वाद कुछ मरम्मत का कार्य कियागया।सड़क के  मरम्मत केलिए सरकार से छमाही तक आग्रह होता रहा तब कहीं काम शुरू हुआ।</div>
<div style="text-align:justify;">बताते चलें की गिव बाबतपुर गोमती नदी के किनारे बसा गांव है गोमती नदी पर सार्वजनिक निर्माण विभाग ने</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182136/the-pwd-road-started-rising-on-the-second-day-of"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-06/1001846836.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात </strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>ब्यूरो प्रयागराज ।</strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">वाराणसी जिलें का गाव पचायत बबतपुर नियार विकास खण्ड चोला पुर में सार्वजनिक निर्माण विभाग वाराणसी द्वारा एक साल से टूटी खराब जर्जर  सड़क के मरम्मत के लिए काफी जाद्दोजहाद के बाद सार्वजनिक निर्माण विभाग ने काम शुरू किया।  परन्तु सड़क बनने  के दूसरे दिन ही सड़क उखड़ने लगी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> गांव के विरोध और शिकायत के वाद कुछ मरम्मत का कार्य कियागया।सड़क के  मरम्मत केलिए सरकार से छमाही तक आग्रह होता रहा तब कहीं काम शुरू हुआ।</div>
<div style="text-align:justify;">बताते चलें की गिव बाबतपुर गोमती नदी के किनारे बसा गांव है गोमती नदी पर सार्वजनिक निर्माण विभाग ने पुल भी बनाया है । जो गाजीपुर और बनारस को जोडता है। इतने महत्व की सड़क को सार्वजनिक निर्माण विभाग ने मात्र तीन मीटर चौहत्तर सेमी चौडा ही बनाया तथा पटरी सड़क की नही बनाया है जिसके कारण हर वारिस में सड़क टूट जाती है ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">सड़क पर चौबीस घन्टें गाड़ियों का आना जाना बनारस से गाजीपुर और गाजीपुर से बनारस  लगा रहताहै हर रोज हजार की संख्या में वाहन चलते हैं इसी सड़क से गाव के लोग भी नियार बाजार  और बनारस जाते हैं ।लड़के स्कूल  भी जाते हैं वाहनों की भीड़ से पैदल चलना मुश्किल होगया है पटरी नहीं होने से कोई न कोई दूर्घटना आये दिन होती रहती है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">गांव के लोगों की मांग है कि सड़क पर स्पीड ब्रेकर लगाया जाये परन्तु वह माना नहीं जा रहा है स्पीड ब्रेकर भी नहीं लगा साथ में पुल पर सीसीटी वी कैमरा और मास्क लाईट भी लगाया जाये जिससे अपराधी किस्म के लोगों की पहचान हो सके।गांव की महिलाओं लड़कियों के साथ रआये दिन सडक पर मोटर साइकिल सवार युवा छेड़छाड़ करके गाजीपुर भाग जाते है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> बैरियर नहीं लगा होने से पुलिस केन  रहने से गांव की महिलाओं लड़कियों से लूट छेडछड बढ़ने लगी  है।पुल पर बैरियर कैमरा लाईट सार्वजनिक निर्माण विभाग द्वारा लगाया जाये।तभी हर तरह की लूट  बन्द हो  सकतीं हैं </div>
<div style="text-align:justify;">यहां यह भीबतना जरूरी है कि सडका का टेन्डर पूरी सड़क बनाने के लिए हुआ था पटरी भी बननी थी परन्तु सौ मीटर सड़क बनी नहीं।  पटरी दो फीट दोनों तरफ बनी नहीं।आखिर पैसा कहां गया । यह  दो जिलों को जोड़ने वाली सड़क की चौड़ाई कम कैसे कियागया। </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">सार्वजनिक निर्माण मंत्री के हस्तक्षेप से सड़क का मरम्मत हुआ वह  भी आधाअधूरा ही । </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">लोगों की मांग है कि सार्वजनिक निर्माण विभाग सड़क पर वाहनों की संख्या के अनुसार चौड़ी करें‌। साथ में पटरी का निर्माण बारिश होने से पहले किया जाये । तथा जो सौ मीटर सड़क नहीं बनाया है उसको पूरा किया जाये । सड़क की गुणवत्ता की  भी जाच विशेषज्ञों की समिति  करें।जिससे भविष्य में किसी तरह की कोई लापरवाही दो जिलों को जोड़ने वाली सड़क पर न हो।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182136/the-pwd-road-started-rising-on-the-second-day-of</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182136/the-pwd-road-started-rising-on-the-second-day-of</guid>
                <pubDate>Sat, 27 Jun 2026 20:24:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-06/1001846836.jpg"                         length="657130"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कैबिनेट मंत्री हरदीप सिंह मुंडियन ने विकास के कामों की प्रोग्रेस का रिव्यू किया</title>
                                    <description><![CDATA[<div><strong>लुधियाना</strong> कै बिनेट मंत्री हरदीप सिंह मुंडियन ने मंगलवार को लुधियाना जिले में चल रहे विकास के कामों की प्रोग्रेस का रिव्यू किया और अधिकारियों को विकास के कामों की रफ़्तार तेज़ करने का निर्देश दिया ताकि लोगों के फ़ायदे के लिए प्रोजेक्ट्स समय पर पूरे हो सकें।</div><div><br /></div><div>रिव्यू मीटिंग के दौरान डिप्टी कमिश्नर हिमांशु जैन, GLADA के चीफ़ एडमिनिस्ट्रेटर ओजस्वी अलंकार, एडिशनल डिप्टी कमिश्नर (रूरल डेवलपमेंट) डॉ. नरिंदर सिंह धालीवाल, सब डिवीज़नल मजिस्ट्रेट (लुधियाना ईस्ट) जसलीन कौर भुल्लर और अलग-अलग डिपार्टमेंट के सीनियर अधिकारी मौजूद थे। हरदीप सिंह मुंडियन ने लुधियाना-राहोन रोड पर चल रहे काम का रिव्यू किया</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/180874/cabinet-minister-hardeep-singh-mundian-reviewed-the-progress-of-development"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-06/1000898635.jpg" alt=""></a><br /><div><strong>लुधियाना</strong> कै बिनेट मंत्री हरदीप सिंह मुंडियन ने मंगलवार को लुधियाना जिले में चल रहे विकास के कामों की प्रोग्रेस का रिव्यू किया और अधिकारियों को विकास के कामों की रफ़्तार तेज़ करने का निर्देश दिया ताकि लोगों के फ़ायदे के लिए प्रोजेक्ट्स समय पर पूरे हो सकें।</div><div><br /></div><div>रिव्यू मीटिंग के दौरान डिप्टी कमिश्नर हिमांशु जैन, GLADA के चीफ़ एडमिनिस्ट्रेटर ओजस्वी अलंकार, एडिशनल डिप्टी कमिश्नर (रूरल डेवलपमेंट) डॉ. नरिंदर सिंह धालीवाल, सब डिवीज़नल मजिस्ट्रेट (लुधियाना ईस्ट) जसलीन कौर भुल्लर और अलग-अलग डिपार्टमेंट के सीनियर अधिकारी मौजूद थे। हरदीप सिंह मुंडियन ने लुधियाना-राहोन रोड पर चल रहे काम का रिव्यू किया और PWD अधिकारियों को प्रोजेक्ट को जल्द से जल्द पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि राहों रोड पर सीवेज का पानी जमा होने की समस्या को भी जल्द ही हल कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इलाके में पानी की निकासी को बेहतर बनाने और पानी के जमाव को रोकने के लिए सीवरेज सिस्टम की सफाई के लिए जल्द ही टेंडर जारी किए जाएंगे।</div><div><br /></div><div>अधिकारियों ने मंत्री को बताया कि राहों रोड पर जानवरों के आने-जाने के लिए अंडरपाथ का काम पूरा हो गया है, जबकि अप्रोच रोड का निर्माण अपने आखिरी स्टेज में है। सड़क को चौड़ा करने और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट को आसान बनाने के लिए बिजली के खंभे बदलने का काम भी जल्द ही शुरू होगा।</div><div><br /></div><div>कैबिनेट मंत्री ने सतलुज नदी के पास बसे गांवों में बाढ़ से बचाव के कामों की प्रगति का भी रिव्यू किया। उन्होंने संबंधित विभागों को बिना किसी देरी के तटबंधों को मजबूत करने और दूसरे सुरक्षा उपायों को पूरा करने का निर्देश दिया, खासकर आने वाले मानसून के मौसम को ध्यान में रखते हुए।</div><div><br /></div><div>सड़कों और बाढ़ से बचाव के अलावा, हरदीप सिंह मुंडियन ने अपने चुनाव क्षेत्र में इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स पर भी विस्तार से चर्चा की। इसमें आने वाले आम आदमी क्लीनिक का स्टेटस, सरकारी स्कूलों का अपग्रेडेशन, जिम और कम्युनिटी हॉल का कंस्ट्रक्शन, PSPCL से जुड़े मामले, सड़कें, नालियां और पानी सप्लाई सिस्टम, GLADA के तहत चल रहे प्रोजेक्ट्स वगैरह शामिल थे।</div><div><br /></div><div>मंत्री मुंडियन ने इंफ्रास्ट्रक्चर और पब्लिक सर्विसेज़ को मज़बूत करने के लिए पंजाब सरकार के वादे को दोहराया। उन्होंने ज़ोर दिया कि सभी डिपार्टमेंट को कोऑर्डिनेशन से काम करना चाहिए ताकि यह पक्का हो सके कि डेवलपमेंट के काम तय टाइम फ्रेम में पूरे हों। उन्होंने कहा कि प्रोजेक्ट्स में देरी का सीधा असर नागरिकों पर पड़ता है। मंत्री ने सभी अधिकारियों को डेवलपमेंट के कामों की रफ़्तार बनाए रखने और प्रोजेक्ट्स को टाइम-बाउंड तरीके से पूरा करने का भी निर्देश दिया।</div><div><br /></div><div>असल में लागू करने को पक्का करने के लिए, मंत्री ने डिपार्टमेंट्स को रेगुलर प्रोग्रेस रिपोर्ट जमा करने और बार-बार साइट इंस्पेक्शन करने का निर्देश दिया। उन्होंने आगे कहा कि लोगों को क्वालिटी इंफ्रास्ट्रक्चर देने के लिए ट्रांसपेरेंट मॉनिटरिंग और इंटर-डिपार्टमेंटल कोऑर्डिनेशन ज़रूरी है।<br /></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/180874/cabinet-minister-hardeep-singh-mundian-reviewed-the-progress-of-development</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/180874/cabinet-minister-hardeep-singh-mundian-reviewed-the-progress-of-development</guid>
                <pubDate>Tue, 09 Jun 2026 20:41:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-06/1000898635.jpg"                         length="142818"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        