<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.swatantraprabhat.com/tag/70643/fertilizer-distribution" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Swatantra Prabhat RSS Feed Generator</generator>
                <title>Fertilizer Distribution - Swatantra Prabhat</title>
                <link>https://www.swatantraprabhat.com/tag/70643/rss</link>
                <description>Fertilizer Distribution RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>सर्वर डाउन होने से नहीं मिल रही खाद, किसान </title>
                                    <description><![CDATA[<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>उतरौला, संवाददाता।</strong> खरीफ सीजन के चरम पर धान की रोपाई के बीच क्षेत्र में यूरिया संकट गहरा गया है। साधन सहकारी समितियों पर सर्वर डाउन होने से ई-पीओएस मशीनों पर किसानों का सत्यापन नहीं हो पा रहा है, जिसके कारण उन्हें निर्धारित मात्रा में यूरिया खाद नहीं मिल रही। घंटों इंतजार के बाद किसान बैरंग लौटने को मजबूर हैं। किसानों का कहना है कि भैरमपुर, देवरिया मैनहा, रेडवलिया, चायडीह, गैंडास बुजुर्ग, चिरकुटिया, गन्ना समिति उतरौला तथा एग्रीजंक्शन उतरौला व बेथुइया समेत कई केंद्रों पर पूरे दिन तकनीकी समस्या के चलते खाद वितरण प्रभावित रहा।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">किसानों का कहना है कि धान</div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/183926/farmers-not-getting-fertilizer-due-to-server-being-down"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/0.1.jpg" alt=""></a><br /><div>
<div style="text-align:justify;"><strong>उतरौला, संवाददाता।</strong> खरीफ सीजन के चरम पर धान की रोपाई के बीच क्षेत्र में यूरिया संकट गहरा गया है। साधन सहकारी समितियों पर सर्वर डाउन होने से ई-पीओएस मशीनों पर किसानों का सत्यापन नहीं हो पा रहा है, जिसके कारण उन्हें निर्धारित मात्रा में यूरिया खाद नहीं मिल रही। घंटों इंतजार के बाद किसान बैरंग लौटने को मजबूर हैं। किसानों का कहना है कि भैरमपुर, देवरिया मैनहा, रेडवलिया, चायडीह, गैंडास बुजुर्ग, चिरकुटिया, गन्ना समिति उतरौला तथा एग्रीजंक्शन उतरौला व बेथुइया समेत कई केंद्रों पर पूरे दिन तकनीकी समस्या के चलते खाद वितरण प्रभावित रहा।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">किसानों का कहना है कि धान की रोपाई के बाद समय पर यूरिया देना फसल की बढ़वार के लिए बेहद जरूरी है।देरी होने पर पौधों की वृद्धि और पैदावार दोनों प्रभावित हो सकती हैं। सहकारी समितियों से खाद न मिलने पर किसान निजी उर्वरक दुकानों का रुख कर रहे हैं, लेकिन वहां भी सीमित स्टॉक और लंबी कतारों के कारण परेशानी बनी हुई है। जुलाई के इस दौर में किसानों को यूरिया के साथ डीएपी, एनपीके, जिंक सल्फेट, सूक्ष्म पोषक तत्व, खरपतवारनाशी व कीटनाशकों की भी आवश्यकता रहती है। किसानों ने प्रशासन से सर्वर की तकनीकी समस्या का तत्काल समाधान कराने तथा सभी समितियों पर पर्याप्त मात्रा में यूरिया उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि खरीफ सीजन की खेती प्रभावित न हो।</div>
</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/183926/farmers-not-getting-fertilizer-due-to-server-being-down</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/183926/farmers-not-getting-fertilizer-due-to-server-being-down</guid>
                <pubDate>Tue, 21 Jul 2026 22:28:21 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/0.1.jpg"                         length="183774"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बी पैक्स ककरहवा  के प्रभारी सचिव पर मनमानी का आरोप</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर ।</strong> बी०पैक्स  ककरहवा  पर तैनात प्रभारी  सचिव द्वारा समिति के संचालक मण्डल की बैठक कभी भी नहीं कराई गई है ।जो भी प्रस्ताव इनके द्वारा किया जाता वह फर्जी है न तो इनके द्वारा कभी कोई एजेन्डा  निकाला गया है जो समिति नियमावली  के विपरीत है। यह आरोप संचालक मंडल के सदस्य प्रेम मिलन शुक्ल ने  जिलाधिकारी को दिए गए शिकायती पत्र में कहा, उन्होंने यह भी लिखा है कि प्रभारी सचिव द्वारा खाद वितरण में व्यापक मनमानी किया जाता है। इनके द्वारा समिति में व्यापक गड़बड़ी किया जा चुका है ।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">जिसका शिकायत कई बार किया गया परन्तु</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182808/secretary-in-charge-of-b-pax-kakarhwa-accused-of-arbitrariness"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/hindi-divas6.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर ।</strong> बी०पैक्स  ककरहवा  पर तैनात प्रभारी  सचिव द्वारा समिति के संचालक मण्डल की बैठक कभी भी नहीं कराई गई है ।जो भी प्रस्ताव इनके द्वारा किया जाता वह फर्जी है न तो इनके द्वारा कभी कोई एजेन्डा  निकाला गया है जो समिति नियमावली  के विपरीत है। यह आरोप संचालक मंडल के सदस्य प्रेम मिलन शुक्ल ने  जिलाधिकारी को दिए गए शिकायती पत्र में कहा, उन्होंने यह भी लिखा है कि प्रभारी सचिव द्वारा खाद वितरण में व्यापक मनमानी किया जाता है। इनके द्वारा समिति में व्यापक गड़बड़ी किया जा चुका है ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">जिसका शिकायत कई बार किया गया परन्तु कोई कार्यवाही नही हुई। प्रभारी सचिव द्वारा बी० पैक्स हरिवंशपुर में कई गंभीर आरोप  है। बी० पैक्स ककरहवा, बी० पैक्स हरिवंशपुर  जाँच करा दिया जाय तो सभी मामलों का उजागर हो जायेगा प्रभारी सचिव की नियुक्ति भी सहकारी समिति अधिनियम के विपरीत है।इनके द्वारा बी पैक्स हरिवंशपुर में  गोलमाल के कारण ही  लगभग 6-7 माह हो गया अभी तक अभिलेखों का चार्ज नही दिया गया है। इस सम्बन्ध में ए.आर.  कोऑपरेटिव का कहना है कि सचिव द्वारा संचालक मंडल का बैठक नहीं कराया जा रहा है , यह एक गंभीर मामला है, इसकी जांच कराकर संबंधित सचिव के विरूद्ध कार्रवाई की जाएगी।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पश्चिमी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182808/secretary-in-charge-of-b-pax-kakarhwa-accused-of-arbitrariness</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182808/secretary-in-charge-of-b-pax-kakarhwa-accused-of-arbitrariness</guid>
                <pubDate>Sun, 05 Jul 2026 22:33:40 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/hindi-divas6.jpg"                         length="137237"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>एसडीएम ने किया साधन सहकारी समितियां का निरीक्षण मिली खामियां </title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>बरेली/नवाबगंज </strong> एसडीम उदित पवार ने किसानों को खाद की किल्लत को देखते हुए विकासखंड भदपुरा के निरीक्षण को निकले उन्होंने क्यों लड़ियां पहुंचकर साधन सहकारी समिति पर किसानों से वार्ता की किसानों के द्वारा बताया गया समितियां पर खाद लेने के लिए आकर अपने कागज जमा कर देते हैं और लाइन में लगे रहते हैं शाम को कह दिया जाता है की अब मशीन काम नहीं कर रही है।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">  अपने-अपने कागज ले जाओ कई कई दिनों तक समितियां पर सचिव लोग उपस्थित नहीं होते हैं जिसके कारण किसानों को गन्ने की फसल में यूरिया खाद लेने के लिए भारी</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">तो</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182559/sdm-inspected-the-resource-cooperative-societies-and-found-flaws"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/1.------------------------अ.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>बरेली/नवाबगंज </strong> एसडीम उदित पवार ने किसानों को खाद की किल्लत को देखते हुए विकासखंड भदपुरा के निरीक्षण को निकले उन्होंने क्यों लड़ियां पहुंचकर साधन सहकारी समिति पर किसानों से वार्ता की किसानों के द्वारा बताया गया समितियां पर खाद लेने के लिए आकर अपने कागज जमा कर देते हैं और लाइन में लगे रहते हैं शाम को कह दिया जाता है की अब मशीन काम नहीं कर रही है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> अपने-अपने कागज ले जाओ कई कई दिनों तक समितियां पर सचिव लोग उपस्थित नहीं होते हैं जिसके कारण किसानों को गन्ने की फसल में यूरिया खाद लेने के लिए भारी संकट का सामना करना पड़ रहा है निजी दुकानदारों के पास जाने पर अन्य सामग्री सौंप दी जाती है जिसकी कीमत यूरिया के बोरा से कहीं अधिक है जिसके कारण किसानों को संकट का सामना करना पड़ रहा है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> एसडीएम पवार द्वारा क्यों लड़ियां समिति पर ही सचिव एवं किसानों के बीच बैठकर उन्होंने निर्देशित किया खाद्य वितरण में किसी भी तरह की धांधली बरती गई तो निश्चित तौर पर बड़ी कार्यवाही की जाएगी किसानों को उनके मानक के अनुसार यूरिया खाद उपलब्ध कराई जाए इसमें किसी भी तरह की शिकायत मिलती है ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">तो इसे गंभीरता द्वारा लिया जाएगा और जिलाधिकारी की तरफ से बड़ी कार्यवाही की जाएगी इसलिए व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाया जाए उन्होंने ग्रामीणों को स्वस्थ किया यदि अब किसी तरह की गड़बड़ी होने पर वह शिकायत करें संबंधित के विरुद्ध जांच करवा कर शीघ्र कार्यवाही की जाएगी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> इसी दौरान उन्होंने परसरामपुर सदर सहकारी समिति का भी निरीक्षण किया वहां पर भी लोगों ने छुट फुट शिकायत की गई एसडीएम द्वारा वहां भी सचिव को चेतावनी दी गई मानक के अनुरूप किसानों को खाद्य शीघ्र उपलब्ध कराई जाए इस समय किसानों को खाद की आवश्यकता है यदि इसमें लापरवाही की गई तो जिम्मेदारों को इसका खामियाजा उठाना पड़ेगा इसके साथ ही उन्होंने निजी दुकानों पर भी फोकस किया।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> सब कुछ नॉर्मल मिलने के बाद एसडीएम द्वारा खाद वितरण पर लेखपालों को भी नजर रखने की बात कही गई इसी क्रम में किसानों द्वारा एक बड़ी समस्या का खुलासा किया गया किसानों द्वारा बनवाई गई फार्मर आईडी में संबंधित लेखपालों ने किसानों की कृषि योग्य भूमि को न्यूनतम स्तर पर ही दर्ज किया है जिसके कारण किसानों को खाद लेने के लिए फार्मर आईडी के साथ अपनी जमीन की खतौनी निकलवा कर भी ले जाना पड़ रही है यह बड़ी समस्या होने पर इसे किसने की संबंधित भूमि को उनकी फार्मर आईडी में दर्ज </div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182559/sdm-inspected-the-resource-cooperative-societies-and-found-flaws</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182559/sdm-inspected-the-resource-cooperative-societies-and-found-flaws</guid>
                <pubDate>Thu, 02 Jul 2026 18:07:24 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/1.------------------------%E0%A4%85.jpg"                         length="310188"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>जिलाधिकारी ने सहकारी समिति बसंतपुर का किया निरीक्षण, दिए निर्देश</title>
                                    <description><![CDATA[<div>
<div>
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong> जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन द्वारा बहुउद्देशीय प्राथमिक ग्रामीण सहकारी समिति लि0, बसन्तपुर विकास खण्ड बांसी का निरीक्षण किया गया। </div>
<div style="text-align:justify;">निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी  शिवशरणप्पा जीएन द्वारा खाद वितरण के बारे में जानकारी प्राप्त किया गया। जिलाधिकारी को अवगत कराया गया कि केन्द्र पर 500 बोरी उर्वरक का आवंटन प्राप्त हुआ है। फार्मर रजिस्ट्री के अनुसार खाद का वितरण किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने निर्देश देते हुए कहा कि खाद के साथ किसी भी प्रकार की टैगिंग नही होना चाहिए। टैगिंग शत-प्रतिशत बन्द है। इस प्रकार की शिकायत मिलने पर संबधित के विरूद्ध कार्यवाही की जायेगी। इसके साथ नियमानुसार खाद</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/181049/district-magistrate-inspected-the-cooperative-society-basantpur-and-gave-instructions"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-06/1781187652076.jpg" alt=""></a><br /><div>
<div>
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong> जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन द्वारा बहुउद्देशीय प्राथमिक ग्रामीण सहकारी समिति लि0, बसन्तपुर विकास खण्ड बांसी का निरीक्षण किया गया। </div>
<div style="text-align:justify;">निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी  शिवशरणप्पा जीएन द्वारा खाद वितरण के बारे में जानकारी प्राप्त किया गया। जिलाधिकारी को अवगत कराया गया कि केन्द्र पर 500 बोरी उर्वरक का आवंटन प्राप्त हुआ है। फार्मर रजिस्ट्री के अनुसार खाद का वितरण किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने निर्देश देते हुए कहा कि खाद के साथ किसी भी प्रकार की टैगिंग नही होना चाहिए। टैगिंग शत-प्रतिशत बन्द है। इस प्रकार की शिकायत मिलने पर संबधित के विरूद्ध कार्यवाही की जायेगी। इसके साथ नियमानुसार खाद वितरण कराने का निर्देश दिया।</div>
</div>
</div>
</div>
<div class="yj6qo" style="text-align:justify;"> </div>
<div class="adL" style="text-align:justify;"> </div>
</div>
<div class="adL" style="text-align:justify;"> </div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/181049/district-magistrate-inspected-the-cooperative-society-basantpur-and-gave-instructions</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/181049/district-magistrate-inspected-the-cooperative-society-basantpur-and-gave-instructions</guid>
                <pubDate>Thu, 11 Jun 2026 21:19:44 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-06/1781187652076.jpg"                         length="824652"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>खरीफ मौसम में उर्वरक की कालाबाजारी एवं अन्य उत्पादों की टैगिंग पर होगी कड़ी कार्यवाही</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>प्रतापगढ़।</strong> जिला कृषि अधिकारी अशोक कुमार ने बताया है कि जनपद में आगामी खरीफ मौसम में किसान किसी भी प्रकार की कमी की आशंका से घबराकर अभी से यूरिया, डीएपी, पोटाश आदि उर्वरक का पूर्व-संचय या स्टाक न करें। प्रशासन द्वारा समय पर पर्याप्त मात्रा में गुणवत्तायुक्त उर्वरक उपलब्ध कराना शासन एवं कृषि विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है।</div>
<div style="text-align:justify;">सभी उर्वरक विक्रेता सुनिश्चित करेंगे कि कृषकों को उनकी खतौनी के अनुरूप ही उर्वरक का वितरण किया जाए। बिना खतौनी अथवा कम दस्तावेज पर अधिक उर्वरक देना प्रतिबंधित रहेगा। उर्वरकों का विक्रय निर्धारित दरों पर ही किया जाए तथा किसी भी दशा</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/175526/strict-action-will-be-taken-against-black-marketing-of-fertilizers"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/47.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>प्रतापगढ़।</strong> जिला कृषि अधिकारी अशोक कुमार ने बताया है कि जनपद में आगामी खरीफ मौसम में किसान किसी भी प्रकार की कमी की आशंका से घबराकर अभी से यूरिया, डीएपी, पोटाश आदि उर्वरक का पूर्व-संचय या स्टाक न करें। प्रशासन द्वारा समय पर पर्याप्त मात्रा में गुणवत्तायुक्त उर्वरक उपलब्ध कराना शासन एवं कृषि विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है।</div>
<div style="text-align:justify;">सभी उर्वरक विक्रेता सुनिश्चित करेंगे कि कृषकों को उनकी खतौनी के अनुरूप ही उर्वरक का वितरण किया जाए। बिना खतौनी अथवा कम दस्तावेज पर अधिक उर्वरक देना प्रतिबंधित रहेगा। उर्वरकों का विक्रय निर्धारित दरों पर ही किया जाए तथा किसी भी दशा में उर्वरकों के साथ अन्य उत्पादों की टैगिंग न की जाए।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">उन्होने जनपद के सभी उर्वरक विक्रेताओ को निर्देशित किया है कि प्रत्येक विक्रेता को अपने दुकान पर स्पष्ट रूप से रेट बोर्ड तथा स्टॉक बोर्ड अवश्य लगाना होगा। आने वाले उर्वरकों की मात्रा तथा उसका विवरण स्टॉक रजिस्टर में लगातार एवं नियमित रूप से दर्ज करना अनिवार्य होगा।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">उर्वरकों की विक्री वितरण के साथ अन्य उत्पादों की टैगिंग, ओवर रेटिंग कालाबाजारी तथा तस्करी करते हुए जो भी विक्रेता पाया जाएगा के विस्द्ध उर्वरक अकार्बनिक, कार्बनिक या मिश्नित नियंन्त्रण आदेश 1985 एवं आवश्यक वस्तु अधिनियम-1955 में निहित प्रविधानों के अन्तर्गत कठोर कार्यवाही की जाएगा। उर्वरकों की विक्री निर्धारित दर से अधिक दर पर करने अथवा यूरिया व अन्य उर्वरकों के साथ जबरन अन्य उत्पादों की टैगिंग दुकानदार द्वारा की जाने की स्थिति में इसकी लिखित सूचना जिला कृषि अधिकारी कार्यालय अथवा दूरभाष नं-7839882339 एवं 9793096573 पर दर्ज करा सकते है,</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">जिससे संबन्धित विक्रेता के विस्द दंडात्मक विधिक कार्यवाही सुनिश्चित की जा सके।उन्होने किसानों से अपील किया है कि वे खरीफ सीजन की फसलों की आवश्यकता के अनुरूप ही उर्वरक खरीदें। खरीदते समय बिल अवश्य लें। यदि आपको किसी उर्वरक की गुणवत्ता पर संदेह है, तो तुरंत नजदीकी कृषि कर्मचारी या जिला कृषि अधिकारी कार्यालय में इसकी सूचना दें।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/175526/strict-action-will-be-taken-against-black-marketing-of-fertilizers</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/175526/strict-action-will-be-taken-against-black-marketing-of-fertilizers</guid>
                <pubDate>Wed, 08 Apr 2026 19:11:49 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/47.jpg"                         length="93159"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        