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                <title>Prime Minister - Swatantra Prabhat</title>
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                <description>Prime Minister RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>संभाग शहडोल के पीड़ितजनों ने कमिष्नर को हटाने की चलाई मुहिम </title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;"><strong>दिनेश चौधरी की ख़ास रिपोर्ट </strong></p>
<p style="text-align:justify;"><strong>शहडोल से </strong>.- आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र शहडोल संसदीय में जहां जनप्रतिनिधियों की निष्क्रिता खुलेआम देखी जा रही है, वहीं संभाग में अफसरसाही चरम पर है, उमरिया अनूपपुर एवं शहडोल के पीढ़ित कर्मचारियों एवं पीड़ित किसानों के चल रहे प्रकरण जिनके वर्षो से कष्निर न्यायालय में सुनवाई कर आर्डर की प्रतिक्षा में लंबित है। कई ऐसे प्रकरण है, जिन पर तत्काल निराकरण कर प्रकरण को सामप्त किया जा सकता है। लेकिन आष्चर्य की बात यह है कि 5 महीने से कई ऐसे प्रकरण है, जिनकी अंतिम सुनवाई होने के बाद फैसला होने का नाम नही आज</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/160822/the-victims-of-shahdol-division-launched-a-campaign-to-remove"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2025-11/hindi-divas24.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>दिनेश चौधरी की ख़ास रिपोर्ट </strong></p>
<p style="text-align:justify;"><strong>शहडोल से </strong>.- आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र शहडोल संसदीय में जहां जनप्रतिनिधियों की निष्क्रिता खुलेआम देखी जा रही है, वहीं संभाग में अफसरसाही चरम पर है, उमरिया अनूपपुर एवं शहडोल के पीढ़ित कर्मचारियों एवं पीड़ित किसानों के चल रहे प्रकरण जिनके वर्षो से कष्निर न्यायालय में सुनवाई कर आर्डर की प्रतिक्षा में लंबित है। कई ऐसे प्रकरण है, जिन पर तत्काल निराकरण कर प्रकरण को सामप्त किया जा सकता है। लेकिन आष्चर्य की बात यह है कि 5 महीने से कई ऐसे प्रकरण है, जिनकी अंतिम सुनवाई होने के बाद फैसला होने का नाम नही आज कल आज कल कहकर पीड़ितजनों को जानबूझकर परेषान किया जा रहा है, कई ऐसे कर्मचारी व किसान जो आदिवासी वर्ग से आते हैं, मजबूर होकर देष के प्रधानमंत्री, प्रदेष के मुख्यमंत्री एवं राज्यपाल तक विस्तार के साथ षिकायत कर न्याय की गुहार लगायी है। </p>
<p style="text-align:justify;"><strong>आखिर मजबूरी क्या कि फैसला होने में कोताही की जा रही ? - </strong><br />जन जन की आवाज है कि संभागीय कार्यालय में पीड़ितजनों की सैकड़ों फाइल धूल खाती नजर आ रही एवं दर्जेनों फाइलों का निराकरण फैसला करना न होना क्या जानबूझकर या किसी मजबूरीबस नही की जा रही लोगों का कहना है कि फैसला करने के लिए उपयुक्त अधिकारी नही जिस कारण फैसला न हो रहा कई पीढ़ित जन माननीय हाई कोट एवं सचिवालय का शरण लेकर न्याय लेकर संभागीय कमिष्नर के यहां भारी बिलम्ब व पीड़ितजनों की सुनवाई न होना प्रदेष सरकार की सोच से परे हैं पीड़ितजनों ने शीघ्र शहडोल संभाग कमिष्नर को हटाने की मांग की गई है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>मध्य प्रदेश</category>
                                            <category>राज्य</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 19 Nov 2025 18:41:56 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नेपाल में विपक्षी दल आखिर क्यों रहा मतदान से दूर </title>
                                    <description><![CDATA[<p>काठमांडू। नेपाल के प्रधानमंत्री पुष्प कमल दाहाल ‘प्रचंड’ ने सोमवार को संसद में विश्वास मत हासिल कर लिया जो उनके पदभार संभालने के 18 महीने के भीतर चौथा शक्ति परीक्षण था। इस दौरान मुख्य विपक्षी दल नेपाली कांग्रेस ने नारेबाजी की और वह मतदान से दूर रही। नेपाल की प्रतिनिधि सभा (एचओआर) में तीसरी सबसे बड़ी पार्टी ‘कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ नेपाल (माओइस्ट सेंटर)’के नेता प्रचंड (69) को 275 सदस्यीय प्रतिनिधि सभा में 157 वोट मिले। मतदान में कुल 158 सांसदों ने हिस्सा लिया। </p>
<p>मुख्य विपक्षी दल नेपाली कांग्रेस ने मतदान प्रक्रिया का बहिष्कार किया और उपप्रधानमंत्री एवं गृह मंत्री रबी</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/141453/why-did-the-opposition-party-stay-away-from-voting-in"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2024-05/prachand-1820_052917015923.jpg" alt=""></a><br /><p>काठमांडू। नेपाल के प्रधानमंत्री पुष्प कमल दाहाल ‘प्रचंड’ ने सोमवार को संसद में विश्वास मत हासिल कर लिया जो उनके पदभार संभालने के 18 महीने के भीतर चौथा शक्ति परीक्षण था। इस दौरान मुख्य विपक्षी दल नेपाली कांग्रेस ने नारेबाजी की और वह मतदान से दूर रही। नेपाल की प्रतिनिधि सभा (एचओआर) में तीसरी सबसे बड़ी पार्टी ‘कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ नेपाल (माओइस्ट सेंटर)’के नेता प्रचंड (69) को 275 सदस्यीय प्रतिनिधि सभा में 157 वोट मिले। मतदान में कुल 158 सांसदों ने हिस्सा लिया। </p>
<p>मुख्य विपक्षी दल नेपाली कांग्रेस ने मतदान प्रक्रिया का बहिष्कार किया और उपप्रधानमंत्री एवं गृह मंत्री रबी लामिछाने के खिलाफ नारेबाजी की। लामिछाने पर सहकारी निधि के दुरुपयोग का आरोप है। विपक्षी दल की इस नारेबाजी के कारण मतदान प्रक्रिया में देरी हुई।</p>
<p>मतदान के दौरान प्रतिनिधि सभा का एक सदस्य तटस्थ रहा। सदन के अध्यक्ष राज घिमिरे ने घोषणा की कि संसद में बहुमत मिलने के साथ ही प्रचंड ने विश्वास मत हासिल कर लिया है। यह शक्ति प्रदर्शन गठबंधन सहयोगियों में शामिल ‘जनता समाजबादी पार्टी’ (जेएसपी) द्वारा पिछले सप्ताह गठबंधन सरकार से अपना समर्थन वापस लिए जाने के कुछ दिनों बाद किया गया।</p>
<p>सरकार को विश्वास मत जीतने के लिए कम से कम 138 मतों की आवश्यकता थी। इससे पहले, नेपाली कांग्रेस द्वारा अवरोध पैदा किए जाने के कारण मतदान में देरी हुई। नेपाली कांग्रेस ने घोटाले में लामिछाने की कथित संलिप्तता की जांच के लिए संसदीय जांच समिति के गठन की मांग की।</p>
<p>प्रचंड के दिसंबर 2022 में प्रधानमंत्री पद संभालने के बाद से संसद में विश्वास मत के लिए चौथी बार मतदान हुआ है। संवैधानिक प्रावधानों के मुताबिक, किसी सहयोगी दल के सत्तारूढ़ गठबंधन से समर्थन वापस लेने की स्थिति में प्रधानमंत्री को विश्वास मत हासिल करना होता है। इससे पहले प्रचंड ने 13 मार्च को लगातार तीसरी बार विश्वास मत जीता था।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>एशिया</category>
                                            <category>अंतर्राष्ट्रीय</category>
                                            <category>Featured</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 20 May 2024 16:57:08 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Office Desk Lucknow]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पीएम मोदी का कांग्रेस पर तंज, दूरबीन से खोज रहे है सीट</title>
                                    <description><![CDATA[<p>प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को तेलंगाना के दौरे पर रहे। उन्होंने वारंगल में एक रैली को संबोधित किया। पीएम मोदी ने कहा कि लोकसभा चुनाव के तीसरे चरण के बाद कांग्रेस नेता दूरबीन से सीट खोज रहे हैं। चौथे चरण में कांग्रेस नेताओं को अपनी सीट खोजने के लिए सूक्ष्मदर्शी का इस्तेमाल करना होगा। प्रधानमंत्री ने कटाक्ष करते हुए कहा कि इस बार ‘इंडिया' गठबंधन यह फॉर्मूला लेकर आया है कि ‘पांच साल-पांच प्रधानमंत्री'। पीएम मोदी ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस या उनके सहयोगी दल जहां भी सत्ता में आए, वे राज्य उनके लिए ‘एटीएम' बन</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/140953/pm-modis-taunt-on-congress-searching-for-seats-with-binoculars"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2024-05/2024_5image_14_23_452617444moding-ll.jpg" alt=""></a><br /><p>प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को तेलंगाना के दौरे पर रहे। उन्होंने वारंगल में एक रैली को संबोधित किया। पीएम मोदी ने कहा कि लोकसभा चुनाव के तीसरे चरण के बाद कांग्रेस नेता दूरबीन से सीट खोज रहे हैं। चौथे चरण में कांग्रेस नेताओं को अपनी सीट खोजने के लिए सूक्ष्मदर्शी का इस्तेमाल करना होगा। प्रधानमंत्री ने कटाक्ष करते हुए कहा कि इस बार ‘इंडिया' गठबंधन यह फॉर्मूला लेकर आया है कि ‘पांच साल-पांच प्रधानमंत्री'। पीएम मोदी ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस या उनके सहयोगी दल जहां भी सत्ता में आए, वे राज्य उनके लिए ‘एटीएम' बन गए। </p>
<p>वारंगल में एक जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "कांग्रेस के लोग मैग्नीफाइंग ग्लास लेकर अपनी सीटें खोज रहे हैं...चौथे चरण में कांग्रेस का सामान्य मैग्नीफाइंग ग्लास से काम नहीं चलेगा। कांग्रेस को अपनी सीटें खोजने के लिए माइक्रोस्कोप की आवश्यकता पड़ेगी।" पीएम मोदी ने कहा, "आजकल आप देख रहे हैं कि दुनिया में हर तरफ अस्थिरता है, अशांति है, संकट है। ऐसे में क्या देश की कमान ग़लत हाथों में दी जा सकती है? इसलिए देश कह रहा है फिर एक बार मोदी सरकार।" </p>
<p>प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "कांग्रेस झूठ की कितनी बड़ी मास्टर है तेलंगाना से बेहतर कौन जानेगा। कांग्रेस ने अपनी सबसे बड़ी नेता के जन्मदिन से पहले किसानों का कर्ज़ माफ करने का वादा किया था। इन्होंने झूठ बोला या नहीं? अब ये लोग 15 अगस्त तक अपने वादे टाल रहे हैं ताकि लोकसभा का चुनाव खत्म हो जाए फिर वे अपने हाथ ऊपर कर दें...क्या ये आपसे धोखा नहीं है?...ये लोग सनातन को गाली देने वाले लोग हैं।"</p>
<p>मोदी ने कहा, "BRS की सच्चाई भी SC, ST, OBC समाज को धोखा देने की है। BRS ने 2014 में आपसे वादा किया था कि वो सरकार में आई तो दलित मुख्यमंत्री बनाएंगी। BRS ने दलित बंधु योजना के नाम पर भी आपका भरोसा तोड़ा...यही BRS है जिसने तुष्टीकरण की राजनीति को आगे बढ़ाते हुए मुस्लिम IT पार्क बनाने की बात कही थी। "</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजनीति</category>
                                            <category>Featured</category>
                                            <category>राजनीति</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 08 May 2024 14:59:42 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Office Desk Lucknow]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पाक के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की सेना प्रमुख जनरल मुनीर से हुई मुलाकात </title>
                                    <description><![CDATA[<p>पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल आसिम मुनीर ने नवनिर्वाचित प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से बुधवार को पहली बार मुलाकात की और पेशेवर तथा सुरक्षा संबंधी मुद्दों पर चर्चा की। पाकिस्तान की शक्तिशाली सेना ने एक दिन पहले ही शहबाज शरीफ को पद संभालने पर बधाई दी थी। सेना प्रमुख जनरल मुनीर ने इस्लामाबाद में प्रधानमंत्री आवास परशहबाज शरीफ को बधाई देने के लिए मुलाकात की और देश के 24वें मुख्य कार्यकारी के रूप में पदभार संभालने के लिए उन्हें शुभकामनाएं दीं।</p>
<p>पाकिस्तान में आठ फरवरी को हुए आम चुनाव के लगभग एक महीने बाद शहबाज ने सोमवार को औपचारिक रूप से</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/139170/pakistan-prime-minister-shahbaz-sharif-met-army-chief-general-munir"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2024-03/licensed-image.jpg" alt=""></a><br /><p>पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल आसिम मुनीर ने नवनिर्वाचित प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से बुधवार को पहली बार मुलाकात की और पेशेवर तथा सुरक्षा संबंधी मुद्दों पर चर्चा की। पाकिस्तान की शक्तिशाली सेना ने एक दिन पहले ही शहबाज शरीफ को पद संभालने पर बधाई दी थी। सेना प्रमुख जनरल मुनीर ने इस्लामाबाद में प्रधानमंत्री आवास परशहबाज शरीफ को बधाई देने के लिए मुलाकात की और देश के 24वें मुख्य कार्यकारी के रूप में पदभार संभालने के लिए उन्हें शुभकामनाएं दीं।</p>
<p>पाकिस्तान में आठ फरवरी को हुए आम चुनाव के लगभग एक महीने बाद शहबाज ने सोमवार को औपचारिक रूप से पदभार ग्रहण किया। प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) द्वारा जारी एक बयान के अनुसार, बैठक के दौरान, पाकिस्तानी सेना और सुरक्षा मामलों के पेशेवर मामलों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया गया।</p>
<p>यह भी कहा गया कि बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा समेत अहम मुद्दों पर चर्चा हुई। इस अवसर पर, सेना प्रमुख ने प्रधानमंत्री को उनके पदभार ग्रहण करने पर बधाई और शुभकामनाएं दीं।</p>
<p><br /><br /></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>एशिया</category>
                                            <category>अंतर्राष्ट्रीय</category>
                                            <category>Featured</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/139170/pakistan-prime-minister-shahbaz-sharif-met-army-chief-general-munir</link>
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                <pubDate>Thu, 07 Mar 2024 12:18:34 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Office Desk Lucknow]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title> पाकिस्तान ने चीन से हाथ फैला के मांगी 2 अरब डॉलर की भिक्षा</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>इंटरनेशनल डेस्क.</strong> पाकिस्तान इस समय वित्तीय संकट से जूझ रहा है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री अनवर उल हक काकर ने चीनी प्रधानमंत्री ली कियांग से 2 अरब डॉलर की वित्तीय सहायता मांगी है। काकर की सरकार ने चीनी प्रधान मंत्री ली कियांग से अनुरोध किया है कि 23 मार्च, 2024 को चीन से ऋण के लिए जमा करने का समय पूरा होते ही ऋण को वापस ले लिया जाए।</p>
<p>खबर के अनुसार, अनवर उल हक काकर ने पत्र में आर्थिक संकट में पाकिस्तान की मदद के लिए चीन का आभार जताया। नकदी संकट से जूझ रहे देश को चीन से कुल</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/138444/pakistan-extended-its-hands-and-asked-for-alms-of-2"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2024-01/2024_1image_13_09_110314684pakistan-ll.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>इंटरनेशनल डेस्क.</strong> पाकिस्तान इस समय वित्तीय संकट से जूझ रहा है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री अनवर उल हक काकर ने चीनी प्रधानमंत्री ली कियांग से 2 अरब डॉलर की वित्तीय सहायता मांगी है। काकर की सरकार ने चीनी प्रधान मंत्री ली कियांग से अनुरोध किया है कि 23 मार्च, 2024 को चीन से ऋण के लिए जमा करने का समय पूरा होते ही ऋण को वापस ले लिया जाए।</p>
<p>खबर के अनुसार, अनवर उल हक काकर ने पत्र में आर्थिक संकट में पाकिस्तान की मदद के लिए चीन का आभार जताया। नकदी संकट से जूझ रहे देश को चीन से कुल चार अरब डॉलर का कर्ज मिला था, जिससे देश पर बाहरी कर्ज भुगतान का दबाव कम हुआ और विदेशी मुद्रा भंडार स्थिर हुआ। इस महीने के शुरुआत में संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने पाकिस्तान के लिए दो अरब डॉलर का कर्ज रोक दिया था। हालांकि, सऊदी अरब ने पाकिस्तान स्टेट बैंक (एसबीपी) के पास पांच अरब डॉलर जमा कराए हैं। अंतरिम सरकार ने 1.2 अरब डॉलर की अंतिम ऋण किस्त के लिए बातचीत के लिए इस महीने एक नया मिशन भेजने का अनुरोध किया है। यह मिशन आईएमएफ से न केवल कर्ज की अंतिम किस्त लेने के लिए जरूरी है, बल्कि एक नए दीर्घकालिक ऋण कार्यक्रम के लिए बातचीत शुरू करने के लिए भी जरूरी है।</p>
<p>पूर्व वित्त मंत्री इशाक डार ने कहा कि अगर उनकी पार्टी पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) चुनाव जीतती है और सरकार बनाती है, तो नए आईएमएफ कार्यक्रम के बारे में जल्द से जल्द फैसला लिया जाएगा। अगर उनकी पार्टी आईएमएफ के ऋण कार्यक्रम में शामिल नहीं होने का फैसला करती है, तो वह तुरंत कमर कसने वाले कदम उठाएंगे। </p>
<p><br /> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>एशिया</category>
                                            <category>अंतर्राष्ट्रीय</category>
                                            <category>Featured</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 29 Jan 2024 13:42:04 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
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                <title>  जिनपिंग से मुलाकात करने चीन पहुंचे न्यूजीलैंड के PM क्रिस,  आर्थिक संबंधों पर चर्चा की</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>INTERNATIONAL NEWS:</strong></p>
<p><strong>न्यूजीलैंड</strong> के प्रधानमंत्री क्रिस हिपकिंस ने अपनी चीन यात्रा के दौरान मंगलवार को राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात की और इस दौरान चीन के साथ आर्थिक संबंधों को बढ़ावा देने पर चर्चा की। हिपकिंस ने कहा कि शी के साथ उनकी बैठक का केन्द्र ‘‘करोबारों को समर्थन देते हुए हमारे निकट आर्थिक संबंधों की पुन: पुष्टि करना है....।'' हिपकिंस चीन की पांच दिवसीय यात्रा पर हैं। जनवरी में प्रधानमंत्री बनने के बाद यह उनकी पहली यात्रा है। हिपकिंस के साथ पर्यटन एवं शिक्षा के क्षेत्र से जुड़े उद्यमियों का प्रतिनिधिमंडल भी आया है।</p>
<p>न्यूजीलैंड ने यूं तो चीन</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/131461/new-zealand-pm-chris-arrives-in-china-to-meet-jinping"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2023-06/222222.webp" alt=""></a><br /><p><strong>INTERNATIONAL NEWS:</strong></p>
<p><strong>न्यूजीलैंड</strong> के प्रधानमंत्री क्रिस हिपकिंस ने अपनी चीन यात्रा के दौरान मंगलवार को राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात की और इस दौरान चीन के साथ आर्थिक संबंधों को बढ़ावा देने पर चर्चा की। हिपकिंस ने कहा कि शी के साथ उनकी बैठक का केन्द्र ‘‘करोबारों को समर्थन देते हुए हमारे निकट आर्थिक संबंधों की पुन: पुष्टि करना है....।'' हिपकिंस चीन की पांच दिवसीय यात्रा पर हैं। जनवरी में प्रधानमंत्री बनने के बाद यह उनकी पहली यात्रा है। हिपकिंस के साथ पर्यटन एवं शिक्षा के क्षेत्र से जुड़े उद्यमियों का प्रतिनिधिमंडल भी आया है।</p>
<p>न्यूजीलैंड ने यूं तो चीन के मानवाधिकारों और विदेश नीति के बारे में आलोचनात्मक बयान जारी किए हैं, लेकिन चीन के साथ उसके टकराव नहीं हुए हैं। आधिकारिक समाचार एजेंसी ‘शिन्हुआ' के अनुसार, शी ने चीन-न्यूजीलैंड संबंधों के ‘‘महत्व'' की सराहना करते हुए कहा कि हिपकिंस की यात्रा ‘‘बहुत सार्थक'' रही। न्यूजीलैंड में हिपकिंस के कार्यालय द्वारा जारी एक बयान के अनुसार, इससे पहले दिन में हिपकिंस ने चीनी बंदरगाह शहर तियानजिन में विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) की एक बैठक में हिस्सा लिया जिसमें अन्य विदेशी अधिकारी भी शामिल हुए थे। बुधवार को वह चीन के प्रधानमंत्री ली क्यांग से भी मुलाकात करेंगे।  </p>
<p><br />अपनी यात्रा शुरू करने से पहले उन्होंने चीन के साथ न्यूजीलैंड के संबंध को ‘‘अपने देश के आर्थिक सुधार के लिए अहम'' बताया। न्यूजीलैंड की अर्थव्यवस्था लगातार दो तिमाहियों तक गिरावट के बाद इस महीने आधिकारिक तौर पर मंदी की चपेट में आ गई। अधिकारियों का कहना है कि चीन महामारी के बाद आर्थिक सुधार के लिए न्यूजीलैंड के तीन इंजनों - निर्यात, पर्यटन और शिक्षा, की कुंजी है। चीन न्यूजीलैंड का सबसे बड़ा निर्यात बाजार है और वेलिंगटन पिछले कुछ वर्षों में अपने कुछ पश्चिमी सहयोगियों की तुलना में बीजिंग के साथ मधुर संबंध बनाए रखने में कामयाब रहा है।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>अंतर्राष्ट्रीय</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 28 Jun 2023 14:25:12 +0530</pubDate>
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