<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.swatantraprabhat.com/tag/56436/delhi-police-action" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Swatantra Prabhat RSS Feed Generator</generator>
                <title>दिल्ली पुलिस कार्रवाई - Swatantra Prabhat</title>
                <link>https://www.swatantraprabhat.com/tag/56436/rss</link>
                <description>दिल्ली पुलिस कार्रवाई RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>आउटर डिस्ट्रिक्ट में ड्रग सप्लाई नेटवर्क का भंडाफोड़, आरोपी गिरफ्तार</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली। </strong>आउटर डिस्ट्रिक्ट की एंटी-नारकोटिक्स स्क्वॉड ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए ड्रग सप्लाई नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पुलिस टीम ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से स्मैक और कोकीन बरामद की है। इस ऑपरेशन के जरिए न केवल नशे के कारोबार पर लगाम लगाने की दिशा में अहम कदम उठाया गया है, बल्कि इसके पीछे जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी तेज कर दी गई है।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">पुलिस के अनुसार, 22 मार्च 2026 को एंटी-नारकोटिक्स स्क्वॉड की एक टीम का गठन किया गया, जिसमें एसआई राज कुमार, एसआई मुकेश, एएसआई दिलबाग और हेड कांस्टेबल दिनेश शामिल</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/174042/drug-supply-network-busted-in-outer-district-accused-arrested"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-03/img-20260324-wa0002.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली। </strong>आउटर डिस्ट्रिक्ट की एंटी-नारकोटिक्स स्क्वॉड ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए ड्रग सप्लाई नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पुलिस टीम ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से स्मैक और कोकीन बरामद की है। इस ऑपरेशन के जरिए न केवल नशे के कारोबार पर लगाम लगाने की दिशा में अहम कदम उठाया गया है, बल्कि इसके पीछे जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी तेज कर दी गई है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">पुलिस के अनुसार, 22 मार्च 2026 को एंटी-नारकोटिक्स स्क्वॉड की एक टीम का गठन किया गया, जिसमें एसआई राज कुमार, एसआई मुकेश, एएसआई दिलबाग और हेड कांस्टेबल दिनेश शामिल थे। इस टीम का नेतृत्व इंस्पेक्टर राजपाल कर रहे थे और पूरी कार्रवाई एसीपी ऑपरेशंस वीरेंद्र सिंह की निगरानी में की गई। टीम सुल्तानपुरी थाना क्षेत्र में गश्त कर रही थी, तभी उन्हें गुप्त सूचना मिली कि एक व्यक्ति ईडब्ल्यूएस फ्लैट्स, सुल्तानपुरी के पास ड्रग्स सप्लाई करने आने वाला है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर जाल बिछाया। 23 मार्च को कुछ समय बाद एक युवक मोटरसाइकिल पर वहां पहुंचा, लेकिन पुलिस को देखकर भागने की कोशिश करने लगा। पुलिस टीम ने तत्परता दिखाते हुए उसे घेरकर पकड़ लिया। पूछताछ में उसकी पहचान 26 वर्षीय ओम प्रकाश के रूप में हुई, जो बिहार के गोपालगंज का रहने वाला है।तलाशी के दौरान उसके पास से संदिग्ध पदार्थ बरामद हुआ, जिसे फील्ड टेस्टिंग किट से जांचने पर स्मैक और कोकीन होने की पुष्टि हुई। वजन करने पर यह 20 ग्राम स्मैक और 4 ग्राम कोकीन निकली, जो इंटरमीडिएट मात्रा में आती है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इसके अलावा, घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल को भी जब्त कर लिया गया।इस मामले में सुल्तानपुरी थाने में एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 के तहत एफआईआर नंबर 160/2026 दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी स्मैक और कोकीन की सप्लाई का काम करता था। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही है।दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई से इलाके में नशे के अवैध कारोबार पर बड़ा प्रहार हुआ है और यह साफ संकेत है कि नशे के खिलाफ अभियान लगातार सख्ती से जारी रहेगा।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>दिल्‍ली</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/174042/drug-supply-network-busted-in-outer-district-accused-arrested</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/174042/drug-supply-network-busted-in-outer-district-accused-arrested</guid>
                <pubDate>Tue, 24 Mar 2026 17:24:10 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/img-20260324-wa0002.jpg"                         length="108702"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>साइबर ठगी का पर्दाफाश – दो साइबर अपराधी गिरफ्तार, मोबाइल फोन बरामद</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली|</strong> शाहदरा जिला पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए टेलीग्राम आधारित निवेश ठगी के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से अपराध में इस्तेमाल किए गए मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। यह कार्रवाई थाना साइबर शाहदरा की टीम द्वारा तकनीकी साक्ष्यों और डिजिटल जांच के आधार पर की गई, जिससे एक संगठित साइबर ठगी नेटवर्क का खुलासा हुआ है।यह मामला 12 नवंबर 2025 को सामने आया, जब शाहदरा निवासी 30 वर्षीय रमन शर्मा ने शिकायत दर्ज कराई कि उनके साथ टेलीग्राम के माध्यम से निवेश के नाम</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/173963/cyber-fraud-exposed-%E2%80%93-two-cyber-criminals-arrested-mobile-phone"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-03/img-20260323-wa0004.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली|</strong> शाहदरा जिला पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए टेलीग्राम आधारित निवेश ठगी के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से अपराध में इस्तेमाल किए गए मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। यह कार्रवाई थाना साइबर शाहदरा की टीम द्वारा तकनीकी साक्ष्यों और डिजिटल जांच के आधार पर की गई, जिससे एक संगठित साइबर ठगी नेटवर्क का खुलासा हुआ है।यह मामला 12 नवंबर 2025 को सामने आया, जब शाहदरा निवासी 30 वर्षीय रमन शर्मा ने शिकायत दर्ज कराई कि उनके साथ टेलीग्राम के माध्यम से निवेश के नाम पर धोखाधड़ी की गई है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">शिकायत के अनुसार, 18 जुलाई 2025 को उन्हें एक टेलीग्राम ग्रुप के जरिए संपर्क किया गया, जहां अज्ञात व्यक्तियों ने उन्हें क्रिप्टो ट्रेडिंग और आकर्षक निवेश योजनाओं का लालच दिया। ठगों ने फर्जी मुनाफे के स्क्रीनशॉट और अन्य लोगों के लाभ के झूठे दावे दिखाकर उनका विश्वास जीत लिया। इन झूठे प्रलोभनों में आकर शिकायतकर्ता ने कुल ₹1,05,969/- की राशि तीन अलग-अलग बैंक खातों और यूपीआई आईडी में ट्रांसफर कर दी। इस संबंध में थाना साइबर शाहदरा में एफआईआर संख्या 120/2025 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">जांच के दौरान एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें इंस्पेक्टर विनीत कुमार के नेतृत्व में एचसी धर्मेंद्र, एचसी विकास और एचसी संदीप शामिल थे। टीम ने तकनीकी निगरानी, डिजिटल ट्रांजेक्शन की जांच और मोबाइल नंबरों की ट्रैकिंग के माध्यम से आरोपियों की पहचान की। लगातार प्रयासों के बाद पुलिस ने दो आरोपियों—रिंकू (28 वर्ष), निवासी बुलंदशहर, उत्तर प्रदेश और अभिषेक यादव (26 वर्ष), निवासी अलीगढ़, उत्तर प्रदेश—को गिरफ्तार कर लिया जांच में सामने आया कि आरोपी रिंकू उस मोबाइल नंबर का मुख्य उपयोगकर्ता था, जो सीधे उस बैंक खाते से जुड़ा हुआ था जिसमें ठगी की राशि प्राप्त हुई थी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">वहीं, अभिषेक यादव उस मोबाइल नंबर को संचालित करता था, जिस पर ओटीपी और लेनदेन से संबंधित अलर्ट प्राप्त होते थे। गिरफ्तारी के समय दोनों आरोपियों के पास से दो मोबाइल फोन बरामद किए गए, जिनका इस्तेमाल ठगी के लेनदेन और संचार के लिए किया जा रहा था शाहदरा पुलिस की इस त्वरित और तकनीकी रूप से सशक्त कार्रवाई ने साइबर अपराधियों के खिलाफ कड़ी सतर्कता का संदेश दिया है। मामले की आगे की जांच जारी है, जिसमें इस ठगी नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों की पहचान की जा रही है।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>दिल्‍ली</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/173963/cyber-fraud-exposed-%E2%80%93-two-cyber-criminals-arrested-mobile-phone</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/173963/cyber-fraud-exposed-%E2%80%93-two-cyber-criminals-arrested-mobile-phone</guid>
                <pubDate>Mon, 23 Mar 2026 18:38:31 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/img-20260323-wa0004.jpg"                         length="109892"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पहले भी हो चुके थे डिपोर्ट, फिर दिल्ली में पकड़े गए दो बांग्लादेशी नागरिक; दिल्ली पुलिस की बड़ी कार्रवाई</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र सिंह भुल्लर </strong></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली। </strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">दिल्ली के उत्तर-पश्चिम जिले में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत दिल्ली पुलिस की फॉरेनर सेल ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए दो बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">खास बात यह है कि दोनों को पहले भी भारत से डिपोर्ट किया जा चुका था, लेकिन इसके बावजूद वे दोबारा अवैध तरीके से भारत में प्रवेश कर दिल्ली में रह रहे थे।पुलिस के अनुसार 9 मार्च 2026 को फॉरेनर सेल को गुप्त सूचना मिली थी कि दो संदिग्ध व्यक्ति जहांगीरपुरी मेट्रो स्टेशन के पास</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/173121/deportations-had-taken-place-earlier-also-then-two-bangladeshi-citizens"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-03/img-20260310-wa0246.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र सिंह भुल्लर </strong></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली। </strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">दिल्ली के उत्तर-पश्चिम जिले में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत दिल्ली पुलिस की फॉरेनर सेल ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए दो बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">खास बात यह है कि दोनों को पहले भी भारत से डिपोर्ट किया जा चुका था, लेकिन इसके बावजूद वे दोबारा अवैध तरीके से भारत में प्रवेश कर दिल्ली में रह रहे थे।पुलिस के अनुसार 9 मार्च 2026 को फॉरेनर सेल को गुप्त सूचना मिली थी कि दो संदिग्ध व्यक्ति जहांगीरपुरी मेट्रो स्टेशन के पास सक्रिय हैं और अवैध गतिविधियों में शामिल हैं। सूचना के आधार पर टीम ने इलाके में निगरानी बढ़ा दी और लगातार सर्विलांस के बाद दोनों को हिरासत में ले लिया।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">पूछताछ के दौरान दोनों ने शुरुआत में खुद को भारतीय नागरिक बताया, लेकिन उनके जवाबों में विरोधाभास और संदिग्ध व्यवहार के कारण पुलिस को उन पर शक हुआ।जांच के दौरान पुलिस ने उनके दस्तावेजों की जांच की, डिजिटल गतिविधियों का विश्लेषण किया और फोटो साक्ष्यों की पड़ताल की।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इससे यह स्पष्ट हो गया कि दोनों व्यक्ति बांग्लादेश के नागरिक हैं और बिना वैध दस्तावेजों के भारत में रह रहे थे। जांच में यह भी सामने आया कि दोनों को पिछले वर्ष उत्तराखंड से अवैध रूप से भारत में रहने के कारण डिपोर्ट किया गया था, लेकिन इसके बावजूद वे दोबारा सीमा पार कर भारत आ गए और दिल्ली में अवैध गतिविधियों में शामिल हो गए।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">दरअसल, हाल ही में फॉरेनर सेल ने तीन बांग्लादेशी महिलाओं को भी डिपोर्ट किया था, जो मानव तस्करी और देह व्यापार से जुड़े रैकेट में शामिल थीं। पूछताछ के दौरान उन महिलाओं ने खुलासा किया था कि ‘विकास’ नाम का एक बांग्लादेशी नागरिक उन्हें अवैध तरीके से भारत लाया था और दिल्ली में उनके लिए ग्राहकों का इंतजाम करता था।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इसी खुलासे के बाद पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे व्हाट्सएप, फेसबुक और इंस्टाग्राम पर निगरानी शुरू की। इसी दौरान पता चला कि वही व्यक्ति और उसकी कथित पत्नी जहांगीरपुरी मेट्रो स्टेशन के आसपास सक्रिय हैं।इसके बाद पुलिस ने एक विशेष टीम का गठन किया, जिसमें एसआई श्यामबीर, एएसआई विजय, एएसआई राजेंद्र, महिला हेड कांस्टेबल दीपक और कांस्टेबल दीपक बांगड़ शामिल थे।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">यह टीम इंस्पेक्टर विपिन कुमार के नेतृत्व में और एसीपी राजीव कुमार की निगरानी में काम कर रही थी। टीम ने इलाके में स्टिंग ऑपरेशन भी किया, जिसमें पुलिसकर्मियों ने संदिग्धों से अवैध गतिविधियों के लिए संपर्क किया। जैसे ही संदिग्धों ने सहमति जताई, पुलिस टीम ने उन्हें मौके पर ही पकड़ लिया।तलाशी के दौरान उनके पास से दो स्मार्टफोन बरामद हुए, जिनमें प्रतिबंधित IMO एप इंस्टॉल था। इसके अलावा उनके मोबाइल फोन की गैलरी से छह बांग्लादेशी राष्ट्रीय पहचान पत्र भी मिले, जिन्हें पुलिस ने जब्त कर लिया।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इन बरामदगी से यह भी पुष्टि हुई कि दोनों बांग्लादेशी नागरिक अवैध रूप से भारत में रह रहे थे और यहां गलत गतिविधियों में शामिल थे।पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। उन्हें आगे की प्रक्रिया के लिए एफआरआरओ के सामने पेश किया गया, जहां से उनके खिलाफ डिपोर्टेशन की कार्रवाई शुरू की गई। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दिल्ली में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 28 वर्षीय दिप्तो कुमार पाल उर्फ विकास और 27 वर्षीय रुमा बेगम के रूप में हुई है, जो बांग्लादेश के ढाका जिले के निवासी बताए गए हैं।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ख़बरें</category>
                                            <category>अपराध/हादशा</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/173121/deportations-had-taken-place-earlier-also-then-two-bangladeshi-citizens</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/173121/deportations-had-taken-place-earlier-also-then-two-bangladeshi-citizens</guid>
                <pubDate>Wed, 11 Mar 2026 18:03:20 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/img-20260310-wa0246.jpg"                         length="146507"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        