<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.swatantraprabhat.com/tag/55224/university-news" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Swatantra Prabhat RSS Feed Generator</generator>
                <title>University News - Swatantra Prabhat</title>
                <link>https://www.swatantraprabhat.com/tag/55224/rss</link>
                <description>University News RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>वैदिक अनुष्ठान एवं मंगलकामना के साथ शैक्षणिक सत्र 2026 - 27 का शुभारंभ</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong> सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु, सिद्धार्थनगर में ग्रीष्मावकाश के उपरांत मंगलवार को शैक्षणिक सत्र 2026–27 का विधिवत शुभारंभ हुआ। सत्र के प्रथम दिवस पर विश्वविद्यालय परिवार ने परिसर स्थित भगवान शिव मंदिर में वैदिक मंत्रोच्चार एवं पूजन-अर्चन के साथ नवीन शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ किया तथा विद्यार्थियों, शिक्षकों, कर्मचारियों एवं समूचे विश्वविद्यालय परिवार के उज्ज्वल भविष्य, सुख-समृद्धि एवं शैक्षणिक उन्नति की मंगलकामना की।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">इस अवसर पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर कविता शाह के नेतृत्व में कुलसचिव डॉ.अश्वनी कुमार, परीक्षा नियंत्रक दीनानाथ यादव, अधिष्ठाता कला संकाय प्रो. नीता यादव, अधिष्ठाता विज्ञान संकाय प्रो. प्रकृति राय, अधिष्ठाता वाणिज्य संकाय प्रो. सौरभ, अधिष्ठाता शैक्षणिक</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182982/inauguration-of-the-academic-session-2026-27-with-vedic-rituals-and"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/1783522640199.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong> सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु, सिद्धार्थनगर में ग्रीष्मावकाश के उपरांत मंगलवार को शैक्षणिक सत्र 2026–27 का विधिवत शुभारंभ हुआ। सत्र के प्रथम दिवस पर विश्वविद्यालय परिवार ने परिसर स्थित भगवान शिव मंदिर में वैदिक मंत्रोच्चार एवं पूजन-अर्चन के साथ नवीन शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ किया तथा विद्यार्थियों, शिक्षकों, कर्मचारियों एवं समूचे विश्वविद्यालय परिवार के उज्ज्वल भविष्य, सुख-समृद्धि एवं शैक्षणिक उन्नति की मंगलकामना की।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस अवसर पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर कविता शाह के नेतृत्व में कुलसचिव डॉ.अश्वनी कुमार, परीक्षा नियंत्रक दीनानाथ यादव, अधिष्ठाता कला संकाय प्रो. नीता यादव, अधिष्ठाता विज्ञान संकाय प्रो. प्रकृति राय, अधिष्ठाता वाणिज्य संकाय प्रो. सौरभ, अधिष्ठाता शैक्षणिक प्रो. जितेन्द्र कुमार सिंह सहित विश्वविद्यालय के शिक्षक एवं अधिकारी उपस्थित रहे।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">पूजन-अनुष्ठान के उपरांत कुलपति प्रोफेसर कविता शाह ने सभी शिक्षकों, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों को नवीन शैक्षणिक सत्र की शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि यह सत्र प्रत्येक विद्यार्थी के जीवन में नई उपलब्धियों, नए ज्ञान और नए अवसरों का आधार बने। </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">कुलपति ने विश्वविद्यालय से संबद्ध सभी महाविद्यालयों के प्राचार्यों, शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों का भी विज्ञप्ति के माध्यम से आह्वान किया कि वे पूर्ण मनोयोग, समर्पण एवं अपनी संपूर्ण क्षमता के साथ अध्ययन-अध्यापन, अनुसंधान एवं शैक्षणिक गतिविधियों में सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करें।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">उन्होंने कहा कि ज्ञान-विज्ञान, अनुसंधान, नवाचार एवं सामाजिक सरोकारों के माध्यम से सिद्धार्थ विश्वविद्यालय न केवल क्षेत्र के विकास में बल्कि राष्ट्र निर्माण में भी अपनी अग्रणी भूमिका का निर्वहन करता रहेगा। उन्होंने आशा व्यक्त की कि शैक्षणिक सत्र 2026–27 विश्वविद्यालय परिवार के लिए नई ऊर्जा, नई उपलब्धियों एवं नई सफलताओं का वर्ष सिद्ध होगा तथा विश्वविद्यालय राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिष्ठा को और अधिक सुदृढ़ करेगा।</div>
<div class="yj6qo" style="text-align:justify;"> </div>
<div class="adL" style="text-align:justify;"> </div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पश्चिमी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182982/inauguration-of-the-academic-session-2026-27-with-vedic-rituals-and</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182982/inauguration-of-the-academic-session-2026-27-with-vedic-rituals-and</guid>
                <pubDate>Wed, 08 Jul 2026 21:29:51 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/1783522640199.jpg"                         length="158672"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दशम दीक्षांत समारोह की सभी तैयारियां पूर्ण,  भव्य आयोजन आज</title>
                                    <description><![CDATA[<div>
<blockquote class="format1">
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता </strong></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong></div>
</blockquote>
</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु, सिद्धार्थनगर में 29 जून 2026 को आयोजित होने वाले दशम दीक्षांत समारोह की सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। आज विश्वविद्यालय में विद्या परिषद एवं कार्य परिषद की बैठक आयोजित की गई, जिसके उपरांत संपूर्ण कार्यक्रम का अंतिम पूर्वाभ्यास सम्पन्न हुआ।</div>
<div style="text-align:justify;">  इस अवसर पर कुलपति प्रो. कविता शाह, कुलसचिव डॉ. अश्वनी कुमार, कार्य परिषद एवं विद्या परिषद के सदस्यों ने विद्वत पारियात्र के साथ दीक्षांत समारोह की तैयारियों का पूर्वाभ्यास किया।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">इस वर्ष विश्वविद्यालय की कार्य परिषद में जनभवन द्वारा नामित दो नए सदस्य, इलाहाबाद उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश न्यायमूर्ति अनिल</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182237/all-preparations-for-tenth-convocation-ceremony-completed-grand-event-today"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-06/1782655142971.jpg" alt=""></a><br /><div>
<blockquote class="format1">
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता </strong></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong></div>
</blockquote>
</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु, सिद्धार्थनगर में 29 जून 2026 को आयोजित होने वाले दशम दीक्षांत समारोह की सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। आज विश्वविद्यालय में विद्या परिषद एवं कार्य परिषद की बैठक आयोजित की गई, जिसके उपरांत संपूर्ण कार्यक्रम का अंतिम पूर्वाभ्यास सम्पन्न हुआ।</div>
<div style="text-align:justify;"> इस अवसर पर कुलपति प्रो. कविता शाह, कुलसचिव डॉ. अश्वनी कुमार, कार्य परिषद एवं विद्या परिषद के सदस्यों ने विद्वत पारियात्र के साथ दीक्षांत समारोह की तैयारियों का पूर्वाभ्यास किया।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस वर्ष विश्वविद्यालय की कार्य परिषद में जनभवन द्वारा नामित दो नए सदस्य, इलाहाबाद उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश न्यायमूर्ति अनिल कुमार तथा बापू महाविद्यालय, पीपीगंज, गोरखपुर की प्राचार्य डॉ. मंजू मिश्रा भी समारोह में सम्मिलित होंगी। दीक्षांत समारोह में 19 कार्य परिषद सदस्य एवं 51 विद्या परिषद सदस्य सहभागिता करेंगे।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">दशम दीक्षांत समारोह की अध्यक्षता राज्य विश्वविद्यालयों की कुलाधिपति एवं उत्तर प्रदेश की राज्यपाल  आनंदीबेन पटेल करेंगी। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में पर्यावरणविद् डॉ. मधुलिका अग्रवाल तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश की उच्च शिक्षा राज्य मंत्री  रजनी तिवारी उपस्थित रहेंगी। रविवार सायंकाल  राज्यपाल का सिद्धार्थ विश्वविद्यालय आगमन प्रस्तावित है तथा उनके सम्मान में विश्वविद्यालय के कला संकाय सभागार में सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">कल दीक्षांत समारोह का शुभारम्भ प्रातः 10:00 बजे वंदे मातरम् एवं राष्ट्रगीत की प्रस्तुति से होगा तथा समापन राष्ट्रगान एवं विद्वत पारियात्रा के प्रत्यावर्तन के साथ किया जाएगा।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस वर्ष दीक्षांत समारोह का मुख्य आकर्षण स्वर्ण पदक प्राप्त करने वाले विद्यार्थी होंगे। विश्वविद्यालय द्वारा कुल 37 स्वर्ण पदक, जिनमें 13 डोनर स्वर्ण पदक शामिल हैं, प्रदान किए जाएंगे। विशेष रूप से 13 ऐसे विद्यार्थी हैं जिन्हें दो या दो से अधिक स्वर्ण पदक प्राप्त हो रहे हैं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">समारोह में पीएच.डी. उपाधि प्राप्त करने वाले शोधार्थियों को उपाधि प्रदान की जाएगी। साथ ही विश्वविद्यालय एवं संबद्ध महाविद्यालयों से शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले चार शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा। विश्वविद्यालय के शिक्षकों द्वारा लिखित आठ पुस्तकों का लोकार्पण, दीक्षा उत्सव कार्यक्रम की झलकियां पर आधारित लघु फिल्म का प्रदर्शन, नवनिर्मित बालगृह ‘किलकारी’ एवं दिव्यांगजन सुविधायुक्त डिजिटलाइज्ड लाइब्रेरी का लोकार्पण भी कार्यक्रम के प्रमुख आकर्षण होंगे।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">गोद लिए गए गांवों के बच्चों द्वारा पर्यावरण एवं जल संरक्षण विषयक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी जाएंगी तथा विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत किया जाएगा। इसके अतिरिक्त आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को किट वितरण का कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस अवसर पर कुलपति प्रो. कविता शाह ने कहा कि, दशम दीक्षांत समारोह केवल उपाधि वितरण का अवसर नहीं, बल्कि विद्यार्थियों की उपलब्धियों, समाज के प्रति विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता और नई पीढ़ी के उज्ज्वल भविष्य का उत्सव है। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय शिक्षा, शोध, नवाचार और सामाजिक उत्तरदायित्व के समन्वय के साथ निरंतर नई ऊंचाइयों की ओर अग्रसर है। यह दीक्षांत समारोह हमारे विद्यार्थियों, शिक्षकों और समस्त विश्वविद्यालय परिवार के सामूहिक प्रयासों का गौरवपूर्ण प्रतीक बनेगा।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>शिक्षा</category>
                                            <category>अन्य</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182237/all-preparations-for-tenth-convocation-ceremony-completed-grand-event-today</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182237/all-preparations-for-tenth-convocation-ceremony-completed-grand-event-today</guid>
                <pubDate>Sun, 28 Jun 2026 22:34:06 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-06/1782655142971.jpg"                         length="193646"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>37 टॉपर्स को राज्यपाल के हाथों आज मिलेगा गोल्ड मेडल</title>
                                    <description><![CDATA[<div>
<blockquote class="format1">
<div style="text-align:justify;"><strong>  स्वतंत्र प्रभात संवाददाता</strong></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong></div>
</blockquote>
</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">नेपाल सीमा से सटे तराई क्षेत्र में जब सिद्धार्थ विश्वविद्यालय की स्थापना की गई थी, तब इसके पीछे सबसे बड़ा उद्देश्य पिछड़े और सीमांत क्षेत्रों के युवाओं, विशेषकर बेटियों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना था। एक दशक बाद विश्वविद्यालय का 10वां दीक्षांत समारोह उस उद्देश्य की सफलता की गवाही देता नजर आ रहा है। इस बार दिए जाने वाले 37 स्वर्ण पदकों में 28 पदक छात्राओं के नाम हैं।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">  भगवान गौतम बुद्ध की तपोभूमि में स्थित सिद्धार्थ विश्वविद्यालय की स्थापना 17 जून 2015 में उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जनपद के कपिलवस्तु में</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">वर्तमान</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182235/37-toppers-will-get-gold-medal-today-from-the-hands"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-06/1782656585168.jpg" alt=""></a><br /><div>
<blockquote class="format1">
<div style="text-align:justify;"><strong> स्वतंत्र प्रभात संवाददाता</strong></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong></div>
</blockquote>
</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">नेपाल सीमा से सटे तराई क्षेत्र में जब सिद्धार्थ विश्वविद्यालय की स्थापना की गई थी, तब इसके पीछे सबसे बड़ा उद्देश्य पिछड़े और सीमांत क्षेत्रों के युवाओं, विशेषकर बेटियों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना था। एक दशक बाद विश्वविद्यालय का 10वां दीक्षांत समारोह उस उद्देश्य की सफलता की गवाही देता नजर आ रहा है। इस बार दिए जाने वाले 37 स्वर्ण पदकों में 28 पदक छात्राओं के नाम हैं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> भगवान गौतम बुद्ध की तपोभूमि में स्थित सिद्धार्थ विश्वविद्यालय की स्थापना 17 जून 2015 में उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जनपद के कपिलवस्तु में एक राज्य विश्वविद्यालय के रूप में की गई थी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">वर्तमान में विश्वविद्यालय से छह जिलों (सिद्धार्थनगर, महराजगंज, संतकबीरनगर, बस्ती, श्रावस्ती और बलरामपुर) के संबद्ध 289 महाविद्यालयों के माध्यम से लगभग दो लाख विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा प्रदान कर रहा है।  शिक्षाविदों का कहना है कि यह उपलब्धि केवल शैक्षणिक उत्कृष्टता का आंकड़ा नहीं है बल्कि उस सामाजिक बदलाव का भी संकेत है, जिसकी उम्मीद विश्वविद्यालय की स्थापना के समय की गई थी। जिन क्षेत्रों में कभी उच्च शिक्षा तक पहुंच सीमित थी, वहां की बेटियां आज विश्वविद्यालय की मेधा सूची में सबसे आगे खड़ी हैं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> तराई और सीमावर्ती जिलों में लंबे समय तक उच्च शिक्षा के अवसर सीमित रहे। आर्थिक स्थिति, दूरी और सामाजिक परिस्थितियों के कारण बड़ी संख्या में छात्राएं उच्च शिक्षा से वंचित रह जाती थीं। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय और इससे संबद्ध महाविद्यालयों के विस्तार ने इस स्थिति में बदलाव लाने का काम किया। अब छात्राओं को घर के नजदीक ही स्नातक, परास्नातक और शोध स्तर तक पढ़ाई का अवसर मिल रहा है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">शिक्षकों का कहना है कि पिछले वर्षों में छात्राओं की भागीदारी लगातार बढ़ी है। इसका परिणाम अब स्वर्ण पदकों और शैक्षणिक उपलब्धियों के रूप में सामने आ रहा है। 37 में 28 स्वर्ण पदक छात्राओं को मिलना इस बात का प्रमाण है कि अवसर मिलने पर बेटियां किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>शिक्षा</category>
                                            <category>अन्य</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182235/37-toppers-will-get-gold-medal-today-from-the-hands</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182235/37-toppers-will-get-gold-medal-today-from-the-hands</guid>
                <pubDate>Sun, 28 Jun 2026 21:39:19 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-06/1782656585168.jpg"                         length="118736"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिव्यांग विद्यार्थियों हेतु डिजिटल रीडिंग मशीन एवं किलकारी बाल देखभाल केंद्र का लोकार्पण करेंगी कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल</title>
                                    <description><![CDATA[<div>
<blockquote class="format1">
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता </strong></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong></div>
</blockquote>
</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु, सिद्धार्थनगर में आगामी 29 जून, 2026 को आयोजित होने वाले दशम दीक्षांत समारोह के अवसर पर विश्वविद्यालय की कुलाधिपति एवं उत्तर प्रदेश की राज्यपाल  आनंदीबेन पटेल द्वारा विश्वविद्यालय में नवस्थापित केंद्रीय डिजिटल लाइब्रेरी में दिव्यांग विद्यार्थियों की सुविधा हेतु स्थापित डिजिटल रीडिंग मशीन तथा किलकारी बाल देखभाल केंद्र का लोकार्पण किया जाएगा।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">इस संबंध में पुस्तकालय प्रभारी डॉ. आशुतोष कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि विश्वविद्यालय का केंद्रीय पुस्तकालय पूर्णतः डिजिटल स्वरूप में विकसित किया गया है। इसमें दिव्यांग विद्यार्थियों के पठन-पाठन को सुगम बनाने के लिए कीबोर्ड सॉफ्टवेयर एवं अत्याधुनिक स्कैनिंग मशीन की</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182169/chancellor-anandiben-patel-will-inaugurate-digital-reading-machine-and-kilkari"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-06/1782570686719-(1).jpg" alt=""></a><br /><div>
<blockquote class="format1">
<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता </strong></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>सिद्धार्थनगर।</strong></div>
</blockquote>
</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु, सिद्धार्थनगर में आगामी 29 जून, 2026 को आयोजित होने वाले दशम दीक्षांत समारोह के अवसर पर विश्वविद्यालय की कुलाधिपति एवं उत्तर प्रदेश की राज्यपाल  आनंदीबेन पटेल द्वारा विश्वविद्यालय में नवस्थापित केंद्रीय डिजिटल लाइब्रेरी में दिव्यांग विद्यार्थियों की सुविधा हेतु स्थापित डिजिटल रीडिंग मशीन तथा किलकारी बाल देखभाल केंद्र का लोकार्पण किया जाएगा।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस संबंध में पुस्तकालय प्रभारी डॉ. आशुतोष कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि विश्वविद्यालय का केंद्रीय पुस्तकालय पूर्णतः डिजिटल स्वरूप में विकसित किया गया है। इसमें दिव्यांग विद्यार्थियों के पठन-पाठन को सुगम बनाने के लिए कीबोर्ड सॉफ्टवेयर एवं अत्याधुनिक स्कैनिंग मशीन की व्यवस्था की गई है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस मशीन के माध्यम से किसी भी पुस्तक को स्कैन कर उसे 100 से अधिक भाषाओं में अनुवादित किया जा सकता है। अनुवादित सामग्री को वॉइस सुविधा के माध्यम से सुना भी जा सकता है, जो विशेष रूप से दृष्टिबाधित एवं दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">दशम दीक्षांत समारोह की तैयारियों के क्रम में आज विश्वविद्यालय में कार्यक्रम का पूर्ण एवं व्यवस्थित पूर्वाभ्यास (रिहर्सल) भी किया गया। इस वर्ष समारोह स्थल में परिवर्तन किए जाने के कारण पूर्वाभ्यास विशेष रूप से महत्वपूर्ण रहा। पूर्वाभ्यास के दौरान मंच संचालन, अतिथियों के आगमन, पदक एवं उपाधि वितरण, सांस्कृतिक कार्यक्रमों तथा समस्त व्यवस्थाओं का क्रमबद्ध अभ्यास किया गया, जिससे समारोह का सफल एवं गरिमामय आयोजन सुनिश्चित किया जा सके।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182169/chancellor-anandiben-patel-will-inaugurate-digital-reading-machine-and-kilkari</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182169/chancellor-anandiben-patel-will-inaugurate-digital-reading-machine-and-kilkari</guid>
                <pubDate>Sat, 27 Jun 2026 21:45:49 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-06/1782570686719-%281%29.jpg"                         length="279204"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नैनी में परीक्षा परिणाम को लेकर छात्रों का उग्र प्रदर्शन</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt"><div class="a3s aiL"><div><div><div style="text-align:justify;"><strong>प्रयागराज।</strong> प्रोफेसर राजेंद्र सिंह (राज्जू भैया) राज्य विश्वविद्यालय में परीक्षा परिणाम घोषित होने के बाद गुरुवार को छात्रों का गुस्सा सड़कों पर फूट पड़ा। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने परिणाम में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए विश्वविद्यालय परिसर के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया।प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना था कि कई छात्रों को बिना किसी स्पष्ट कारण के फेल कर दिया गया है। इससे नाराज छात्रों ने सड़क पर उतरकर विरोध जताया और कुछ समय के लिए चक्काजाम करने की कोशिश भी की।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"> इस दौरान नैनी क्षेत्र में यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन गई और राहगीरों को असुविधा का</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/173642/violent-demonstration-of-students-regarding-exam-results-in-naini"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-03/img-20260319-wa0290.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt"><div class="a3s aiL"><div><div><div style="text-align:justify;"><strong>प्रयागराज।</strong> प्रोफेसर राजेंद्र सिंह (राज्जू भैया) राज्य विश्वविद्यालय में परीक्षा परिणाम घोषित होने के बाद गुरुवार को छात्रों का गुस्सा सड़कों पर फूट पड़ा। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने परिणाम में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए विश्वविद्यालय परिसर के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया।प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना था कि कई छात्रों को बिना किसी स्पष्ट कारण के फेल कर दिया गया है। इससे नाराज छात्रों ने सड़क पर उतरकर विरोध जताया और कुछ समय के लिए चक्काजाम करने की कोशिश भी की।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"> इस दौरान नैनी क्षेत्र में यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन गई और राहगीरों को असुविधा का सामना करना पड़ा। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस बल ने संयम बरतते हुए छात्रों को समझाने का प्रयास किया और काफी मशक्कत के बाद उन्हें सड़क से हटाया। प्रशासन की सक्रियता के चलते स्थिति को जल्द ही नियंत्रित कर लिया गया और यातायात सामान्य कराया गया।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">हालांकि, प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि परीक्षा परिणाम में पारदर्शिता नहीं बरती गई है और मूल्यांकन प्रक्रिया में त्रुटियां हुई हैं। छात्रों ने मांग की है कि कॉपियों की पुनः जांच कराई जाए और निष्पक्ष जांच के बाद संशोधित परिणाम जारी किया जाए।वहीं, विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई।</div></div></div></div></div><div class="hq gt" style="text-align:justify;"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/173642/violent-demonstration-of-students-regarding-exam-results-in-naini</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/173642/violent-demonstration-of-students-regarding-exam-results-in-naini</guid>
                <pubDate>Thu, 19 Mar 2026 20:16:28 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/img-20260319-wa0290.jpg"                         length="206576"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सिद्धार्थ विश्वविद्यालय कपिलवस्तु  में राष्ट्रीय सेवा योजना शिविर का हुआ शुभारम्भ</title>
                                    <description><![CDATA[<div><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता  </strong></div>
<div><strong>सिद्धार्थनगर,</strong></div>
<div>  </div>
<div>सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु परिसर में संचालित राष्ट्रीय सेवा योजना की तीन इकाई,भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेई इकाई, महारानी अहिल्या बाई होलकर इकाई, एवं नेताजी सुभाष चन्द्र बोस इकाई, के  सप्त दिवसीय विशेष शिविर का आयोजन कुलपति प्रो कविता शाह के निर्देशन  में  प्रारम्भ हुआ।</div>
<div>  </div>
<div>  सप्त दिवसीय विशेष शिविर के प्रथम दिवस का प्रारम्भ शिविर के उद्घाटन सत्र  को प्रो नीता यादव अधिष्ठाता छात्र कल्याण की अध्यक्षता में  हुआ । कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर किया गया। उन्होंने अपने अध्यक्षीय वक्तव्य में कहा कि स्वयंसेवक- स्वयंसेविकाओं को बेहतर चरित्र निर्माण के साथ-</div>
<div> </div>
<div>कार्यक्रम</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/172938/national-service-scheme-camp-started-at-siddharth-university-kapilvastu"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-03/1772892943502.jpg" alt=""></a><br /><div><strong>स्वतंत्र प्रभात संवाददाता  </strong></div>
<div><strong>सिद्धार्थनगर,</strong></div>
<div> </div>
<div>सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु परिसर में संचालित राष्ट्रीय सेवा योजना की तीन इकाई,भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेई इकाई, महारानी अहिल्या बाई होलकर इकाई, एवं नेताजी सुभाष चन्द्र बोस इकाई, के  सप्त दिवसीय विशेष शिविर का आयोजन कुलपति प्रो कविता शाह के निर्देशन  में  प्रारम्भ हुआ।</div>
<div> </div>
<div> सप्त दिवसीय विशेष शिविर के प्रथम दिवस का प्रारम्भ शिविर के उद्घाटन सत्र  को प्रो नीता यादव अधिष्ठाता छात्र कल्याण की अध्यक्षता में  हुआ । कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर किया गया। उन्होंने अपने अध्यक्षीय वक्तव्य में कहा कि स्वयंसेवक- स्वयंसेविकाओं को बेहतर चरित्र निर्माण के साथ- साथ एक सभ्य समाज के भी निर्माण करने की आवश्यकता है।</div>
<div> </div>
<div>कार्यक्रम के प्रथम बौद्धिक सत्र में मुख्य वक्ता के रुप में डॉ मनीषा वाजपेई, सहायक आचार्य, भौतिक विज्ञान विभाग ने "सभ्य समाज के निर्माण में राष्ट्रीय सेवा योजना की भूमिका"  विषय पर कहा कि  मानव जीवन का बेहतर निर्माण आदर्शों एवं मानव मूल्यों से ओतप्रोत होता है।</div>
<div> </div>
<div>इस तरह के जीवन निर्माण में स्वयंसेवक स्वयंसेविकाओं की सक्रियता बहुत अधिक प्रासंगिक होती है।मानवता को जीवंत रखने हेतु राष्ट्रीय सेवा योजना से जुड़े लोग अपने सम्पूर्ण जीवन को भारत माता को समर्पित कर देते हैं।  प्रथम दिवस के द्वितीय बौद्धिक सत्र में वक्ता के रुप में डॉ हरेंद्र कुमार शर्मा ने " मानव मूल्य निर्माण में राष्ट्रीय सेवा योजना का योगदान" विषय पर अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि  राष्ट्रीय सेवा योजना  का योगदान मानव मूल्य निर्माण में बहुत ही अधिक योगदान प्रदान करता है।</div>
<div> </div>
<div>राष्ट्रीय सेवा योजना भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेई इकाई के कार्यक्रम अधिकारी डॉ यशवन्त यादव,  महारानी अहिल्या बाई होलकर इकाई की कार्यक्रम अधिकारी डॉ रक्षा एवं  नेताजी सुभाष चन्द्र बोस इकाई की कार्यक्रम अधिकारी डॉ सरिता सिंह के मार्गदर्शन एवं निर्देशन में संपूर्ण कार्यक्रम संचालित हुआ।</div>
<div> </div>
<div>सांस्कृतिक संध्या में स्वयंसेवक- स्वयंसेविकाओं ने मानव मूल्य से जुड़े गीत संगीत एवं अन्य विधा से उपस्थित सभी लोगों को आनंदित होने का अवसर प्रदान किया। उद्घाटन सत्र  का संचालन डॉ यशवन्त यादव, स्वागत डॉ रक्षा एवं आभार डॉ सरिता सिंह द्वारा किया गया।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/172938/national-service-scheme-camp-started-at-siddharth-university-kapilvastu</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/172938/national-service-scheme-camp-started-at-siddharth-university-kapilvastu</guid>
                <pubDate>Sun, 08 Mar 2026 20:34:01 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/1772892943502.jpg"                         length="161026"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        