<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.swatantraprabhat.com/tag/23397/investigation" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Swatantra Prabhat RSS Feed Generator</generator>
                <title>investigation - Swatantra Prabhat</title>
                <link>https://www.swatantraprabhat.com/tag/23397/rss</link>
                <description>investigation RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>नाबालिग का अश्लील वीडियो दिखा कर बनाया दबाव, भगा ले जाने का आरोप</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>बस्ती।</strong> बस्ती जिले केपुरानी बस्ती थाना क्षेत्र के कड़र खास गांव निवासी एक महिला ने अपनी 17 वर्षीय नाबालिग बेटी के अपहरण का आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देकर बेटी के साथ अनहोनी की आशंका जाहिर करते हुये उसकी बरामदगी और आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। घटना 27 जुलाई की है</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">महिला का आरोप है कि 27 जुलाई 2026 की सुबह करीब 9 बजे गांव के ही एक युवक ने उसकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया। शिकायतकर्ता का आरोप है कि इसके बाद आरोपी ने कथित तौर पर आपत्तिजनक</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/187034/pressure-allegedly-put-on-minor-by-showing-obscene-video--accused-of-taking-her-away"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-09/img-20260902-wa0236.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>बस्ती।</strong> बस्ती जिले केपुरानी बस्ती थाना क्षेत्र के कड़र खास गांव निवासी एक महिला ने अपनी 17 वर्षीय नाबालिग बेटी के अपहरण का आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देकर बेटी के साथ अनहोनी की आशंका जाहिर करते हुये उसकी बरामदगी और आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। घटना 27 जुलाई की है</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">महिला का आरोप है कि 27 जुलाई 2026 की सुबह करीब 9 बजे गांव के ही एक युवक ने उसकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया। शिकायतकर्ता का आरोप है कि इसके बाद आरोपी ने कथित तौर पर आपत्तिजनक वीडियो बनाकर रखा और फेसबुक व व्हाट्सऐप के माध्यम से उसे दबाव में रखा। पत्र में यह भी कहा गया है कि बेटी डर के कारण आरोपी के साथ रहने को मजबूर है। शिकायत में महिला ने आरोप लगाया है कि घर में रखे करीब 1.70 लाख रुपये नकद और लगभग आठ नग आभूषण भी बेटी के साथ ले जाए गए। </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">महिला के मुताबिक, आरोपी युवक पहले से उसकी बेटी के पीछे पड़ा था और समझाने के बावजूद नहीं माना। शिकायतकर्ता ने बताया कि 31 जुलाई 2026 को उसकी बेटी ने एक मोबाइल नंबर से बातचीत की और कथित तौर पर बताया कि वह दिल्ली में है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इससे परिवार को उसकी सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई। प्रार्थना पत्र में एक अन्य व्यक्ति समेत कई लोगों पर घटना में शामिल होने का आरोप लगाया गया है। महिला ने पुलिस अधीक्षक से मामले में मुकदमा दर्ज कर नाबालिग बेटी को जल्द बरामद करने तथा आरोपों की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ता ने यह भी आशंका जताई है कि बेटी के साथ कोई अनहोनी हो सकती है।</div>
</div>
<div class="yj6qo"> </div>
<div class="adL"> </div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/187034/pressure-allegedly-put-on-minor-by-showing-obscene-video--accused-of-taking-her-away</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/187034/pressure-allegedly-put-on-minor-by-showing-obscene-video--accused-of-taking-her-away</guid>
                <pubDate>Wed, 02 Sep 2026 17:20:51 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-09/img-20260902-wa0236.jpg"                         length="22307"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>एसडीएम के आदेश के बाद भी दबंगकोटेदार संजय कुमार केखिलाफ नही किया कोई कार्रवाई</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>बस्ती। </strong>उप जिलाधिकारी हरैया उमाकांत तिवारी ने पूर्ति निरीक्षक कप्तानगंज को 07 कार्य दिवस के अन्दर ग्राम पंचायत नरहरपुर कोटेदार संजय कुमार के खिलाफ जांच कर कार्यवाही करने का निर्देश दिया था लेकिन 07 कार्य दिवस बीत जाने के बाद भी राशन वितरण में गड़बड़ी करने वाले कोटेदार संजय कुमार के खिलाफ कार्रवाई नहीं हो पाई है ।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">  आपको बता दें कि ग्राम पंचायत नरहरपुर के ग्रामीणों ने कोटेदार संजय कुमार के खिलाफ राशन वितरण में घटतौली करने का आरोप लगाया था । ग्रामीणों की शिकायत पर एडीओ पंचायत कप्तानगंज सुशील कुमार श्रीवास्तव ने सेक्टर प्रभारी अरुण कुमार पटेल</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">एडीओ</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/184089/despite-sdms-order-no-action-was-taken-against-dabangkotedar-sanjay"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/img-20260724-wa0065-(2).jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>बस्ती। </strong>उप जिलाधिकारी हरैया उमाकांत तिवारी ने पूर्ति निरीक्षक कप्तानगंज को 07 कार्य दिवस के अन्दर ग्राम पंचायत नरहरपुर कोटेदार संजय कुमार के खिलाफ जांच कर कार्यवाही करने का निर्देश दिया था लेकिन 07 कार्य दिवस बीत जाने के बाद भी राशन वितरण में गड़बड़ी करने वाले कोटेदार संजय कुमार के खिलाफ कार्रवाई नहीं हो पाई है ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> आपको बता दें कि ग्राम पंचायत नरहरपुर के ग्रामीणों ने कोटेदार संजय कुमार के खिलाफ राशन वितरण में घटतौली करने का आरोप लगाया था । ग्रामीणों की शिकायत पर एडीओ पंचायत कप्तानगंज सुशील कुमार श्रीवास्तव ने सेक्टर प्रभारी अरुण कुमार पटेल व सचिव पंकज सिंह को जांच करके जांच रिपोर्ट प्रेषित करने का निर्देश दिया था ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">एडीओ पंचायत के निर्देश पर एडीओ पंचायत को जांच टीम ने जांच कर के जांच रिपोर्ट दिनांक - 12-07-2026 को दिया था एडीओ पंचायत ने जांच रिपोर्ट प्रभारी खण्ड विकास अधिकारी कप्तानगंज कृष्ण कुमार सिंह को दिनांक - 15-07-2026 को दिया था प्रभारी खण्ड विकास अधिकारी ने जांच रिपोर्ट उप जिलाधिकारी हर्रैया उमाकांत तिवारी को दिनांक - 17-07-2026 को अग्रिम कार्यवाही हेतु भेजा था ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">उप जिलाधिकारी ने दिनांक - 17-07-2026 को पूर्ति निरीक्षक कप्तानगंज को 07 कार्य दिवस के अन्दर उक्त प्रकरण में की गई कार्यवाही को अवगत कराने का निर्देश था ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">एसडीएम के आदेश के 07 दिन बीतने के बाद भी पूर्ति निरीक्षक कप्तानगंज ने कोटेदार संजय कुमार के खिलाफ कोई कार्रवाई नही किया है जिसको लेकर जिले में तरह - तरह की चर्चाएं चल रही है । मीडिया टीम ने फोन के माध्यम से पूर्ति निरीक्षक कप्तानगंज से कई बार फोन किया लेकिन पूर्ति निरीक्षक कप्तानगंज ने न तो मीडिया टीम के फोन को रिसीव किया और न ही मीडिया टीम को पुनः फोन नही किया ।</div>
</div>
<div class="yj6qo"> </div>
<div class="adL"> </div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt">
<div class="hp"> </div>
<div class="eqJbab cZD3Qb"></div>
</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/184089/despite-sdms-order-no-action-was-taken-against-dabangkotedar-sanjay</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/184089/despite-sdms-order-no-action-was-taken-against-dabangkotedar-sanjay</guid>
                <pubDate>Sat, 25 Jul 2026 21:50:51 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/img-20260724-wa0065-%282%29.jpg"                         length="148967"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बाबू से नौकरी का ठेकेदार बने बीएसए आफिस के विमल कुमार त्रिपाठी के विरुद्ध कोतवाली में दर्ज हुआ मुकदमा , जाँच शुरू</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>बस्ती।</strong> जिले मेंपूर्व में बीएसए कार्यालय में बाबू के रूप में तैनात विमल कुमार त्रिपाठी के विरुद्ध नौकरी दिलाने के नाम पर की गयी ठगी को लेकर बस्ती कोतवाली में पीड़ित विनोद कुमार शुक्ला की शिकायत पर धारा 406 व 506 के अन्तर्गत प्राथमिकी दर्ज कर जाँच शुरू हो गयी है । इस एफआईआर ने बीएसए कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार की कलई खोल दी है ।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">मिली जानकारी के अनुसार थाना कोतवाली के अन्तर्गत स्थित साकिन जिगिना निवासी विनोद कुमार शुक्ला पुत्र स्व० कृष्ण प्रसाद शुक्ला से नौकरी दिलाने के नाम पर आरोपी विमल कुमार त्रिपाठी ने नकद छः लाख</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/184085/case-registered-in-police-station-against-babu-turned-job-contractor"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/img-20260717-wa00771.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;"><strong>बस्ती।</strong> जिले मेंपूर्व में बीएसए कार्यालय में बाबू के रूप में तैनात विमल कुमार त्रिपाठी के विरुद्ध नौकरी दिलाने के नाम पर की गयी ठगी को लेकर बस्ती कोतवाली में पीड़ित विनोद कुमार शुक्ला की शिकायत पर धारा 406 व 506 के अन्तर्गत प्राथमिकी दर्ज कर जाँच शुरू हो गयी है । इस एफआईआर ने बीएसए कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार की कलई खोल दी है ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">मिली जानकारी के अनुसार थाना कोतवाली के अन्तर्गत स्थित साकिन जिगिना निवासी विनोद कुमार शुक्ला पुत्र स्व० कृष्ण प्रसाद शुक्ला से नौकरी दिलाने के नाम पर आरोपी विमल कुमार त्रिपाठी ने नकद छः लाख रुपया विगत 18 नवम्बर 2016 को समक्ष गवाहान लिया था बाकी का रुपया बारह लाख काम होने के बाद देने की बात तय हुई थी । इस दौरान पीड़ित द्वारा तमाम बार अपने काम को लेकर आरोपी विमल से सम्पर्क किया गया परन्तु पीड़ित का न तो काम हुआ न ही रुपया वापस मिला । थक हार कर पीड़ित ने उच्चाधिकारियों का दरवाजा खटखटाया और दिनाँक 23 जुलाई 2026 को आरोपी विमल कुमार त्रिपाठी के विरुद्ध धारा 406 व 506 अन्तर्गत मुकदमा दर्ज कर जाँच शुरू कर दी गयी है । वैसे भी बस्ती का बीएसए कार्यालय लेनदेन के मामने में चर्चाओं में रहता है और अधिकांश बाबू करोड़पति की श्रेणी में दर्ज हैं । सूत्रों की माने तो जल्द ही बीएसए आफिस के कुछ चर्चित बाबुओं पर आय से अधिक सम्पत्ति प्रकरण में कानूनी शिकंजा कसेगा l</div>
</div>
<div class="yj6qo" style="text-align:justify;"> </div>
<div class="adL" style="text-align:justify;"> </div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/184085/case-registered-in-police-station-against-babu-turned-job-contractor</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/184085/case-registered-in-police-station-against-babu-turned-job-contractor</guid>
                <pubDate>Sat, 25 Jul 2026 21:41:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/img-20260717-wa00771.jpg"                         length="70999"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नैनी बाजार में दुकान के कब्जे को लेकर महिला से मारपीट,  मामला दर्ज</title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात । </strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>नैनी,प्रयागराज ।</strong></div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">नैनी कोतवाली क्षेत्र में दुकान के कब्जे को लेकर एक महिला के साथ मारपीट और गाली-गलौज का मामला सामने आया है। पीड़िता की तहरीर पर नैनी पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। नैनी पुलिस में दी गई तहरीर के अनुसार वादिनी संगीता केशरवानी पुत्री दुली चन्द्र केशरवानी निवासी 567बी चक रघुनाथ ने बताया कि वह 24 जुलाई  को सुबह 11 बजे अपनी दुकान नैनी बाजार गई थीं।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">आरोप है कि वहां पहले से ही लक्ष्मण प्रसाद केशरवानी पिछले कुछ वर्षों से जबरन कब्जा करके बैठा हुआ था।तहरीर में कहा गया है</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/184070/case-registered-against-woman-for-assault-over-possession-of-shop"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/img-20260725-wa0100.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात । </strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><strong>नैनी,प्रयागराज ।</strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">नैनी कोतवाली क्षेत्र में दुकान के कब्जे को लेकर एक महिला के साथ मारपीट और गाली-गलौज का मामला सामने आया है। पीड़िता की तहरीर पर नैनी पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। नैनी पुलिस में दी गई तहरीर के अनुसार वादिनी संगीता केशरवानी पुत्री दुली चन्द्र केशरवानी निवासी 567बी चक रघुनाथ ने बताया कि वह 24 जुलाई  को सुबह 11 बजे अपनी दुकान नैनी बाजार गई थीं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">आरोप है कि वहां पहले से ही लक्ष्मण प्रसाद केशरवानी पिछले कुछ वर्षों से जबरन कब्जा करके बैठा हुआ था।तहरीर में कहा गया है कि जब संगीता ने विरोध किया तो लक्ष्मण प्रसाद गाली-गलौज करने लगा। विरोध करने पर उसने आसपास के लोगों को बुलाकर पीड़िता के साथ मारपीट शुरू कर दी। पीड़िता के भागने पर श्रीकान्त मिश्रा पुत्र अज्ञात पीयूषकान्त मिश्रा, प्रेम केशरवानी और 10-15 अज्ञात लोग निवासी शंकरढाल भी दौड़कर आए और गंदी-गंदी गालियां देते हुए पीड़िता के साथ मारपीट करने लगे और कपड़े फाड़ दिए। आसपास के लोगों ने बीच-बचाव कर किसी तरह पीड़िता को बचाया।पीड़िता का आरोप है कि लक्ष्मण प्रसाद ने पहले भी कई बार धमकी दी थी कि दुकान छोड़ दो वरना जान से हाथ धो बैठोगी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> पीड़िता ने बताया कि वह अकेले अपना जीवन यापन कर रही है और अगर दुकान मिल जाती तो रोजगार कर अपना जीवन चला पाती।नैनी थाना प्रभारी  बृजकिशोर गौतम के अनुसार तहरीर के आधार पर 24 जुलाई को मुकदमा दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच की जा रही है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/184070/case-registered-against-woman-for-assault-over-possession-of-shop</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/184070/case-registered-against-woman-for-assault-over-possession-of-shop</guid>
                <pubDate>Sat, 25 Jul 2026 20:42:28 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/img-20260725-wa0100.jpg"                         length="142690"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अपहरण की झूठी सूचना देकर रिश्तेदार संग भागी कक्षा 9 की छात्रा,</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt"><div class="a3s aiL"><div><div><div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात ।</strong></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><strong>नैनी,प्रयागराज।</strong></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">  नैनी क्षेत्र की एक कक्षा 9 की छात्रा द्वारा अपने अपहरण की झूठी सूचना देने का मामला सामने आया है। छात्रा ने फोन पर परिजनों को बताया था कि चार किन्नरों ने उसका अपहरण कर लिया है और उसे जबरन अपने साथ ले जा रहे हैं। </div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">सूचना मिलते ही परिजन और पुलिस सक्रिय हो गए तथा छात्रा की तलाश में व्यापक अभियान चलाया गया। बाद में छात्रा नैनी रेलवे स्टेशन पर एक युवक के साथ मिली, जिसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">जानकारी के अनुसार, मूल रूप से बिहार निवासी एक परिवार नैनी के चाका</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182486/class-9-student-ran-away-with-her-relative-after-giving"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/img-20260625-wa0120.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt"><div class="a3s aiL"><div><div><div style="text-align:justify;"><strong>स्वतंत्र प्रभात ।</strong></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><strong>नैनी,प्रयागराज।</strong></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"> नैनी क्षेत्र की एक कक्षा 9 की छात्रा द्वारा अपने अपहरण की झूठी सूचना देने का मामला सामने आया है। छात्रा ने फोन पर परिजनों को बताया था कि चार किन्नरों ने उसका अपहरण कर लिया है और उसे जबरन अपने साथ ले जा रहे हैं। </div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">सूचना मिलते ही परिजन और पुलिस सक्रिय हो गए तथा छात्रा की तलाश में व्यापक अभियान चलाया गया। बाद में छात्रा नैनी रेलवे स्टेशन पर एक युवक के साथ मिली, जिसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">जानकारी के अनुसार, मूल रूप से बिहार निवासी एक परिवार नैनी के चाका क्षेत्र में किराये के मकान में रहता है। छात्रा के पिता रेलवे में गार्ड के पद पर कार्यरत हैं। परिजनों के मुताबिक, गुरुवार सुबह करीब 8:30 बजे छात्रा कोचिंग जाने के लिए घर से निकली थी। लगभग 11 बजे तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। भाई द्वारा फोन किए जाने पर मोबाइल पहले स्विच ऑफ मिला।कुछ देर बाद छात्रा ने फोन कर परिजनों को बताया कि चार किन्नरों ने उसे पकड़ लिया है और उसका मोबाइल छीनकर अपने साथ ले जा रहे हैं। इसके बाद उसका फोन बंद हो गया। सूचना मिलते ही परिजन बताए गए स्थान पर पहुंचे, लेकिन वहां छात्रा का कोई पता नहीं चला। इसके बाद नैनी पुलिस को मामले की सूचना दी गई।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">सूचना पर नैनी इंस्पेक्टर बृजकिशोर गौतम के नेतृत्व में पुलिस टीम ने छात्रा के मोबाइल लोकेशन के आधार पर तलाश शुरू की। उपनिरीक्षक यश तिवारी, उत्कर्ष सिंह, बलिराम समेत बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी विभिन्न स्थानों पर पहुंचकर छात्रा की खोजबीन करते रहे। करीब दो घंटे तक चले अभियान के बावजूद कोई सुराग नहीं मिला।इसी दौरान नैनी रेलवे स्टेशन पर तैनात जीआरपी कर्मियों ने स्टेशन परिसर के एक एकांत स्थान से छात्रा और एक युवक को आपत्तिजनक अवस्था में पकड़ा।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"> दोनों को जीआरपी थाने लाया गया और उनके परिजनों को सूचना दी गई।बाद में नैनी इंस्पेक्टर बृजकिशोर गौतम ने जीआरपी थाने पहुंचकर छात्रा और युवक से पूछताछ की। जांच में सामने आया कि छात्रा ने युवक के साथ भागने की योजना बनाई थी और अपहरण की कहानी गढ़कर परिजनों व पुलिस को गुमराह किया था।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"> युवक छात्रा का दूर का रिश्तेदार बताया जा रहा है तथा वह बिहार का निवासी है।प्रारंभिक जांच के बाद नैनी पुलिस ने मामला जीआरपी को सौंप दिया है। जीआरपी पुलिस दोनों से पूछताछ कर आगे की कार्रवाई में जुटी है।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"> खाद्य सुरक्षा सम्मेलन से एक नई जागृति पैदा हो सकती है- महापौर।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">स्वतंत्र प्रभात ।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">नैनी, प्रयागराज।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"> होटल पिंड बल्लूची सिविल लाइन में नेशनल एसोसिएशन आॅफ स्ट्रीट वेंडर आॅफ इण्डिया व फुटपाथ व्यापारी एकता समिति प्रयागराज द्वारा चल रहे खाद्य सुरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम के तृतीय दिवस मुख्य अतिथि के रूप में महापौर उमेश चन्द्र गणेश केशरवानी ने कहा कि खाद्य सुरक्षा सम्मेलन से एक नई जागृति पैदा हो सकती है जिससे प्रयागराज की गरिमा बढे़गी ।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">जब दूसरी जगहों से आने वाले पर्यटकों को यहाँ सुरक्षित वातावरण व खान पान उपलब्ध होगा, इस क्रान्तिकारी मिशन को हम छोटे दुकानदार ही पूरा कर सकते हैं।फुटपाथ पर व्यवसाय करने वालों से कहा कि हम आपकी समस्याओं से भली भाँति परिचित हैं और उसे दूर करने हेतु निरन्तर प्रयास कर रहे हैं।</div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;"><br /></div><div style="text-align:justify;">फुटकर व्यापारी एकता समिति के मुख्य संरक्षक विजय गुप्ता के नेतृत्व में चल रह इस सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए खाद्य सुरक्षा अधिकारी / सहायक कमिश्नर दीना नाथ यादव, नेस्ले अधिकारी मो, वसीम व समर निगम और रौनक गुप्ता ने संयुक्त रूप से कहा कि आम जनता का फुटकर दुकानदारों पर भरोसा अधिक होता है इसलिए यदि आप सबने प्रयास किया तो आपका यह जिला शुद्ध व स्वच्छ वातावरण का केन्द्र हो सकता है।सम्मेलन को मुख्य रूप से सर्वश्री अध्यक्ष विकास गुप्ता, महामंत्री विमल गुप्ता,लीला वती पांडेया, गणेश गुप्ता, श्याम देव, अंशु अग्रवाल, खुशबू अग्रहरि  सोनी अग्रहरि,  सुमन ठाकुर, श्वेता गुप्ता, जूही श्रीवास्तव, अवधेश  निषाद,शिव शंकर गुप्ता, निशा गुप्ता ,आदि ने भी सम्बोधित किया।</div></div><div class="yj6qo"><br /></div><div class="adL"><br /></div></div></div></div><div class="hq gt"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182486/class-9-student-ran-away-with-her-relative-after-giving</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182486/class-9-student-ran-away-with-her-relative-after-giving</guid>
                <pubDate>Wed, 01 Jul 2026 20:40:27 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/img-20260625-wa0120.jpg"                         length="265361"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>राम मंदिर चढ़ावा चोरी - आस्था पर लगा दाग और सवालों के घेरे में सिस्टम</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="gs">
<div>
<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL msg6862890073122296727">
<div>
<div lang="en-us" xml:lang="en-us">
<div class="m_6862890073122296727WordSection1">
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी ने सिर्फ पैसे की हेराफेरी का मामला नहीं है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ये करोड़ों लोगों की आस्था पर सीधा हमला है। </span>25<span lang="hi" xml:lang="hi">  जून </span>2026<span lang="hi" xml:lang="hi">  को श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने </span>8<span lang="hi" xml:lang="hi">  लोगों के खिलाफ पहली </span>FIR <span lang="hi" xml:lang="hi">दर्ज कराई है। सभी आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं। बहुत बड़ी विडंबना है कि जो मंदिर करोड़ों हिंदुओं की आस्था का केंद्र है इन चोरों ने उसे भी नहीं छोड़ा। राम मंदिर आंदोलन के बाद से अब तक पूरे देश के हिंदुओं की आस्था इस मंदिर से जुड़ी हुई है। लेकिन </span>FIR <span lang="hi" xml:lang="hi">के बाद भी सवाल</span></p></div></div></div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182466/ram-temple-offering-stolen-faith-tainted-and-system-under"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-07/hindi-divas1.jpg" alt=""></a><br /><div class="gs">
<div>
<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL msg6862890073122296727">
<div>
<div lang="en-us" xml:lang="en-us">
<div class="m_6862890073122296727WordSection1">
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी ने सिर्फ पैसे की हेराफेरी का मामला नहीं है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ये करोड़ों लोगों की आस्था पर सीधा हमला है। </span>25<span lang="hi" xml:lang="hi"> जून </span>2026<span lang="hi" xml:lang="hi"> को श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने </span>8<span lang="hi" xml:lang="hi"> लोगों के खिलाफ पहली </span>FIR <span lang="hi" xml:lang="hi">दर्ज कराई है। सभी आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं। बहुत बड़ी विडंबना है कि जो मंदिर करोड़ों हिंदुओं की आस्था का केंद्र है इन चोरों ने उसे भी नहीं छोड़ा। राम मंदिर आंदोलन के बाद से अब तक पूरे देश के हिंदुओं की आस्था इस मंदिर से जुड़ी हुई है। लेकिन </span>FIR <span lang="hi" xml:lang="hi">के बाद भी सवाल खत्म नहीं हुए। बल्कि नए सवाल खड़े हो गए हैं। क्या हुआ था</span>?</p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">सीसीटीवी में साफ दिखा कि मंदिर के दानपात्रों से निकली नकदी की गिनती करने वाले कर्मचारी ही चोरी कर रहे थे।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"> </p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">आरोपियों में रमाशंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">लवकुश मिश्रा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">अनुकल्प मिश्रा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">अविनाश शुक्ला</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">मनीष यादव</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">रमाशंकर मिश्रा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">सुभाष चंद्र श्रीवास्तव और करुणेश पांडे शामिल हैं। इनमें से छह कैशियर हैं। सुभाष श्रीवास्तव काउंटिंग इंचार्ज था। टिन्नू यादव का काम कैश की गिनती सुपरवाइज़ करके बैंक तक ले जाना था। यानी जिन पर भरोसा था</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">वही बेईमान निकले। एसआईटी की जांच में खुलासा हुआ कि </span>14,500<span lang="hi" xml:lang="hi"> रुपए महीने की नौकरी करने वाले कर्मचारियों ने </span>5<span lang="hi" xml:lang="hi"> साल में करोड़ों की संपत्ति बना ली। एक ने डेढ़ करोड़ की जमीन खरीदी</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">दूसरे ने </span>40<span lang="hi" xml:lang="hi"> लाख का प्लॉट लिया। शुरुआती अनुमान </span>200<span lang="hi" xml:lang="hi"> करोड़ के घोटाले का है। एफआईआर दर्ज हुई</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पर देर से क्यों</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">ट्रस्ट ने चोरी की जांच के लिए </span>13<span lang="hi" xml:lang="hi"> जून को एसआईटी बनवाई। </span>25<span lang="hi" xml:lang="hi"> जून को एफआईआर हुई। यानी </span>12<span lang="hi" xml:lang="hi"> दिन लग गए। जागरण की रिपोर्ट बताती है कि इससे पहले भी दो कर्मचारियों को गुपचुप तरीके से पकड़ा गया था। बिना एफआईआर के ही रिकवरी की जा रही थी। पुलिस ट्रस्ट के साथ मिलकर पूछताछ कर रही थी।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"> </p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">सवाल ये है: जब चोरी का शक था तो तुरंत पुलिस को क्यों नहीं बताया गया</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">क्या ट्रस्ट पहले अपने स्तर पर मामला दबाना चाहता था</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">बड़े नाम गायब क्यों हैं</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">एफआईआर में ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय का नाम नहीं है। लेकिन उनका ड्राइवर टिन्नू यादव आरोपी है। विपक्ष का आरोप है कि छोटे कर्मचारियों पर कार्रवाई करके बड़े लोगों को बचाया जा रहा है। बीएनएस की धारा </span>306, 316(5), 317(4), 317(5) <span lang="hi" xml:lang="hi">और </span>61<span lang="hi" xml:lang="hi"> के तहत केस दर्ज हुआ है। इनमें उम्रकैद तक की सजा है। अगर टिन्नू यादव चोरी कर रहा था तो क्या चंपत राय को पता नहीं चला</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">या उन्होंने आंखें बंद कर लीं</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">एसआईटी की दूसरी रिपोर्ट आने तक ये सवाल बना रहेगा। सिस्टम में खामी कहां थी</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">मंदिर के चढ़ावे की गिनती तीन स्तर पर होती है: </span>24<span lang="hi" xml:lang="hi"> प्राइवेट कर्मचारी नोट गिनते हैं। </span>12<span lang="hi" xml:lang="hi"> ट्रस्ट कर्मचारी निगरानी करते हैं। </span>14 SBI <span lang="hi" xml:lang="hi">और </span>TCS <span lang="hi" xml:lang="hi">के ऑडिटर होते हैं। इतनी लेयर के बावजूद चोरी हो गई। जांच में सामने आया कि एक पदाधिकारी ने कैमरे लगाने का विरोध किया था। यानी सिस्टम में पारदर्शिता की कमी थी। </span>CCTV <span lang="hi" xml:lang="hi">थे</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पर निगरानी नहीं थी। ऑडिट था</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पर भरोसा अंधा था। आगे क्या होना चाहिए</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">पहला</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">एसआईटी की जांच सिर्फ </span>8<span lang="hi" xml:lang="hi"> आरोपियों तक सीमित न रहे। पूरी चेन की जांच हो। किसके इशारे पर चोरी हुई</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पैसा कहां गया</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ये साफ होना चाहिए। </span>CM <span lang="hi" xml:lang="hi">योगी ने कहा है कि "दूध का दूध</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">पानी का पानी" होगा। जनता यही उम्मीद कर रही है।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"> </p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">दूसरा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ट्रस्ट को अपनी वित्तीय व्यवस्था सार्वजनिक करनी होगी। हर महीने कितना चढ़ावा आया</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">कहां खर्च हुआ</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">इसका डिजिटल डिस्प्ले मंदिर परिसर में लगे। तिरुपति बालाजी मंदिर की तरह रियल टाइम अपडेट सिस्टम बने। तीसरा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">कैश हैंडलिंग खत्म हो। </span>QR <span lang="hi" xml:lang="hi">कोड</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ऑनलाइन पेमेंट को बढ़ावा दिया जाए। जितना कैश कम होगा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">चोरी की गुंजाइश उतनी कम होगी। चौथा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">ट्रस्ट में सरकारी प्रतिनिधि बढ़ाए जाएं। अभी सिर्फ एक आईएएस अधिकारी है। </span>CAG <span lang="hi" xml:lang="hi">से सालाना ऑडिट अनिवार्य हो। राम मंदिर सिर्फ ईंट-पत्थर की इमारत नहीं है। ये </span>500<span lang="hi" xml:lang="hi"> साल के संघर्ष के बाद मिली आस्था की जीत है। </span>22<span lang="hi" xml:lang="hi"> जनवरी </span>2024<span lang="hi" xml:lang="hi"> को प्राण प्रतिष्ठा के दिन जो भाव देश ने देखा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">वो अनमोल है। अगर चंद लोग उस आस्था को कैश कराने लगेंगे तो मंदिर का मतलब खत्म हो जाएगा।</span></p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"> </p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;">FIR <span lang="hi" xml:lang="hi">पहली कार्रवाई है</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">आखिरी नहीं। असली इम्तहान अब शुरू हुआ है - क्या ट्रस्ट दोषियों को सजा दिला पाएगा</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">चाहे वो कितना भी बड़ा हो</span>? <span lang="hi" xml:lang="hi">क्या व्यवस्था बदलेगी ताकि फिर कोई टिन्नू यादव</span>, <span lang="hi" xml:lang="hi">लवकुश मिश्रा आस्था का सौदा न कर सके</span>?</p>
<p class="MsoNormal" style="text-align:justify;"><span lang="hi" xml:lang="hi">जनता देख रही है। राम देख रहे हैं। लोग तरह तरह के सवाल उठा रहे हैं और लोगों के सवाल तब ही शांत होंगे जब इस पूरे मामले पय ठीक ढंग से पर्दा उठेगा। फिलहाल उम्मीद है कि जांच सही दिशा में हो रही है।</span></p>
</div>
</div>
</div>
</div>
<div class="yj6qo" style="text-align:justify;"> </div>
</div>
<div class="WhmR8e"></div>
</div>
</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>स्वतंत्र विचार</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>संपादकीय</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182466/ram-temple-offering-stolen-faith-tainted-and-system-under</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182466/ram-temple-offering-stolen-faith-tainted-and-system-under</guid>
                <pubDate>Wed, 01 Jul 2026 20:04:38 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-07/hindi-divas1.jpg"                         length="173958"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सील के बाद भी संचालित हो रहा अमृत हॉस्पिटल सीएमओ बोल बिना आदेश संचालन हुआ तो होगी कार्रवाई</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;">
<blockquote class="format1"><strong>बस्ती।</strong></blockquote>
</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">जनपद के मुंडेरवा थाना क्षेत्र अंतर्गत बस्ती-मुंडेरवा मार्ग स्थित अमृत हॉस्पिटल को सील किए जाने के बाद भी कथित रूप से संचालन किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि करीब दो माह पूर्व एक महिला की मौत के बाद जनपद में हुए बड़े हंगामे के बाद प्रशासन ने अस्पताल पर कार्रवाई करते हुए उसे सील किया था। इस मामले में मुंडेरवा थाने में गंभीर धाराओं में एक नामजद सहित अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया था।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">इसके बावजूद बिना किसी सक्षम आदेश के अस्पताल का संचालन दोबारा शुरू होने की बात सामने</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/182195/amrit-hospital-is-operating-even-after-seal-cmo-says-action"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-06/img-20260627-wa0052.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div style="text-align:justify;">
<blockquote class="format1"><strong>बस्ती।</strong></blockquote>
</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">जनपद के मुंडेरवा थाना क्षेत्र अंतर्गत बस्ती-मुंडेरवा मार्ग स्थित अमृत हॉस्पिटल को सील किए जाने के बाद भी कथित रूप से संचालन किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि करीब दो माह पूर्व एक महिला की मौत के बाद जनपद में हुए बड़े हंगामे के बाद प्रशासन ने अस्पताल पर कार्रवाई करते हुए उसे सील किया था। इस मामले में मुंडेरवा थाने में गंभीर धाराओं में एक नामजद सहित अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया था।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इसके बावजूद बिना किसी सक्षम आदेश के अस्पताल का संचालन दोबारा शुरू होने की बात सामने आ रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सील के बाद भी अस्पताल में मरीजों को भर्ती कर इलाज किया जा रहा है।इस मामले में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राजीव निगम ने कहा कि अस्पताल संचालन के लिए विभाग की ओर से कोई आदेश जारी नहीं किया गया है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">उन्होंने कहा कि यदि सील अस्पताल का संचालन किया जा रहा है तो मामले की जांच कराकर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई न होने से परेशान हैअब सवाल उठता है कि आखिर सील अस्पताल किसके आदेश पर संचालित हो रहा है और स्वास्थ्य विभाग की नजर से यह कैसे बचा रहा।</div>
</div>
<div class="yj6qo" style="text-align:justify;"> </div>
<div class="adL" style="text-align:justify;"> </div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt" style="text-align:justify;"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ख़बरें</category>
                                            <category>Featured</category>
                                            <category>स्वास्थ्य-आरोग्य</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/182195/amrit-hospital-is-operating-even-after-seal-cmo-says-action</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/182195/amrit-hospital-is-operating-even-after-seal-cmo-says-action</guid>
                <pubDate>Sat, 27 Jun 2026 23:02:28 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-06/img-20260627-wa0052.jpg"                         length="185693"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दुष्कर्म का आरोपी अभियुक्त चढ़ा पुलिस के हत्थे</title>
                                    <description><![CDATA[<div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div><strong>बस्ती। </strong>बस्ती जिले के हरैया थाना अध्यक्ष द्वारा तीन दिन रेप पीड़िताको दौड़ा ने के बाद मुकदमा दर्ज करना पड़ा दलित लड़की के साथ दुष्कर्म के मामले में वांछित अभियुक्त प्रेम कुमार सिंह पुत्र शेर बहादुर सिंह, निवासी ग्राम जगदीशपुर सेमरहिया, को बीती रात हर्रैया पुलिस ने मुखबिर की सूचना के आधार पर गोभिया तिराहा के पास से उस समय गिरफ्तार कर लिया, जब वह कहीं भागने की फिराक में था।</div>
<div>  </div>
<div>पीड़िता की मां श्रीमती शीला देवी पत्नी दीप नारायण, निवासी ग्राम जगदीशपुर सेमरहिया, थाना हर्रैया द्वारा अपनी पुत्री के साथ दुष्कर्म किए जाने का आरोप लगाते हुए विगत 9</div></div></div></div></div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/180943/accused-of-rape-caught-by-police"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-06/img-20260610-wa0074.jpg" alt=""></a><br /><div class="ii gt">
<div class="a3s aiL">
<div>
<div>
<div><strong>बस्ती। </strong>बस्ती जिले के हरैया थाना अध्यक्ष द्वारा तीन दिन रेप पीड़िताको दौड़ा ने के बाद मुकदमा दर्ज करना पड़ा दलित लड़की के साथ दुष्कर्म के मामले में वांछित अभियुक्त प्रेम कुमार सिंह पुत्र शेर बहादुर सिंह, निवासी ग्राम जगदीशपुर सेमरहिया, को बीती रात हर्रैया पुलिस ने मुखबिर की सूचना के आधार पर गोभिया तिराहा के पास से उस समय गिरफ्तार कर लिया, जब वह कहीं भागने की फिराक में था।</div>
<div> </div>
<div>पीड़िता की मां श्रीमती शीला देवी पत्नी दीप नारायण, निवासी ग्राम जगदीशपुर सेमरहिया, थाना हर्रैया द्वारा अपनी पुत्री के साथ दुष्कर्म किए जाने का आरोप लगाते हुए विगत 9 जून को पुलिस को तहरीर देकर यह अभियोग पंजीकृत कराया गया था।</div>
<div> </div>
<div>प्रभारी निरीक्षक तहसीलदार सिंह ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई करते हुए उसे जनपद न्यायालय भेजा गया है। अभियोग की विवेचना क्षेत्राधिकारी हर्रैया स्वर्णिमा सिंह द्वारा की जा रही है।</div>
<div> </div>
<div>गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक के अलावा उप निरीक्षक इंद्रेश यादव, कांस्टेबल राजेश कुमार मौर्य तथा रि. कां. नरेंद्र कुमार शामिल रहे।</div>
</div>
<div class="yj6qo"> </div>
<div class="adL"> </div>
</div>
</div>
</div>
<div class="hq gt"></div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/180943/accused-of-rape-caught-by-police</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/180943/accused-of-rape-caught-by-police</guid>
                <pubDate>Wed, 10 Jun 2026 17:54:39 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-06/img-20260610-wa0074.jpg"                         length="101553"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>जीजा-साले का ‘चीन कनेक्शन’ उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाई कारपोरेशन वेंटीलेटर घोटाला–2</title>
                                    <description><![CDATA[<blockquote class="format1"><strong>📍 <em>लखनऊ | संवाददाता</em></strong></blockquote>
<hr />
<h4 style="text-align:justify;"><strong>  स्थापना का उद्देश्य और वर्तमान स्थिति</strong></h4>
<p style="text-align:justify;">वर्ष 2017 में योगी आदित्यनाथ सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाई कारपोरेशन (UPMSCL) की स्थापना इस उद्देश्य से की गई थी कि प्रदेश के सरकारी अस्पतालों को उच्च गुणवत्ता वाली दवाएं और आधुनिक उपकरण पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से उपलब्ध कराए जा सकें।<br />कारपोरेशन को स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ माना गया था, लेकिन हाल के घटनाक्रम इस संस्था की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">सूत्रों के अनुसार, कुछ अधिकारियों, आउटसोर्स कर्मचारियों और कथित बिचौलियों के गठजोड़ ने खरीद प्रक्रिया को प्रभावित कर इसे कथित रूप से भ्रष्टाचार</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/178039/uttar-pradesh-medical-supply-corporation-ventilator-scam-2"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-05/photo-4.jpg" alt=""></a><br /><blockquote class="format1"><strong>📍 <em>लखनऊ | संवाददाता</em></strong></blockquote>
<hr />
<h4 style="text-align:justify;"><strong> स्थापना का उद्देश्य और वर्तमान स्थिति</strong></h4>
<p style="text-align:justify;">वर्ष 2017 में योगी आदित्यनाथ सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाई कारपोरेशन (UPMSCL) की स्थापना इस उद्देश्य से की गई थी कि प्रदेश के सरकारी अस्पतालों को उच्च गुणवत्ता वाली दवाएं और आधुनिक उपकरण पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से उपलब्ध कराए जा सकें।<br />कारपोरेशन को स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ माना गया था, लेकिन हाल के घटनाक्रम इस संस्था की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">सूत्रों के अनुसार, कुछ अधिकारियों, आउटसोर्स कर्मचारियों और कथित बिचौलियों के गठजोड़ ने खरीद प्रक्रिया को प्रभावित कर इसे कथित रूप से भ्रष्टाचार का केंद्र बना दिया है।</p>
<hr />
<p style="text-align:justify;"><strong> <img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-05/photo-1.jpg" alt="जीजा-साले का ‘चीन कनेक्शन’ उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाई कारपोरेशन वेंटीलेटर घोटाला–2" width="614" height="840"></img></strong></p>
<h3 style="text-align:justify;"><strong>ICU वेंटीलेटर टेंडर में ‘खेल’</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">ताजा मामला जेम (GeM) पोर्टल पर जारी टेंडर संख्या <strong>GEM/2025/B/5823357</strong> से जुड़ा है, जिसके तहत प्रदेश के विभिन्न अस्पतालों के लिए <strong>221 ICU वेंटीलेटर</strong> खरीदे जाने हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">इस टेंडर में कुल 11 कंपनियों ने भाग लिया है। इनमें शामिल <strong>Heidelco Medicore Pvt. Ltd.</strong> पर आरोप है कि यह कंपनी अलग-अलग टेंडरों में अपनी पहचान बदलकर हिस्सा लेती रही है—कभी खुद को निर्माता, तो कभी अधिकृत वितरक बताकर।</p>
<p style="text-align:justify;">इस बार कंपनी ने खुद को <strong>Sysmed Medical Technologies Pvt. Ltd., चंडीगढ़</strong> का अधिकृत वितरक बताया है और जिस वेंटीलेटर मॉडल की आपूर्ति का प्रस्ताव दिया गया है, वह <strong>Topnotch TV-15</strong> है।</p>
<hr />
<p style="text-align:justify;"><strong> <img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-05/photo-2.jpg" alt="जीजा-साले का ‘चीन कनेक्शन’ उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाई कारपोरेशन वेंटीलेटर घोटाला–2" width="634" height="897"></img></strong></p>
<h3 style="text-align:justify;"><strong>KGMU की रिपोर्ट ने खड़े किए सवाल</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">लखनऊ स्थित प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थान <strong>किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU)</strong> ने पूर्व में एक अन्य टेंडर (<strong>GEM/2026/R/647614</strong>) में इसी मॉडल के वेंटीलेटर को गुणवत्ता और सर्विस से जुड़े कारणों से खारिज कर दिया था।</p>
<p style="text-align:justify;">KGMU की तकनीकी समिति द्वारा की गई जांच में निम्न बिंदुओं पर आपत्ति जताई गई थी:</p>
<ul style="text-align:justify;">
<li>उपकरण की <strong>परफॉर्मेंस मानकों पर खरा न उतरना</strong></li>
<li><strong>क्लिनिकल उपयोग में विश्वसनीयता की कमी</strong></li>
<li><strong>सर्विस और मेंटेनेंस सपोर्ट कमजोर होना</strong></li>
</ul>
<p style="text-align:justify;">इसके बावजूद वही मॉडल दोबारा टेंडर प्रक्रिया में शामिल होना कई सवाल खड़े करता है।</p>
<hr />
<h3 style="text-align:justify;"><strong>‘मेड इन इंडिया’ के नाम पर चीनी उत्पाद?</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">आरोप यह भी है कि जिस वेंटीलेटर को भारतीय कंपनी के नाम से पेश किया जा रहा है, वह वास्तव में चीन की कंपनी <strong>Shenzhen Mindray Bio-Medical Electronics Co. Ltd.</strong> का उत्पाद है।</p>
<p style="text-align:justify;">यदि यह आरोप सही साबित होता है, तो यह न केवल खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता पर सवाल उठाता है, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े नियमों का उल्लंघन भी हो सकता है।</p>
<hr />
<h3 style="text-align:justify;"><strong>GFR 144(XI) की अनदेखी?</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">भारत सरकार के <strong>GFR 144(XI)</strong> नियम के अनुसार, सुरक्षा कारणों से चीनी कंपनियों और उनसे जुड़े उत्पादों की सरकारी खरीद पर सख्त प्रतिबंध है, जब तक कि सक्षम प्राधिकारी से अनुमति न ली जाए।</p>
<p style="text-align:justify;">ऐसे में बिना स्पष्ट खुलासे के चीनी उत्पाद को भारतीय कंपनी के माध्यम से पेश करना नियमों की अवहेलना माना जा सकता है।</p>
<hr />
<p style="text-align:justify;"><strong> <img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-05/photo-3.jpg" alt="जीजा-साले का ‘चीन कनेक्शन’ उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाई कारपोरेशन वेंटीलेटर घोटाला–2" width="662" height="468"></img></strong></p>
<h3 style="text-align:justify;"><strong>विभागीय जिम्मेदारी और निगरानी पर सवाल</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">इस पूरे मामले में प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। विभाग की जिम्मेदारी उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री <strong>ब्रजेश पाठक</strong> के पास है।</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>सूत्रों का दावा है कि:</strong></p>
<ul style="text-align:justify;">
<li>एक आउटसोर्स कर्मचारी <strong>उज्ज्वल कुमार</strong> कथित रूप से खरीद प्रक्रिया में प्रभावशाली भूमिका निभा रहा था</li>
<li>टेंडर प्रक्रिया में तकनीकी जांच को प्रभावित करने के प्रयास हुए</li>
<li>कथित दलालों के साथ मिलकर निर्णयों को प्रभावित किया गया</li>
</ul>
<p style="text-align:justify;">हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।</p>
<hr />
<h3 style="text-align:justify;"><strong>कारपोरेशन का पक्ष</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">मेडिकल सप्लाई कारपोरेशन के कर्मचारी <strong>देवव्रत कुमार आर्य</strong> ने संवाददाता से बातचीत में कहा:</p>
<blockquote>
<p>“यदि किसी कंपनी द्वारा चीनी उत्पाद को छिपाकर सप्लाई करने का प्रयास किया जाता है, तो उसकी विस्तृत जांच की जाएगी। नियमों के विरुद्ध पाए जाने पर टेंडर तत्काल निरस्त किया जाएगा।”</p>
</blockquote>
<hr />
<h3 style="text-align:justify;"><strong>बड़े सवाल</strong></h3>
<ul style="text-align:justify;">
<li>
<blockquote class="format1">
<ul>
<li>क्या पहले से रिजेक्टेड उपकरण को दोबारा टेंडर में शामिल किया जा सकता है?</li>
<li>क्या टेंडर प्रक्रिया में तकनीकी मानकों से समझौता किया जा रहा है?</li>
<li>क्या ‘मेड इन इंडिया’ के नाम पर विदेशी उत्पादों की आपूर्ति हो रही है?</li>
<li>क्या निगरानी तंत्र पूरी तरह निष्क्रिय हो चुका है?</li>
</ul>
</blockquote>
</li>
</ul>
<hr />
<p style="text-align:justify;"><strong>📢 निष्कर्ष</strong><br />यह मामला केवल एक टेंडर तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था और सरकारी खरीद प्रणाली की पारदर्शिता पर बड़ा सवाल खड़ा करता है। यदि आरोप सही साबित होते हैं, तो यह न सिर्फ आर्थिक घोटाला होगा बल्कि मरीजों की जान से भी खिलवाड़ माना जाएगा।</p>
<hr />
<blockquote class="format2">✍️ <strong>(स्वतंत्र प्रभात की खोजी टीम अगले अंक में इस मामले से जुड़े और बड़े खुलासे करेगी…)</strong></blockquote>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ख़बरें</category>
                                            <category>स्वास्थ्य-आरोग्य</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/178039/uttar-pradesh-medical-supply-corporation-ventilator-scam-2</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/178039/uttar-pradesh-medical-supply-corporation-ventilator-scam-2</guid>
                <pubDate>Mon, 04 May 2026 07:00:40 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-05/photo-4.jpg"                         length="281656"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>तेज तर्रार कप्तान डॉक्टर यशवीर के आदेशों को नहीं मानते सी ओहरैया चार दिन बीत गए दर्ज नहीं हुआमुकदमा </title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;">  <strong>बस्ती। </strong>बस्ती जिले के पीड़ित पत्रकार दिए गए पुलिस अधीक्षक को पत्र में मुकदमा दर्ज करने का आदेश होने के बावजूद भी थाना अध्यक्ष हराया नहीं दर्ज किया मुकदमा दबंगो के हौसले बुलंद नजर आ रहे हैंग्राम चौकीदार / ग्राम प्रहरी प्रमोद कुमार पर गंभीर आरोप लगा है पीड़ित अनिल कुमार शुक्ला ने ग्राम चौकीदार के खिलाफ पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर मामले की जांच कर कार्यवाही की मांग की है ।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">आपको बता दें कि पीड़ित अनिल कुमार शुक्ला पुत्र स्व० रामतेज शुक्ला साकिन-महादेउरी, थाना-हरैया, जनपद-बस्ती का निवासी है। पीड़ित थानाध्यक्ष हर्रैया के कार्य शैली से परेशान है पीड़ित</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/174984/the-dashing-captain-did-not-follow-the-orders-of-dr"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260402-wa0030.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"> <strong>बस्ती। </strong>बस्ती जिले के पीड़ित पत्रकार दिए गए पुलिस अधीक्षक को पत्र में मुकदमा दर्ज करने का आदेश होने के बावजूद भी थाना अध्यक्ष हराया नहीं दर्ज किया मुकदमा दबंगो के हौसले बुलंद नजर आ रहे हैंग्राम चौकीदार / ग्राम प्रहरी प्रमोद कुमार पर गंभीर आरोप लगा है पीड़ित अनिल कुमार शुक्ला ने ग्राम चौकीदार के खिलाफ पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर मामले की जांच कर कार्यवाही की मांग की है ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">आपको बता दें कि पीड़ित अनिल कुमार शुक्ला पुत्र स्व० रामतेज शुक्ला साकिन-महादेउरी, थाना-हरैया, जनपद-बस्ती का निवासी है। पीड़ित थानाध्यक्ष हर्रैया के कार्य शैली से परेशान है पीड़ित ने आरोप लगाया कि कभी भी थानाध्यक्ष तहसीलदार सिंह मेरी हत्या करवा सकते है पीड़ित के गांव के चौकीदार ने दिनांक 12.02.2026 को चौकीदार के भाई वेद प्रकाश गौतम, तारक नारायन ने मिलकर पीड़ित के घर में चोरी करते पकड़े गये ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">वेद प्रकाश पीड़ित के बेटे आलोक को चाकू से वार कर दिया था उसके बाद पीड़ित के बेटे ने पास पड़े डंडे से चोर के सिर पर मार दिया था जिससे वे गिर पड़े थे और उनका चप्पल, तौलिया मेरे घर में ही छूट गया था जिसको थानाध्यक्ष ने बरामद कर थाने पर ले गये थे लेकिन आज तक न्यायालय में न तो भेजे और न ही पीड़ित को सूचना दिये उसके बावजूद विपक्षी प्रमोद कुमार चौकीदार, वेद प्रकाश गौतम मिलकर बार - बार मेरे दरवाजे पर लगे बांस को तोड़ते हैं बोलने पर मार पीट पर आमादा हो जाते है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">और कई बार शिकायत करने पर हर्रैया पुलिस न तो कोई कार्यवाही कर रही है और न ही कोई पुलिस दरवाजे पर जा रही हैं अर्थात हर्रैया पुलिस ग्राम चौकीदार के दबाव में कोई कार्यवाही नहीं कर रही है जिससे अपराधियों का हौसला बुलन्द रहा है आये दिन विवाद करते रहते है। एक पक्षीय कार्यवाही करने से तथा अपराधियों को संरक्षण के कारण थानाध्यक्ष थाना हर्रैया के खिलाफ कार्रवाई की भी मांग की गई है । उक्त प्रकरण में पुलिस अधीक्षक डा० यशवीर सिंह ने जांच कर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है ।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/174984/the-dashing-captain-did-not-follow-the-orders-of-dr</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/174984/the-dashing-captain-did-not-follow-the-orders-of-dr</guid>
                <pubDate>Fri, 03 Apr 2026 19:41:48 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260402-wa0030.jpg"                         length="35481"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Abhinav Shukla]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>प्रयागराज साइबर थाने के प्रभारी निलंबित </title>
                                    <description><![CDATA[<div style="text-align:justify;"><strong>ब्यूरो प्रयागराज।</strong> पुलिस महकमे से जुड़ी एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है। साइबर थाना प्रभारी को विभागीय अनियमितताओं और कार्य में लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है और अन्य अधिकारियों में भी सतर्कता बढ़ गई है।</div>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">सूत्रों के अनुसार, साइबर थाने में प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में देरी, मामलों की जांच में शिथिलता और उच्च अधिकारियों के निर्देशों की अनदेखी जैसी शिकायतें लगातार मिल रही थीं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मामले की जांच कराई, जिसमें प्रथम दृष्टया आरोप सही</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/173660/there-was-a-stir-in-the-suspended-department-in-charge-of"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-03/img-20260319-wa0319.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>ब्यूरो प्रयागराज।</strong> पुलिस महकमे से जुड़ी एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है। साइबर थाना प्रभारी को विभागीय अनियमितताओं और कार्य में लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है और अन्य अधिकारियों में भी सतर्कता बढ़ गई है।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">सूत्रों के अनुसार, साइबर थाने में प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में देरी, मामलों की जांच में शिथिलता और उच्च अधिकारियों के निर्देशों की अनदेखी जैसी शिकायतें लगातार मिल रही थीं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मामले की जांच कराई, जिसमें प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए गए।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">जांच रिपोर्ट के आधार पर तत्काल प्रभाव से थाना प्रभारी को निलंबित कर दिया गया। साथ ही पूरे प्रकरण की विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि लापरवाही किन परिस्थितियों में हुई और इसमें अन्य कोई कर्मचारी भी शामिल है या नहीं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आम जनता की शिकायतों का समयबद्ध और पारदर्शी निस्तारण पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने साफ किया कि दोषी पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस कार्रवाई के बाद साइबर थाना समेत अन्य थानों में भी कार्यप्रणाली को लेकर समीक्षा शुरू कर दी गई है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे शिकायतों के निस्तारण में तेजी लाएं और आम लोगों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल करें।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">गौरतलब है कि साइबर अपराधों में लगातार बढ़ोतरी के बीच साइबर थाने की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो गई है। ऐसे में थाना प्रभारी पर की गई यह कार्रवाई पुलिस विभाग के लिए एक सख्त संदेश मानी जा रही है।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/173660/there-was-a-stir-in-the-suspended-department-in-charge-of</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/173660/there-was-a-stir-in-the-suspended-department-in-charge-of</guid>
                <pubDate>Thu, 19 Mar 2026 20:40:13 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/img-20260319-wa0319.jpg"                         length="72680"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat UP]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>11.17 करोड़ के खर्च पर सवाल: अभिलेख न देने पर 18 सचिवों का वेतन रोका, जमीनी हकीकत पर भी उठे सवाल</title>
                                    <description><![CDATA[<blockquote class="format1"><strong>गोण्डा-आनंद पांडेय </strong></blockquote>
<p style="text-align:justify;">ग्राम पंचायतों में विकास कार्यों के लिए खर्च की गई 11.17 करोड़ रुपये की धनराशि को लेकर बड़ा मामला सामने आया है। एक ओर जहां अभिलेख प्रस्तुत न करने पर 18 ग्राम पंचायत सचिवों का वेतन रोक दिया गया है, वहीं दूसरी ओर जमीनी स्तर पर विकास कार्यों की वास्तविक स्थिति को लेकर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;"><br />जानकारी के अनुसार, पंचायत राज विभाग के तहत वर्ष 2016-17 से 2023-24 के बीच जिले की 82 ग्राम पंचायतों में कुल 11 करोड़ 17 लाख रुपये खर्च दर्शाए गए हैं। इन कार्यों का ऑडिट जिला लेखा परीक्षा समिति द्वारा</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/173462/questions-raised-on-expenditure-of-rs-1117-crore-salary-of"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-03/bhrastachar.jpg" alt=""></a><br /><blockquote class="format1"><strong>गोण्डा-आनंद पांडेय </strong></blockquote>
<p style="text-align:justify;">ग्राम पंचायतों में विकास कार्यों के लिए खर्च की गई 11.17 करोड़ रुपये की धनराशि को लेकर बड़ा मामला सामने आया है। एक ओर जहां अभिलेख प्रस्तुत न करने पर 18 ग्राम पंचायत सचिवों का वेतन रोक दिया गया है, वहीं दूसरी ओर जमीनी स्तर पर विकास कार्यों की वास्तविक स्थिति को लेकर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;"><br />जानकारी के अनुसार, पंचायत राज विभाग के तहत वर्ष 2016-17 से 2023-24 के बीच जिले की 82 ग्राम पंचायतों में कुल 11 करोड़ 17 लाख रुपये खर्च दर्शाए गए हैं। इन कार्यों का ऑडिट जिला लेखा परीक्षा समिति द्वारा किया गया, जिसमें कई स्थानों पर संबंधित अभिलेख उपलब्ध नहीं कराए गए। समिति ने इसे गंभीर मानते हुए धनराशि के दुरुपयोग की आशंका जताई और रिपोर्ट विभाग को भेजी।</p>
<p style="text-align:justify;"><br />कई बार नोटिस व पत्राचार के बावजूद अभिलेख प्रस्तुत न करने पर डीपीआरओ लालजी दूबे ने 18 सचिवों के मार्च माह के वेतन पर रोक लगा दी है और स्पष्टीकरण मांगा है। प्रशासन ने संकेत दिया है कि संतोषजनक जवाब न मिलने पर आगे और कड़ी कार्रवाई की जाएगी।</p>
<p style="text-align:justify;"><br />इधर, क्षेत्रीय ग्रामीणों ने पूरे मामले को लेकर जमीनी हकीकत पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि कई ग्राम पंचायतों में विकास कार्य केवल कागजों में ही दिखाए गए हैं, जबकि वास्तविकता में मौके पर कार्य अधूरे या न के बराबर हैं। ग्रामीणों का कहना है कि फर्जी बिल-वाउचर के जरिए भुगतान दर्शाकर सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया है।</p>
<p style="text-align:justify;"><br />विभागीय आंकड़ों के अनुसार खर्च की गई कुल धनराशि 11.17 करोड़ रुपये है, लेकिन अभिलेख प्रस्तुत न होने के कारण यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है कि इसमें से कितनी राशि का वास्तविक और सत्यापित हिसाब उपलब्ध है।</p>
<p style="text-align:justify;"><br />स्थानीय स्तर पर अब मामले की निष्पक्ष जांच और जमीनी सत्यापन की मांग तेज हो गई है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते ठोस कार्रवाई नहीं की गई तो सरकारी योजनाओं की पारदर्शिता और विश्वसनीयता पर प्रश्नचिह्न लग सकता है</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>आपका शहर</category>
                                            <category>पूर्वांचल-पूर्वी उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/173462/questions-raised-on-expenditure-of-rs-1117-crore-salary-of</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/173462/questions-raised-on-expenditure-of-rs-1117-crore-salary-of</guid>
                <pubDate>Wed, 18 Mar 2026 16:44:55 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/bhrastachar.jpg"                         length="181790"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Swatantra Prabhat]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        