जनपद नोडल अधिकारी ने किया आकस्मिक निरीक्षण


शासन के विकास प्राथमिकता कार्यक्रमों से सम्बन्धित 18 बिन्दुओं की प्रगति समीक्षा


उन्नाव। श्रीमती बीना कुमारी मीना, प्रमुख सचिव स्टाम्प एवं पंजीयन, महिला एवं बाल विकास उ0प्र0 शासन लखनऊ एवं नोडल अधिकारी, उन्नाव के भ्रमण कार्यक्रम एवं निरीक्षण कार्यक्रम के तहत सर्वप्रथम हसनगंज तहसील के ब्लाॅक मियागंज के विकास खण्ड कार्यालय में विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। समीक्षा के दौरान सरकार की प्राथमिकता वाले जनकल्याणकारी योजनाओं की बिन्दुवार समीक्षा की, जिसमें राष्टीय ग्रामीण आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री/मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि असोहा, सफीपुर, बीघापुर, फतेहपुर चैरासी, हसनगंज, नवाबगंज, हिलौली की विकास योजनाओे की प्रगति कम पाये जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिये

कि एक सप्ताह में लक्ष्य की पूर्ति की जायेतथा थर्डपार्टी से सर्वे करा कर जो लाभार्थी इस योजना से वंचित हैं उन्हे लाभ दिलाया जाये। शेैाचालय मानक के अनुसार ही बनवाये जाये जो लोग इनका उपयोग नही कर रहे है उन्हे प्रयोग कराने को कहा जाये। कार्यांे का सत्यापन समय-समय पर अवश्य कराया जाये। जहां पर शौचालय नही है वहां तत्काल उपलब्ध कराया जाये।

अधिशाषी अधिकारी को कूडे़ का निस्तारण समय से कराये जाने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित कराये। आजीविका मिशन के तहत उन्होंने महिला समूहो को प्रिटिंग मशीन व अन्य व्यवसाय से जोड़े जायें ताकि जिस व्यवसाय से वे जुड़ें बराबर आर्थिक लाभ मिलता रहे।

नोडल अधिकारी ने इसके उपरान्त प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र के निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई कम पाये जाने पर नाराजगी व्यक्त की। दवाओं की उपलब्धता, रोगियों को चिकित्सा से जुडे लाभ समय से देने को कहा। स्वास्थ्य केन्द्र में उपलब्ध एक्सरे मशीन आदि का निरीक्षण किया। औराई गौशाला का निरीक्षण के दौरान उन्हें बताया गया कि इसमें कुल 56 गोवंश हैं,

जिसमें आवारा घुमन्तु पशु अधिक हैं इसपर उन्होंने कहा कि आवारा छोडे़ गये पशु मालिकों पर एफ आई आर दर्ज करायी जाये ताकिपशुओं को इस तरह से न छोडें़। गदनखेडा स्थिति बृहद गौशाला का निरीक्षण किया जिसमें 400 गाय रखने की क्षमता बतायी गयी। गोवंशों की व्यवस्था को देखते हुए उन्होंने कहा कि यहां पर गोबर गैस प्लान्ट/कम्पोष्ट खाद की व्यवस्था करायी जाये और गोबर गैस प्लान्ट से विद्युत की व्यवस्था करायी जा सकती है।

पशु चिकित्साधिकारी ने कहा कि इसे संचालित करने हेतु स्वयं सेवी संस्था को दिये जाने की बात चल रही है। आंगनबाड़ी केन्द्र का निरीक्षण के दौरान केन्द्र पर मानक के अनुसार खाद्य सामग्री कम वितरण किये जाने एवं अधिकारियों का सुपर विजन संतोषजनक न होने पर मियागंज की मुख्यसेविका, सुपरवाइजर, आगनवाणी केन्द्र सहायिका के विरूद्व कठोर कार्यवाही करने के निर्देश दिये गये एवं प्राथमिक विद्यालय आकस्मिक निरीक्षण के दौरान बच्चों के पठन पाठन की गुणवत्ता पर जोर दिया तथा बच्चों के बैठने की उचित प्रबन्ध कराये जाने के निर्देश दिया गया। निरीक्षण के उपरान्त नोडल अधिकारी ने विकास भवन सभागार में उत्तर प्रदेश शासन विकास प्राथमिकता कार्यक्रमों से सम्बन्धित 18 बिन्दुओं की प्रगति माह दिसम्बर 2019 के लक्ष्य के सापेक्ष पूर्ति पर विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की।

विभिन्न विभागों की निर्माणाधीन भवनों स्वास्थ्य केन्द्र आश्रय योजना, आई टी आई, जीआईसी, जीजीआईसी, पक्षीविहार वन, चन्द्रिका देवी मन्दिर के विस्तार मिनी स्टेडियम, मिनि आईटीआई तथा पुलिस ट्रेनिंग सेन्टर आदि के निर्माणाधीन भवनों को समय से पूरा करने के निर्देश कार्यदायी संस्थाओं को दिये। उन्होंने ग्रामीण पेयजल योजना, अमृत योजना, सीवरेज, पार्कों के सौन्दर्यीकरण, मण्डी समिति पुरवा के कार्यों की विस्तार से चर्चा की। सुमन्गला योजना के तहत जनपद के विभिन्न विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये

कि जो भी लक्ष्य दिये गये हैं एक सप्ताह के अन्दर पूर्ण करें। उन्होंने जिलाधिकारी देवेन्द्र कुमार पाण्डेय से कहा कि बेसिक शिक्षा की गुणवत्ता संतोष जनक नहीं है, जिसपर विभिन्न विभागों के अधिकारियों को निरीक्षण कर गुणवत्ता में सुधार लाये जाने पर जोर दिया। बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक विक्रान्त वीर, मुख्य विकास अधिकारी डा0 राजेश कुमार प्रजापति, अपर जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह सहित विभिन्न विभागों के जिलास्तरीय अधिकारीगण आदि उपस्थित थे।