<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.swatantraprabhat.com/author/25/bihar-swatantra-prabhat" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Swatantra Prabhat RSS Feed Generator</generator>
                <title>BIHAR SWATANTRA PRABHAT - Swatantra Prabhat</title>
                <link>https://www.swatantraprabhat.com/author/25/rss</link>
                <description>BIHAR SWATANTRA PRABHAT RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>शादी समारोह में हर्ष फायरिंग से 4 वर्षीय बच्ची की मौत</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>स्वतंत्र प्रभात | पटना के धनरुआ से संवाददाता की रिपोर्ट</strong><br /><strong>प्रकाशक – जितेंद्र कुमार राजेश</strong></p>
<p>पटना जिले के धनरुआ थाना क्षेत्र अंतर्गत छाती पंचायत के असरेपुर गांव में शादी समारोह के दौरान हर्ष फायरिंग एक मासूम बच्ची की मौत का कारण बन गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीती रात गांव में सचचू यादव की पुत्री का विवाह समारोह चल रहा था और घर में खुशी का माहौल था। इसी दौरान किसी व्यक्ति द्वारा की गई हर्ष फायरिंग ने पूरे माहौल को मातम में बदल दिया।</p>
<p>बताया जा रहा है कि फायरिंग के दौरान चली एक गोली वहां मौजूद करीब 4</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/177553/4-year-old-girl-dies-due-to-harsh-firing-at"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260428-wa0206.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>स्वतंत्र प्रभात | पटना के धनरुआ से संवाददाता की रिपोर्ट</strong><br /><strong>प्रकाशक – जितेंद्र कुमार राजेश</strong></p>
<p>पटना जिले के धनरुआ थाना क्षेत्र अंतर्गत छाती पंचायत के असरेपुर गांव में शादी समारोह के दौरान हर्ष फायरिंग एक मासूम बच्ची की मौत का कारण बन गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीती रात गांव में सचचू यादव की पुत्री का विवाह समारोह चल रहा था और घर में खुशी का माहौल था। इसी दौरान किसी व्यक्ति द्वारा की गई हर्ष फायरिंग ने पूरे माहौल को मातम में बदल दिया।</p>
<p>बताया जा रहा है कि फायरिंग के दौरान चली एक गोली वहां मौजूद करीब 4 वर्षीय बच्ची के सीने में जा लगी। गंभीर रूप से घायल बच्ची को आनन-फानन में इलाज के लिए पटना ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। मृत बच्ची की पहचान पटना जिले के बोमन बिगहा गांव निवासी पिंटू कुमार की पुत्री के रूप में की गई है।</p>
<p>घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया और शादी की खुशियां पलभर में गम में बदल गईं। सूचना मिलते ही धनरुआ थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। डीएसपी-2 कन्हैया कुमार एवं थाना प्रभारी अमित कुमार ने घटना को गंभीरता से</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/177553/4-year-old-girl-dies-due-to-harsh-firing-at</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/177553/4-year-old-girl-dies-due-to-harsh-firing-at</guid>
                <pubDate>Wed, 29 Apr 2026 11:07:12 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260428-wa0206.jpg"                         length="29896"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>रोड एक्सीडेंट में राजद प्रखंड अध्यक्ष संजय यादव का निधन</title>
                                    <description><![CDATA[<div><strong>स्वतंत्र प्रभात | पटना के धनरुआ से संवाददाता की रिपोर्ट</strong></div>
<div><strong>प्रकाशक – जितेंद्र कुमार राजेश</strong></div>
<div>  </div>
<div>धनरुआ प्रखंड क्षेत्र के राजद प्रखंड अध्यक्ष संजय यादव का सड़क दुर्घटना में निधन हो जाने से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीते दिनों वे एक सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घटना के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए पटना के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान आज उनका निधन हो गया।</div>
<div>  </div>
<div>संजय यादव के निधन की खबर मिलते ही क्षेत्र में मातम छा गया। उनके आवास</div>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/177549/rjd-block-president-sanjay-yadav-dies-in-road-accident"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260428-wa0200.jpg" alt=""></a><br /><div><strong>स्वतंत्र प्रभात | पटना के धनरुआ से संवाददाता की रिपोर्ट</strong></div>
<div><strong>प्रकाशक – जितेंद्र कुमार राजेश</strong></div>
<div> </div>
<div>धनरुआ प्रखंड क्षेत्र के राजद प्रखंड अध्यक्ष संजय यादव का सड़क दुर्घटना में निधन हो जाने से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीते दिनों वे एक सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घटना के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए पटना के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान आज उनका निधन हो गया।</div>
<div> </div>
<div>संजय यादव के निधन की खबर मिलते ही क्षेत्र में मातम छा गया। उनके आवास पर शोक व्यक्त करने वालों की भीड़ उमड़ पड़ी। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय लोगों ने बताया कि संजय यादव एक मिलनसार, सरल और समाज के सभी वर्गों को साथ लेकर चलने वाले व्यक्ति थे। वे लंबे समय से राजद के प्रखंड अध्यक्ष के रूप में सक्रिय भूमिका निभा रहे थे और पार्टी के प्रति समर्पित कार्यकर्ता के रूप में जाने जाते थे।</div>
<div> </div>
<div>इस दुखद घटना पर पूर्व विधायक रेखा देवी, धनी यादव, उपेंद्र मुखिया, धनंजय कुमार, संजीव कुमार, धर्मेंद्र कुमार सहित कई जनप्रतिनिधियों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने गहरा शोक व्यक्त किया है। सभी ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करते हुए शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना प्रकट की है।</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/177549/rjd-block-president-sanjay-yadav-dies-in-road-accident</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/177549/rjd-block-president-sanjay-yadav-dies-in-road-accident</guid>
                <pubDate>Wed, 29 Apr 2026 11:06:13 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260428-wa0200.jpg"                         length="29737"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>02 मई से 31 मई तक होगा मकान सूचीकरण, मोबाइल ऐप से होगी गणना</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>सुपौल।</strong></p>
<p>भारत की जनगणना 2027 के प्रथम चरण के तहत जिले में मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का कार्य 02 मई 2026 से 31 मई 2026 तक किया जाएगा। इस कार्य में लगे प्रगणक एवं सुपरवाइजर प्रत्येक घर का आंकड़ा मोबाइल ऐप के माध्यम से एकत्र करेंगे।</p>
<p>प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से संपन्न की जाएगी। जनगणना अधिनियम 1948 के तहत एकत्र किए गए सभी आंकड़े गोपनीय रखे जाएंगे और नागरिकों से अपील की गई है कि वे सही एवं सटीक जानकारी उपलब्ध कराएं।</p>
<p>बताया गया है कि मकान सूचीकरण और गणना शुरू</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/176240/house-listing-will-be-done-from-2nd-may-to-31st"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img_20260415_191131.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>सुपौल।</strong></p>
<p>भारत की जनगणना 2027 के प्रथम चरण के तहत जिले में मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का कार्य 02 मई 2026 से 31 मई 2026 तक किया जाएगा। इस कार्य में लगे प्रगणक एवं सुपरवाइजर प्रत्येक घर का आंकड़ा मोबाइल ऐप के माध्यम से एकत्र करेंगे।</p>
<p>प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से संपन्न की जाएगी। जनगणना अधिनियम 1948 के तहत एकत्र किए गए सभी आंकड़े गोपनीय रखे जाएंगे और नागरिकों से अपील की गई है कि वे सही एवं सटीक जानकारी उपलब्ध कराएं।</p>
<p>बताया गया है कि मकान सूचीकरण और गणना शुरू होने से पूर्व आम नागरिकों की सुविधा के लिए स्व-गणना (सेल्फ एन्यूमरेशन) की व्यवस्था की गई है, जो 17 अप्रैल 2026 से 01 मई 2026 तक संचालित रहेगी। इसके लिए नागरिक पोर्टल पर लॉगिन कर स्वयं अपने परिवार की जानकारी दर्ज कर सकते हैं।</p>
<p>स्व-गणना प्रक्रिया में पोर्टल पर पंजीकरण, मोबाइल नंबर के माध्यम से ओटीपी सत्यापन, परिवार का विवरण दर्ज करना, स्थान की पहचान, आवश्यक दस्तावेज अपलोड करना, पूर्वावलोकन के बाद अंतिम सबमिट करना शामिल है। सफल पंजीकरण के बाद एक यूनिक आईडी (SE ID) जारी किया जाएगा, जिसका उपयोग आगे सत्यापन के लिए किया जाएगा।</p>
<p>प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे स्व-गणना में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें और जनगणना कार्य को सफल बनाने में सहयोग करें।</p>
<p><strong><em>रिपोर्टर: जितेंद्र कुमार राजेश, बिहार</em></strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/176240/house-listing-will-be-done-from-2nd-may-to-31st</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/176240/house-listing-will-be-done-from-2nd-may-to-31st</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Apr 2026 23:14:26 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img_20260415_191131.jpg"                         length="565910"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बिहार में नई सरकार के गठन के कुछ घंटे बाद ही हुआ विभागों का बंटवारा</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>पटना । </strong></p>
<p>बिहार में नई सरकार के गठन के कुछ ही घंटों के भीतर विभागों का बंटवारा कर प्रशासनिक कार्यों को गति दे दी गई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सरकार के प्रमुख और महत्वपूर्ण विभाग अपने पास रखते हुए प्रशासनिक नियंत्रण मजबूत किया है। वहीं, उपमुख्यमंत्रियों को भी उनकी जिम्मेदारियों के अनुरूप विभाग सौंपे गए हैं।</p>
<p>मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, भारतीय संविधान के अनुच्छेद 166(3) के तहत प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए तथा कार्यपालिका नियमावली के नियम 6(1) एवं 7(1) के आलोक में राज्यपाल सचिवालय के आदेश के आधार पर मुख्यमंत्री की सलाह से</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/176254/division-of-departments-took-place-just-hours-after-the-formation"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260415-wa0220.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>पटना । </strong></p>
<p>बिहार में नई सरकार के गठन के कुछ ही घंटों के भीतर विभागों का बंटवारा कर प्रशासनिक कार्यों को गति दे दी गई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सरकार के प्रमुख और महत्वपूर्ण विभाग अपने पास रखते हुए प्रशासनिक नियंत्रण मजबूत किया है। वहीं, उपमुख्यमंत्रियों को भी उनकी जिम्मेदारियों के अनुरूप विभाग सौंपे गए हैं।</p>
<p>मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, भारतीय संविधान के अनुच्छेद 166(3) के तहत प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए तथा कार्यपालिका नियमावली के नियम 6(1) एवं 7(1) के आलोक में राज्यपाल सचिवालय के आदेश के आधार पर मुख्यमंत्री की सलाह से मंत्रियों के बीच विभागों का आवंटन किया गया है। जारी अधिसूचना के मुताबिक, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को कुल 29 विभागों की जिम्मेदारी दी गई है।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0219.jpg" alt="IMG-20260415-WA0219" width="1080" height="1493"></img> </p>
<p>इनमें सामान्य प्रशासन, गृह, मंत्रिमंडल सचिवालय, निगरानी, निर्वाचन, राजस्व एवं भूमि सुधार, खान एवं भू-तत्व, नगर विकास एवं आवास, स्वास्थ्य, विधि, उद्योग, पथ निर्माण, कृषि, लघु जल संसाधन, श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण, युवा, रोजगार एवं कौशल विकास, पर्यटन, कला एवं संस्कृति, डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन, आपदा प्रबंधन, पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण, अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण, सूचना प्रौद्योगिकी, खेल, सहकारिता, पर्यावरण-वन एवं जलवायु परिवर्तन, गन्ना उद्योग, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण तथा पंचायती राज विभाग शामिल हैं। इसके अलावा वे उन सभी विभागों का प्रभार भी संभालेंगे जो अभी किसी अन्य मंत्री को आवंटित नहीं किए गए हैं।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0219.jpg" alt="IMG-20260415-WA0219" width="853" height="974"></img><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0221.jpg" alt="IMG-20260415-WA0221" width="853" height="974"></img></p>
<p>उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी को जल संसाधन, संसदीय कार्य, सूचना एवं जनसंपर्क, भवन निर्माण, अल्पसंख्यक कल्याण, शिक्षा, विज्ञान प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा, ग्रामीण विकास, परिवहन और उच्च शिक्षा सहित कुल दस विभागों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इन विभागों के जरिए वे राज्य के बुनियादी ढांचे और शिक्षा क्षेत्र को मजबूती देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।</p>
<p>वहीं,दूसरे उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव को ऊर्जा, योजना एवं विकास, मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन, वित्त, वाणिज्य-कर, समाज कल्याण, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण तथा ग्रामीण कार्य सहित कुल आठ विभागों का जिम्मा दिया गया है। ये विभाग राज्य की आर्थिक स्थिति और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के संचालन में अहम माने जाते हैं।</p>
<p>राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि विभागों के इस संतुलित बंटवारे के जरिए सरकार ने प्रशासनिक समन्वय और विकास कार्यों में तेजी लाने का संकेत दिया है। मुख्यमंत्री द्वारा बड़ी संख्या में विभाग अपने पास रखना यह दर्शाता है कि सरकार शुरुआती चरण में फैसलों पर सीधा नियंत्रण बनाए रखना चाहती है। नई सरकार के इस फैसले से स्पष्ट है कि आने वाले दिनों में विकास योजनाओं के क्रियान्वयन और प्रशासनिक सुधारों पर विशेष जोर दिया जाएगा। अब सभी की नजर इस बात पर है कि नई टीम अपने दायित्वों को किस प्रकार जमीन पर उतारती है और राज्य के विकास को किस दिशा में ले जाती है साथ ही नई सरकार का कैबिनेट विस्तार कब तक होता है अब लोगों की नजरें भी इन सभी बातों पर भी टिकी है।</p>
<p><strong>रिपोर्टर: जितेंद्र कुमार राजेश, बिहार</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजनीति</category>
                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>राजनीति</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/176254/division-of-departments-took-place-just-hours-after-the-formation</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/176254/division-of-departments-took-place-just-hours-after-the-formation</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Apr 2026 23:14:19 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0220.jpg"                         length="72274"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>वीसी के जरिए योजनाओं की समीक्षा, समय पर लक्ष्य पूरा करने का निर्देश</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;"><strong>सुपौल।</strong> उप विकास आयुक्त सारा अशरफ की अध्यक्षता में बुधवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण, मनरेगा योजना एवं लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान की प्रगति को लेकर समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में निदेशक एनईपी, निदेशक लेखा प्रशासन, डीआरडीए, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मनरेगा) सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। वहीं सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, कार्यक्रम पदाधिकारी (मनरेगा) एवं स्वच्छता समन्वयक वर्चुअल माध्यम से जुड़े।</p>
<p style="text-align:justify;">बैठक के दौरान उप विकास आयुक्त ने योजनावार समीक्षा करते हुए अधिकारियों को कई आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने मनरेगा के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 के अप्रैल माह के लिए निर्धारित लक्ष्य के</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/176219/instructions-to-review-schemes-through-vc-and-complete-targets-on"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260415-wa0206.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सुपौल।</strong> उप विकास आयुक्त सारा अशरफ की अध्यक्षता में बुधवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण, मनरेगा योजना एवं लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान की प्रगति को लेकर समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में निदेशक एनईपी, निदेशक लेखा प्रशासन, डीआरडीए, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मनरेगा) सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। वहीं सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, कार्यक्रम पदाधिकारी (मनरेगा) एवं स्वच्छता समन्वयक वर्चुअल माध्यम से जुड़े।</p>
<p style="text-align:justify;">बैठक के दौरान उप विकास आयुक्त ने योजनावार समीक्षा करते हुए अधिकारियों को कई आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने मनरेगा के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 के अप्रैल माह के लिए निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप अधिक से अधिक मानव दिवस सृजन सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही सभी श्रमिकों का ई-केवाईसी कार्य शत-प्रतिशत पूरा करने का निर्देश दिया।</p>
<p style="text-align:justify;">प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत स्वीकृत लाभुकों को ई-एमआर निर्गत कर मनरेगा से जोड़ते हुए मानव दिवस का लाभ देने पर जोर दिया गया। इसके अलावा वित्तीय वर्ष 2025-26 एवं उससे पूर्व की लंबित योजनाओं को शीघ्र पूर्ण करने तथा जियो टैगिंग से वंचित योजनाओं का जियो टैग कराने का निर्देश दिया गया।</p>
<p style="text-align:justify;">आवास योजना की समीक्षा में सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को योग्य लाभुकों को नियमानुसार प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय किस्त की राशि समय पर उपलब्ध कराने और निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।</p>
<p style="text-align:justify;">वहीं लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के अंतर्गत सामुदायिक स्वच्छता परिसर के निर्माण कार्य को जल्द पूरा करने तथा महादलित टोला में लक्ष्य के अनुरूप व्यक्तिगत शौचालय निर्माण सुनिश्चित करने को कहा गया।</p>
<p style="text-align:justify;">उप विकास आयुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्धारित समयसीमा के भीतर योजनाओं का क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हुए प्रगति में तेजी लाएं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/176219/instructions-to-review-schemes-through-vc-and-complete-targets-on</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/176219/instructions-to-review-schemes-through-vc-and-complete-targets-on</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Apr 2026 18:35:32 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0206.jpg"                         length="691268"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अग्निकांड व हीट वेव से निपटने की तैयारी तेज</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;"><strong>सुपौल।</strong> अग्निकांड एवं लू (हीट वेव) के संभावित खतरे को देखते हुए जिलाधिकारी सावन कुमार की अध्यक्षता में जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों को विभागीय एसओपी के अनुरूप आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।</p>
<p style="text-align:justify;">बैठक के दौरान अग्निशमन, पीएचईडी, स्वास्थ्य, पशुपालन, विद्युत विभाग एवं नगर निकाय से जुड़े अधिकारियों को अलर्ट रहने का निर्देश दिया गया। नगर निकाय क्षेत्रों में कार्यपालक पदाधिकारियों को आमजन में जागरूकता बढ़ाने के लिए होर्डिंग-बैनर के माध्यम से प्रचार-प्रसार करने तथा विभिन्न स्थानों पर प्याऊ (पेयजल) की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0216.jpg" alt="IMG-20260415-WA0216" width="1200" height="1200" /></p>
<p style="text-align:justify;">अग्निशमन विभाग को निर्देशित किया गया</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/176218/preparations-intensified-to-deal-with-fire-and-heat-wave"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260415-wa0213.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सुपौल।</strong> अग्निकांड एवं लू (हीट वेव) के संभावित खतरे को देखते हुए जिलाधिकारी सावन कुमार की अध्यक्षता में जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों को विभागीय एसओपी के अनुरूप आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।</p>
<p style="text-align:justify;">बैठक के दौरान अग्निशमन, पीएचईडी, स्वास्थ्य, पशुपालन, विद्युत विभाग एवं नगर निकाय से जुड़े अधिकारियों को अलर्ट रहने का निर्देश दिया गया। नगर निकाय क्षेत्रों में कार्यपालक पदाधिकारियों को आमजन में जागरूकता बढ़ाने के लिए होर्डिंग-बैनर के माध्यम से प्रचार-प्रसार करने तथा विभिन्न स्थानों पर प्याऊ (पेयजल) की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0216.jpg" alt="IMG-20260415-WA0216" width="4080" height="2296"></img></p>
<p style="text-align:justify;">अग्निशमन विभाग को निर्देशित किया गया कि ब्लॉक स्तर पर ऐसे स्थान चिन्हित करें, जहां से किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई संभव हो सके। जिलाधिकारी ने सभी अंचल अधिकारियों एवं अनुमंडल पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि अग्निकांड या अन्य आपदा से प्रभावित परिवारों को 24 घंटे के भीतर अनुदान राशि का भुगतान सुनिश्चित किया जाए।</p>
<p style="text-align:justify;">पीएचईडी के कार्यपालक पदाधिकारी को सभी चापाकलों की जांच कर यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया कि कहीं भी पेयजल की कमी न हो। आपात स्थिति से निपटने के लिए जिला स्तर पर कंट्रोल रूम (दूरभाष संख्या 06473-224005) सक्रिय कर दिया गया है, जिस पर आमजन संपर्क कर सकते हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">बैठक में उप विकास आयुक्त सारा अशरफ, अपर समाहर्ता (आपदा प्रबंधन) मो. तारिक, प्रभारी पदाधिकारी (आपदा प्रबंधन) मुकेश कुमार, सहायक आपदा प्रबंधन पदाधिकारी चंद्रभूषण कुमार सहित सभी अनुमंडल पदाधिकारी, अंचल अधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं संबंधित विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/176218/preparations-intensified-to-deal-with-fire-and-heat-wave</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/176218/preparations-intensified-to-deal-with-fire-and-heat-wave</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Apr 2026 18:34:12 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0213.jpg"                         length="455384"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>संभावित बाढ़ 2026 को लेकर तैयारियों का जायजा</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;"><strong>सुपौल</strong>: संभावित बाढ़ 2026 की तैयारियों के मद्देनजर जिलाधिकारी सावन कुमार (भा.प्र.से.) ने बुधवार को पूर्वी कोशी तटबंध प्रमंडल, सुपौल के अंतर्गत विभिन्न स्थलों पर चल रहे बाढ़ सुरक्षात्मक कार्यों का निरीक्षण किया।</p>
<p style="text-align:justify;">निरीक्षण के क्रम में डीएम ने किशनपुर प्रखंड के सुजानपुर गांव में संचालित ‘विलेज प्रोटेक्शन वर्क’ का जायजा लिया। इस दौरान कार्य में पाई गई कमियों पर नाराजगी जताते हुए संबंधित कार्यपालक अभियंता को उन्हें शीघ्र दूर करने का निर्देश दिया।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0191.jpg" alt="IMG-20260415-WA0191" width="1200" height="1200" /></p>
<p style="text-align:justify;">इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी ने स्पर संख्या 64.95 किमी एवं 68.30 किमी पर चल रहे बाढ़ सुरक्षा कार्यों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/176217/review-of-preparations-for-possible-flood-2026"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260415-wa0188.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सुपौल</strong>: संभावित बाढ़ 2026 की तैयारियों के मद्देनजर जिलाधिकारी सावन कुमार (भा.प्र.से.) ने बुधवार को पूर्वी कोशी तटबंध प्रमंडल, सुपौल के अंतर्गत विभिन्न स्थलों पर चल रहे बाढ़ सुरक्षात्मक कार्यों का निरीक्षण किया।</p>
<p style="text-align:justify;">निरीक्षण के क्रम में डीएम ने किशनपुर प्रखंड के सुजानपुर गांव में संचालित ‘विलेज प्रोटेक्शन वर्क’ का जायजा लिया। इस दौरान कार्य में पाई गई कमियों पर नाराजगी जताते हुए संबंधित कार्यपालक अभियंता को उन्हें शीघ्र दूर करने का निर्देश दिया।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0191.jpg" alt="IMG-20260415-WA0191" width="1600" height="1200"></img></p>
<p style="text-align:justify;">इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी ने स्पर संख्या 64.95 किमी एवं 68.30 किमी पर चल रहे बाढ़ सुरक्षा कार्यों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण किए जाएं।</p>
<p style="text-align:justify;">निरीक्षण के दौरान पूर्वी तटबंध प्रमंडल, सुपौल के कार्यपालक अभियंता सहित अन्य सहायक एवं कनीय अभियंता उपस्थित थे।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0182.jpg" alt="IMG-20260415-WA0182" width="4080" height="3060"></img></p>
<p style="text-align:justify;">जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि संभावित बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी कार्यों में गुणवत्ता एवं समयबद्धता का विशेष ध्यान रखा जाए, ताकि किसी भी आपदा की स्थिति में नुकसान को न्यूनतम किया जा सके।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/176217/review-of-preparations-for-possible-flood-2026</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/176217/review-of-preparations-for-possible-flood-2026</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Apr 2026 18:32:22 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0188.jpg"                         length="529602"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सुपौल में LPG, पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति सामान्य; जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क</title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;"><strong>सुपौल, </strong>जिले में रसोई गैस (LPG), पेट्रोल एवं डीजल की आपूर्ति को सुचारू बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन पूरी सक्रियता से कार्य कर रहा है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आवश्यक वस्तुओं एवं ईंधन की कोई कमी नहीं है और आम जनता को घबराने की आवश्यकता नहीं है।</p>
<p style="text-align:justify;">जिला प्रशासन ने जानकारी दी है कि वैवाहिक कार्यक्रमों में उपयोग के लिए वाणिज्यिक LPG गैस की आपूर्ति भी सुनिश्चित की जा रही है। इसके लिए संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी के समक्ष आवेदन देकर, पंजीकृत रसोइये के माध्यम से वाणिज्यिक गैस प्राप्त की जा सकती है।</p>
<p style="text-align:justify;">सुपौल नगर क्षेत्र में पाइपलाइन</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/176215/general-district-administration-fully-alert-on-supply-of-lpg-petrol"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260415-wa0174.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सुपौल, </strong>जिले में रसोई गैस (LPG), पेट्रोल एवं डीजल की आपूर्ति को सुचारू बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन पूरी सक्रियता से कार्य कर रहा है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आवश्यक वस्तुओं एवं ईंधन की कोई कमी नहीं है और आम जनता को घबराने की आवश्यकता नहीं है।</p>
<p style="text-align:justify;">जिला प्रशासन ने जानकारी दी है कि वैवाहिक कार्यक्रमों में उपयोग के लिए वाणिज्यिक LPG गैस की आपूर्ति भी सुनिश्चित की जा रही है। इसके लिए संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी के समक्ष आवेदन देकर, पंजीकृत रसोइये के माध्यम से वाणिज्यिक गैस प्राप्त की जा सकती है।</p>
<p style="text-align:justify;">सुपौल नगर क्षेत्र में पाइपलाइन गैस (PNG) की सुविधा शुरू करने की दिशा में भी तेजी से कार्य हो रहा है। भारत पेट्रोलियम (BPCL) द्वारा घर-घर तक गैस पाइपलाइन पहुंचाने के लिए भूमि चिन्हित करने का कार्य अंतिम चरण में है। कार्य शुरू होने के बाद LPG सिलेंडर की आवश्यकता काफी हद तक समाप्त हो जाएगी।</p>
<p style="text-align:justify;">ई-केवाईसी की प्रक्रिया को भी आसान बना दिया गया है। अब उपभोक्ताओं को गैस एजेंसी जाने की आवश्यकता नहीं है। इंडियन ऑयल (इंडेन) के उपभोक्ता “Indianoil One” ऐप, हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HP) के उपभोक्ता “HP Pay” ऐप तथा भारत गैस के उपभोक्ता “Hello BPCL” ऐप के माध्यम से घर बैठे ई-केवाईसी कर सकते हैं।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0176.jpg" alt="IMG-20260415-WA0176" width="3264" height="1836"></img></p>
<p style="text-align:justify;">जिले में वर्तमान में लगभग 10,879 LPG सिलेंडरों का भंडार उपलब्ध है, जबकि 1,710 अतिरिक्त सिलेंडर मिलने की संभावना है। 14 अप्रैल को 6,474 उपभोक्ताओं को गैस की आपूर्ति की गई। हालांकि अभी भी 24,059 उपभोक्ताओं को बुकिंग के आधार पर गैस की आपूर्ति की जानी है।</p>
<p style="text-align:justify;">जिले के 51 गैस एजेंसियों में से 49 पर LPG उपलब्ध है। शेष दो एजेंसियों—रहमानी भारत गैस एवं बजरंग भारत गैस—पर जल्द ही आपूर्ति बहाल होने की संभावना है। प्रशासन द्वारा अब तक 22 एजेंसियों का निरीक्षण किया गया है तथा 27 होटलों एवं प्रतिष्ठानों पर छापेमारी कर घरेलू गैस के वाणिज्यिक उपयोग की जांच की गई है।</p>
<p style="text-align:justify;">पेट्रोल पंपों का भी औचक निरीक्षण जारी है। अब तक 5 पेट्रोल पंपों की जांच की जा चुकी है और तेल कंपनियों के साथ समन्वय बनाकर पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति को सामान्य बनाए रखा जा रहा है।</p>
<p style="text-align:justify;">समाहरणालय परिसर स्थित जिला आपदा प्रबंधन कार्यालय में LPG वितरण की निगरानी के लिए जिला नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। नियंत्रण कक्ष का दूरभाष संख्या 06473-224005 है। 15 अप्रैल को नियंत्रण कक्ष में 3 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनका समाधान कर दिया गया।</p>
<p style="text-align:justify;">घरेलू गैस के वाणिज्यिक उपयोग एवं कालाबाजारी के मामलों में अब तक तीन प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी है।</p>
<p style="text-align:justify;">जिला प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें। आवश्यक वस्तुओं, LPG गैस एवं पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है और प्रशासन हर स्थिति पर नजर बनाए हुए है।</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>( जितेन्द्र कुमार "राजेश</strong>" )</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/176215/general-district-administration-fully-alert-on-supply-of-lpg-petrol</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/176215/general-district-administration-fully-alert-on-supply-of-lpg-petrol</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Apr 2026 18:30:28 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260415-wa0174.jpg"                         length="504306"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>त्रिबेनीगंज  में सरकारी नियमों को ठेंगा दिखा रहे निजी स्कूल संचालक </title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;">सुपौल, सीमावर्ती जिले सुपौल के त्रिवेणीगंज अनुमंडल  में निजी स्कूलों का संचालन सरकारी नियम कानून से नही बल्कि मनमर्जी से चल रहा है।जिसके आगे प्रसासन खुद को मानो मजबूर पा रहा हो।यह  अब शिक्षा दान का मंदिर नही बल्कि  एक अनियंत्रित बेलगाम  व्यवसाय का रूप ले चुका है। बिहार सरकार के सख्त नियमों के बावजूद, क्षेत्र में अधिकांश निजी स्कूल बिना वैध प्रस्वीकृति  के धड़ल्ले से चल रहे हैं। ये स्कूल न केवल शिक्षा विभाग की आंखों में धूल झोंक रहे हैं, बल्कि बिहार सरकार के निजी विद्यालय विनियमन अधिनियम की शर्तों को भी खुलेआम  ठेंगा दिखा रहे हैं।<br /><br /><strong>इन</strong></p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/176214/private-school-operators-flouting-government-rules-in-tribalganj"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/स्वतंत्र-प्रभात111.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">सुपौल, सीमावर्ती जिले सुपौल के त्रिवेणीगंज अनुमंडल  में निजी स्कूलों का संचालन सरकारी नियम कानून से नही बल्कि मनमर्जी से चल रहा है।जिसके आगे प्रसासन खुद को मानो मजबूर पा रहा हो।यह  अब शिक्षा दान का मंदिर नही बल्कि  एक अनियंत्रित बेलगाम  व्यवसाय का रूप ले चुका है। बिहार सरकार के सख्त नियमों के बावजूद, क्षेत्र में अधिकांश निजी स्कूल बिना वैध प्रस्वीकृति  के धड़ल्ले से चल रहे हैं। ये स्कूल न केवल शिक्षा विभाग की आंखों में धूल झोंक रहे हैं, बल्कि बिहार सरकार के निजी विद्यालय विनियमन अधिनियम की शर्तों को भी खुलेआम  ठेंगा दिखा रहे हैं।<br /><br /><strong>इन सरकारी नियमों की हो रही है अनदेखी</strong></p>
<p style="text-align:justify;">किसी भी निजी स्कूल के संचालन के लिए सरकार ने  मानक तय किए हैं, लेकिन इसका अभाव  त्रिवेणीगंज में दिख रहा है।सरकारी नियमानुसार, किसी भी स्कूल को खोलने से पहले विभाग से प्रस्वीकृति लेना अनिवार्य है। बिना कोड के स्कूल चलाना अवैध है, लेकिन यहाँ दर्जनों स्कूल सिर्फ आवेदन के भरोसे वर्षों से चल रहे हैं।या अपने मन से चल रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">​परिसर एवं बुनियादी ढांचा बिभागीय नियमानुसार स्कूल खोलने के लिए शहरी क्षेत्र में कम से कम 10,000 वर्ग फुट और ग्रामीण क्षेत्र में 20,000 वर्ग फुट अपनी या लंबी लीज की जमीन  होना अनिवार्य है।लेकिन  यहाँ चल रहे कई स्कूल 2-3 कमरों के मकानों मेंटीन शेड में चल रहे हैं।शिक्षक-छात्र अनुपात (PTR): RTE के तहत 30 छात्रों पर एक प्रशिक्षित शिक्षक होना चाहिए।</p>
<p style="text-align:justify;">हकीकत यह है कि एक ही कमरे में दो कक्षाओं के बच्चे बैठे हैं और अप्रशिक्षित स्टाफ उन्हें पढ़ा रहा है।साथ ही सरकारी नियम कहते हैं कि शिक्षकों का चयन एक समिति के माध्यम से होना चाहिए  और उन्हें उचित मानदेय मिले, मगर यहाँ 'पॉकेट मनी' पर युवाओं से काम लिया जा रहा है।</p>
<p style="text-align:justify;">​<strong>सुरक्षा के नाम पर केवल 'डिस्प्ले बोर्ड</strong></p>
<p style="text-align:justify;">बिहार निजी विद्यालय नियमावली के अनुसार, स्कूलों के पास 'अग्नि सुरक्षा प्रमाण पत्र' और 'भवन फिटनेस प्रमाण पत्र' होना अनिवार्य है।लेकिन दुर्भाग्य है कि  त्रिवेणीगंज के इन स्कूलों में आग बुझाने के यंत्र तो दूर, आपातकालीन निकासी तक की जगह नहीं है। संकरी गलियों में चल रहे इन स्कूलों में अगर कोई अनहोनी होती है, तो उसका जिम्मेदार कौन होगा?बर्षो पहले आगलगी की घटना में एक निजी स्कूल के बच्चे की मौत हो गई थी।बाबजूद शिक्षा विभाग के कान पर कोई असर नहीं हुआ ।</p>
<p style="text-align:justify;">​<strong>क्या कहता है कानून?</strong></p>
<p style="text-align:justify;">सरकार के नियमों के अनुसार, यदि कोई भी स्कूल बिना मान्यता के संचालित पाया जाता है, तो उस पर 1 लाख रुपये तक का जुर्माना और प्रतिदिन 10,000 रुपये की दर से दंड लगाने का प्रावधान है। इसके बावजूदशिक्षा विभाग और  प्रशासन की चुप्पी संदेहास्पद है।<br /><br />​<strong>अभिभावकों की जेब पर डाका, विभाग मौन</strong></p>
<p style="text-align:justify;">इसे विडम्बना ही कहा जायेगा कि ​मान्यता न होने के बावजूद ये स्कूल 'एडमिशन फीस' और 'सालाना चार्ज' के साथ ही किताब ,कॉपी और ड्रेस के  नाम पर मोटी रकम वसूल रहे हैं। विभागीय अधिकारियों द्वारा इन निजी स्कूलों के  निरीक्षण न किए जाने से  इन स्कूलों का मनोबल बढ़ा हुआ है। अभिभावकों  का कहना है कि शिकायत के बाद भी शिक्षा विभाग के अधिकारी जाँच करना मुनासिब नहीं समझते हैं अगर  जांच की बात आती है, कागजी खानापूर्ति कर मामला रफा-दफा कर दिया जाता है।</p>
<p style="text-align:justify;"><br /><strong>सुलगते सवाल</strong> </p>
<p style="text-align:justify;">सबसे महत्वपूर्ण सवाल यह है कि  ​बिना 'यू-डाइस' (U-DISE) कोड और मान्यता के  छात्रों का पंजीकरण कैसे कर रहे हैं?<br /> # ​क्या शिक्षा विभाग को इन अवैध संस्थानों की सूची की जानकारी नहीं है?<br /> # ​बच्चों की सुरक्षा और शिक्षकों की योग्यता के साथ हो रहे खिलवाड़ पर विभाग 'एक्शन मोड' में कब आएगा?<br />​यदि जल्द ही इन 'अवैध' संस्थानों पर नकेल नहीं कसी गई, तो यह न केवल शिक्षा व्यवस्था को खोखला करेगा, बल्कि हजारों बच्चों के भविष्य को अंधकार में धकेल देगा।<br />  मनोजरोशन</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>शिक्षा</category>
                                            <category>अन्य</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/176214/private-school-operators-flouting-government-rules-in-tribalganj</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/176214/private-school-operators-flouting-government-rules-in-tribalganj</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Apr 2026 18:28:55 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%A4%E0%A4%82%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%B0-%E0%A4%AA%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%A4111.jpg"                         length="157844"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सांगठनात्मक चुनाव पर चर्चा, कार्यकर्ताओं ने कहा प्रशांत किशोर के बिहार बदलाव के संकल्प होगा पूरा, भविष्य में इतिहास लिखेगा जन सुराज </title>
                                    <description><![CDATA[<p style="text-align:justify;">बिहार नव निर्माण अभियान के तहत जनसुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर सोमवार को सुपौल पहुंचे। जिले में आगमन के बाद उन्होंने सबसे पहले प्रसिद्ध बाबा तिल्हेश्वर मंदिर पहुंचकर विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की। इस दौरान उन्होंने बाबा तिल्हेश्वर के समक्ष माथा टेकते हुए बिहारवासियों की खुशहाली, शांति और समृद्धि की कामना की। मंदिर परिसर में मौजूद स्थानीय लोगों ने उनका स्वागत किया। पूजा के बाद जिला मुख्यालय स्थित नित्मया होटल में कार्यकर्त्ता सम्मेलन का आयोजन हुआ।</p>
<p style="text-align:justify;">कार्यक्रम में सूत्रधार प्रशांत किशोर के साथ पूर्व विधायक किशोर कुमार मुन्ना, बिहार प्रदेश ओबीसी मंच अध्यक्ष सह सेवानिवृत आयुक्त भारतीय प्रशासनिक सेवा ललन</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/175962/discussion-on-organizational-elections-workers-said-that-prashant-kishors-resolve"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/img-20260413-wa0127.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">बिहार नव निर्माण अभियान के तहत जनसुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर सोमवार को सुपौल पहुंचे। जिले में आगमन के बाद उन्होंने सबसे पहले प्रसिद्ध बाबा तिल्हेश्वर मंदिर पहुंचकर विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की। इस दौरान उन्होंने बाबा तिल्हेश्वर के समक्ष माथा टेकते हुए बिहारवासियों की खुशहाली, शांति और समृद्धि की कामना की। मंदिर परिसर में मौजूद स्थानीय लोगों ने उनका स्वागत किया। पूजा के बाद जिला मुख्यालय स्थित नित्मया होटल में कार्यकर्त्ता सम्मेलन का आयोजन हुआ।</p>
<p style="text-align:justify;">कार्यक्रम में सूत्रधार प्रशांत किशोर के साथ पूर्व विधायक किशोर कुमार मुन्ना, बिहार प्रदेश ओबीसी मंच अध्यक्ष सह सेवानिवृत आयुक्त भारतीय प्रशासनिक सेवा ललन कुमार यादव, पूर्व अपर पुलिस महा निदेशक जय प्रकाश सिंह ने भी कार्यक्रम में शिरकत की। कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं से संगठन की मजबूती और विस्तार को लेकर चर्चा की गई। जिला प्रखंड और पंचायत स्तरीय कार्यकर्ताओं ने संगठन की मजबूती को लेकर अपना विचार प्रकट किया। इस दौरान संगठन की का मुद्दा गर्म रहा।</p>
<p style="text-align:justify;">अंत में सभी सुझाव और चर्चा सुनने के बाद वक्ताओं ने कहा कि प्रशांत किशोर ने जिस मजबूती के साथ बिहार बदलाव का संकल्प लिया है, उसे हम जनसुराजी मरते दम तक निभाएंगे और विश्वास है कि आने वाले समय में बिहार में जन सुराज नया इतिहास लिखेगा। मौके पर जिला अध्यक्ष इंद्रदेव शाह, जिला महामंत्री नरेश नयन, महिला जिलाध्यक्ष नीलम सिंह, जनसुराज नेता सह आरटीआई कार्यकर्ता अनिल कुमार सिंह, निर्मली प्रमुख रामप्रवेश यादव, रिति झा, पूर्व प्रमुख सह त्रिवेणीगंज के उप मुख्य पार्षद, तपेश्वर भारती, महावीर मस्ताना, मोहन यादव, विक्रांत कुमार, रोहित सिंह, अंजली यादव सहित अन्य मौजूद थे।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260413-wa0124.jpg" alt="IMG-20260413-WA0124" width="1600" height="900"></img></p>
<p style="text-align:justify;"><strong>पंचायत चुनाव में भागीदारी की कार्यकर्त्ताओं ने उठाई आवाज :</strong></p>
<p style="text-align:justify;">पंचायत चुनाव में भागीदारी को लेकर कार्यकर्ताओं ने अपनी आवाज बुलंद की है। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि यदि पार्टी को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाना है, तो पंचायत स्तर पर सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करनी होगी। कार्यकर्ताओं का मानना है कि पंचायत चुनाव संगठन की असली ताकत को परखने का सबसे बड़ा माध्यम होता है। उन्होंने सुझाव दिया कि सबसे पहले जिला और प्रखंड स्तर पर पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं को सक्रिय किया जाए। नियमित बैठकें, जनसंपर्क अभियान और बूथ स्तर तक संगठन का विस्तार जरूरी है। कार्यकर्ताओं ने यह भी कहा कि बिना मजबूत स्थानीय ढांचे के बड़े चुनावों में सफलता पाना मुश्किल है।<img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260413-wa0126.jpg" alt="IMG-20260413-WA0126" width="1600" height="900"></img></p>
<p style="text-align:justify;"><strong>जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने प्रदेश के अगले सीएम को लेकर एनडीए पर कसा तंज::</strong></p>
<p style="text-align:justify;">जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने प्रदेश के अगले सीएम को लेकर एनडीए पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार अब शारीरिक और मानसिक रूप से मुख्यमंत्री पद संभालने की स्थिति में नहीं हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव से पहले ही जन सुराज ने कहा था कि नीतीश कुमार इस बार मुख्यमंत्री नहीं रहेंगे। प्रशांत किशोर ने कहा कि हमने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि कोई जीते, कोई हारे, लेकिन नीतीश कुमार मुख्यमंत्री नहीं रहेंगे। उनके अपने दल के साथी भी यह जानते हैं, सिर्फ जनता को धोखा दिया गया।</p>
<p style="text-align:justify;">25 से 30 नीतीश कुमार का नारा सिर्फ एक जुमला था, जनता को ठगा गया। उन्होंने कहा कि 202 सीटें जीतकर भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पद छोड़कर राज्यसभा गए हैं तो समझना चाहिए कि उन्हें बिहार की चिंता नहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार की जनता के पैसे से वोटरों में 10 हजार रुपए बांटकर वोट खरीदा गया। जिसने बहुमत दिलाने में मदद की। बिहार में अगला मुख्यमंत्री जो भी बनेगा वह बिहार का विकास नहीं करेगा सिर्फ गुजरात का विकास होगा। बिहार के युवा गुजरात की फैक्ट्रियों में काम करने जाएंगे। सीएम की चाबी केंद्र सरकार के पास होगी।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/175962/discussion-on-organizational-elections-workers-said-that-prashant-kishors-resolve</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/175962/discussion-on-organizational-elections-workers-said-that-prashant-kishors-resolve</guid>
                <pubDate>Mon, 13 Apr 2026 20:19:22 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/img-20260413-wa0127.jpg"                         length="276064"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बच्चों की पढ़ाई जारी रखने को कर्ज लेने को मजबूर हैं अभिभावक  </title>
                                    <description><![CDATA[मनमानी कीमत पर मिलती हैं पुस्तक ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/175821/parents-are-forced-to-take-loan-to-continue-their-childrens"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-04/स्वतंत्र-प्रभात11.jpg" alt=""></a><br /><p>बिहार में निजी स्कूलों की पढ़ाई अब पढ़ाई कम वयापार महज अब बनकर रह गई है जिले में नए शैक्षणिक सत्र 2026- 27 की शुरुआत हो चुकी हैं।इसके  साथ ही निजी स्कूलों में बच्चों को दी जाने वाली किताबों की कीमतों ने महँगाई की मार झेल रहे  अभिभावकों की कमर तोड़ दी है।निजी स्कूलों में कमोबेश  प्राइमरी कक्षा तक के किताब सेट चार हजार से अधिक, छठी से आठवीं कक्षा की किताबों का पूरा सेट करीब सात से आठ हजार रुपये में मिल रहा है, जबकि इसके आगे की कक्षाओं के लिए पूरा सेट 15 हजार पार कर जा रहा है।निजी स्कूलों की  शिक्षा अब जरूरत से ज्यादा महंगी होती जा रही है, जिससे खासकर मध्यम और निम्न मध्यम वर्गीय परिवारों पर भारी आर्थिक दबाव पड़ रहा है। आश्चर्यजनक पहलू  यह है कि कक्षा छह में हिन्दी की एनसीईआरटी किताब की कीमत  मात्र 65 रुपये है, वहीं उसी विषय  की निजी प्रकाशकों किताब की कीमत लगभग छह सौ रुपए में लेनी पड़ रही  है। इसी तरह संस्कृत की एनसीईआरटी किताब 50 रुपये की है, लेकिन निजी प्रकाशकों की पुस्तक 400 रुपये में दी जा रही है। वही अंग्रेजी बिषय में 40 रुपये की किताब के साथ 550 से 700 रुपये तक की दूसरी किताब लेना अनिवार्य बना दिया गया है। इससे साफ है कि एक ही विषय में अभिभावकों को दो से तीन किताबें खरीदनी पड़ रही हैं। </p>
<p><strong>महँगी कीमत की हैं किताबें, लोगों का मासिक बजट बिगड़ा</strong></p>
<p>अभिभावक श्याम चंद्र यादव, रंजीत झा, सिमरन, डॉ इंद्रभूषण प्रसाद  व अन्य ने बताया कि जिले के अधिकांश निजी स्कूलों में किताबें स्कूल परिसर में ही बेची जा रही हैं। जिस स्कूल में अंदर में किताब बिकने की व्यवस्था नही है , वहां शहर में एक तय दुकान से ही किताब खरीदने की बाध्यता है।अभिभावकों द्वारा महज कक्षा बताने पर पूरा सेट दे दिया जाता है और निर्धारित कीमत चुकानी पड़ती है। बाहर से किताब क्या कॉपी तक  खरीदने का विकल्प लगभग समाप्त कर दिया गया है, जिससे कीमत की  प्रतिस्पर्धा खत्म हो गई है और कीमतें मनमानी हो गई हैं। इसका सबसे ज्यादा असर उन परिवारों पर पड़ रहा है, जिनके घर में दो या तीन बच्चे पढ़ते हैं। ऐसे परिवारों का मासिक बजट पूरी तरह बिगड़ चुका है। कई घरों में खाने-पीने तक में कटौती करनी पड़ रही है ताकि बच्चों की पढ़ाई जारी रखी जा सके<br /><br /><strong>ग्रामीण और मध्यम वर्गीय परिवारों में स्थिति चिंताजनक</strong></p>
<p>ग्रामीण और निम्न मध्यम वर्गीय परिवारों में स्थिति औरभी  गंभीर है। यहां महिलाएं स्वयं सहायता समूह, छोटे फाइनेंस संस्थानों या महाजनों से 20 हजार से 50 हजार रुपये तक का कर्ज लेने को मजबूर हैं। कई परिवार ब्याज पर पैसा लेकर बच्चों का दाखिला करा रहे हैं। जिसका सूद मनमाना है। जिसका चुकता करना भारी पड़ेगा। अभिभावक दीपनारायण यादव,संतोष राय, मौसम कुमार, पंकज साह  ने बताया कि शिक्षा के नाम पर यह आर्थिक बोझ अब लोगों को कर्ज के जाल में फंसाता जा रहा है। अगर समय रहते इस पर नियंत्रण नहीं हुआ, तो पढ़ाई का सपना कई परिवारों के लिए भारी संकट बन सकता हैं।<br /><br /><strong>किताबों की संख्या में वृद्धि</strong></p>
<p>मालूम हो कि कक्षा पांचवीं से सातवीं तक जहां छह विषयों की पढ़ाई होती है, वहां निजी स्कूलों द्वारा  15 से 18 किताबें खरीदवाई जा रही हैं। साइंस की किताब 155 रुपये की है, लेकिन उसके साथ लैब मैनुअल 490 से 600 रुपये तक में दी जा रही है। कम्प्यूटर की किताबें भी 500 से 600 रुपये के बीच बेची जा रही हैं। कुल मिलाकर एक बच्चे की पढ़ाई पर हजारों रुपये का अतिरिक्त बोझ अभिभावक पर पड़ रहा है।</p>
<p><strong>किताब ही स्कूल ड्रेस भी बना उगाही का बड़ा माध्यम</strong></p>
<p><br />जिले के निजी स्कूलों में किताब ही नहीं बल्कि स्कूली ड्रेस भी शोषण का बड़ा जरिया बन गई है स्कूल प्रबंधन हर साल नए लुक की ड्रेस डिजाइन करते हैं और अभिभावकों को मजबूरी में स्कूल में है ड्रेस खरीदना जरूरी हो जाता है करण सिलेक्टेड ड्रेस अन्य जगहों पर नहीं मिलती है आश्चर्यजनक बात है गर्मी के मौसम में ही सर्दी के स्वेटर और ब्लेजर भी अभिभावकों को लेना मजबूरी बन गया है एक मोटे अनुमान के तहत 1000  तक की ड्रेस के लिए 8 से 10000हजार रुपये  चुकाना पड़ता है।सबसे आश्चर्यजनक पहलू यह है कि अगले साल ड्रेस बदल जाती है।</p>
<p><strong>कहते हैं अधिकारी</strong></p>
<p>स्कूल फीस व अन्य मामले में मनमानी नहीं करें, इसकी जांच के लिए संबंधित पदाधिकारी को निर्देश दिये गए हैं<br /><strong>संग्राम सिंह  </strong>(<strong>जिला शिक्षा पदाधिकारी सुपौल</strong>)</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ख़बरें</category>
                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/175821/parents-are-forced-to-take-loan-to-continue-their-childrens</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/175821/parents-are-forced-to-take-loan-to-continue-their-childrens</guid>
                <pubDate>Sun, 12 Apr 2026 20:25:22 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-04/%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%A4%E0%A4%82%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%B0-%E0%A4%AA%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%A411.jpg"                         length="157844"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>उन्मादी भीड़ का ‘तालिबानी फरमान’के सामने बेबस पुलिस,22 घंटे तक बना रहा बंधक,पुलिस रही खामोश </title>
                                    <description><![CDATA[रोता रहा किशोर— “अभी पढ़ना है”, लेकिन नहीं पसीजा किसी का दिल]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.swatantraprabhat.com/article/173224/police-helpless-in-front-of-talibani-decree-of-frenzied-mob"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/400/2026-03/img-20260313-wa0020.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>बिहार ब्यूरो ,स्वतंत्र प्रभात ,पटना </strong></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">बिहार के सुपौल जिले के त्रिबेनीगंज अनुमंडल क्षेत्र के राजेश्वरी थाना इलाके में बुधवार की शाम कानून और इंसानियत दोनों को शर्मसार कर देने वाली एक सनसनीखेज घटना सामने आई। उग्र अतिताई  भीड़ ने एक नाबालिग लड़के को पकड़कर न सिर्फ  उसकी मनभर  बेरहमी से पिटाई की बल्कि  दबाव बनाकर एक नाबालिग लड़की से जबरन शादी करा दी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस शर्मनाक घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ साफ  दिखाई दे रहा है कि मोभ लॉन्चिंग पर उतारू  भीड़ एक नाबालिग लड़के को घेरकर बुरी तरह से पीट रही है।पीड़ित नावालिग  लड़का रोते हुए बार-बार कह रहा है कि वह अभी पढ़ाई करना चाहता है और शादी नहीं करेगा। वह भीड़ से हाथ जोड़कर विनती करता रहा कि अभी उनकी पढ़ने की उम्र है और वह पहले अपना करियर बनाना चाहता है।लेकिन उन्मादी भीड़ के आगे उस मासूम किशोर की  एक भी नहीं चली।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">भीड़ लगातार उसे पीटती रही और आखिरकार मंदिर परिसर में दोनों की जबरन शादी करा दी गई।इससे भी  हैरान करने वाली बात यह है कि घटना की सूचना मिलने के बावजूद पुलिस नाबालिग को भीड़ के चंगुल से मुक्त कराने में नाकाम रही। परिजनों का आरोप है कि करीब 22 घंटे तक लड़का लड़की पक्ष व भीड़  के लोगों के कब्जे में रहा, लेकिन पुलिस ने उसे छुड़ाने के लिए कोई गंभीर पहल करना तो दूर बल्कि झकना तक मुनासिब  नहीं समझा ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/img-20260313-wa0027.jpg" alt="IMG-20260313-WA0027" width="478" height="850"></img></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<h4 style="text-align:justify;"><strong>मारपीट से टूटे किशोर ने अपनी जीवनलीला समाप्त की भी कि कोशिश</strong></h4>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार उन्मादी भीड़ की बेइंतहा  मारपीट और दबाव से परेशान होकर नाबालिग पूरी तरह टूट गया था। बताया जा रहा है कि मारपीट के दौरान उसने कई बार खुद को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की और अपना गला दबा अपनी जीवनलीला खत्म करने का भी असफल प्रयास किया। वह बार-बार रोते हुए कहता रहा कि उसे छोड़ दिया जाए और वह पढ़ाई करना चाहता है।लेकिन भीड़ ने उसकी एक भी नहीं सुनी। कुछ लोग मोबाइल से वीडियो बनाते रहे और कुछ लोग उसे पीटते रहे।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"><img src="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/img-20260313-wa0018.jpg" alt="IMG-20260313-WA0018" width="478" height="850"></img></div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<h4 style="text-align:justify;"><strong>आखिरकार दबाव बनाकर मंदिर में ही करा दी गई दोनों की शादी </strong></h4>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">कहा जा रहा है कि करीब आठ माह पहले इंस्टाग्राम से शुरू हुई दोस्ती का यह अंजाम होगा शायद इसकी कल्पना दोनो नावालिग ने नही की थी,बुधवार को प्रेमिका ने लड़के को शाम में मंदिर में मिलने बुलाया था मिली जानकारी के अनुसार चरने तमुआ निवासी सुधीर यादव के पुत्र प्रिंस कुमार की करीब सात-आठ महीने पहले इंस्टाग्राम के माध्यम से पास के गांव की एक लड़की से दोस्ती हुई थी।दोनों के बीच सोशल मीडिया पर बातचीत होती थी। बताया जाता है कि बुधवार की शाम लड़की ने युवक को गोचर भतनी टोला स्थित एक मंदिर में मिलने के लिए बुलाया था।जब दोनों मंदिर के पास मिले तो गांव के कुछ युवकों की नजर उन पर पड़ गई। इसके बाद देखते ही देखते वहां बड़ी संख्या में परिजन व ग्रामीण जुट गए और माहौल काफी  तनावपूर्ण हो गया। भीड़  ने लड़के को पकड़ लिया और उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। इसके बाद भीड़ ने पंचायत जैसी स्थिति बनाकर दोनों की जबरन शादी करा दी।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<h4 style="text-align:justify;"><strong>डायल 112 पहुंची, लेकिन भीड़ के आगे बेबस लौटी पुलिस</strong></h4>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">ऐसा नहीं है कि पुलिस को इस शर्मनाक घटना की जानकारी नहीं मिली ।घटना की जानकारी मिलते ही लड़के के परिजनों ने डायल 112, स्थानीय थाना और वरीय अधिकारियों को मोबाइल से  सूचना दी और लड़के को भीड़ से छुड़ाने कीखूब  चिरौरी की सूचना मिलने के बाद पुलिस की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन ग्रामीणों के रौद्र रूप के कारण पुलिस की एक नहीं चली। बताया जाता है कि भीड़ ने पुलिस के साथ धक्का-मुक्की भी की, जिसके बाद टीम को खाली हाथ लौटना पड़ा। लेकिन पुलिस का नपुंसकी चेहरा तब सामने आया जब डायल 112 के बैरंग वापस लौटने के बाद स्थानीय थाने के थानाध्यक्ष युगल किशोर ने  नाबालिग को मुक्त कराने के लिए दोबारा कोई ठोस पहल  नहीं की,और नावालिग को जानलेंने पर आमादा भीड़ के रहमोकरम पर ही छोड़ दिया। जिससे पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<h4 style="text-align:justify;"><strong>22 घंटे तक बंधक बना रहा</strong></h4>
<div style="text-align:justify;">  </div>
<div style="text-align:justify;">लड़के के परिजनों का आरोप है कि उनका नाबालिग पुत्र करीब 22 घंटे तक लड़की पक्ष और भीड़ के कब्जे में रहा।</div>
<div style="text-align:justify;">परिजनों का कहना है कि उन्होंने लगातार पुलिस से मदद की गुहार लगाई, लेकिन पुलिस की ओर से कोई भी कार्रवाई नहीं की गई। यहाँ तक की परिजनों ने  चार नामजद समेत कई अज्ञात लोगों के खिलाफ लिखित आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की लेकिन पुलिस रात भर कार्यबाही का आश्वासन देकर लम्बी चादर ओढ़ सोती रही  ।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<h4 style="text-align:justify;"><strong>दहशत में परिजन , अनहोनी की आशंका</strong></h4>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस घटना के बाद लड़के का परिवार पूरी तरह दहशत में है।</div>
<div style="text-align:justify;">परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और उन्हें डर सता रहा था  कि कहीं उनके बेटे के साथ कोई बड़ी अनहोनी न हो जाए। परिजनों का कहना है कि अगर समय रहते पुलिस ने सख्ती दिखाई होती तो इतनी बड़ी घटना नहीं होती।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">उसी मंदिर में रात में हो गई 18 लाख के आभूषण की चोरी</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस पूरे मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जिस मंदिर में शाम को यह सनसनीखेज घटना हुई, उसी मंदिर में देर रात चोरों ने धावा बोल दिया। और  मंदिर से करीब 18 लाख रुपये से अधिक के आभूषण चुरा लिए। गुरुवार को चोरी की इस बड़ी वारदात की जानकारी मिलने के बाद जिले के पुलिस कप्तान, एसडीपीओ और थानाध्यक्ष पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और मंदिर में हुई चोरी की घटना की जांच कर अपनी सम्वेदनशीलता का छाप छोड़ने की पुरजोर कोशिश की।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<h4 style="text-align:justify;"><strong>एसपी से छिपाई गई उक्त  की बड़ी घटना</strong></h4>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि जब पुलिस कप्तान  मंदिर में चोरी की घटना की जांच करने के लिए गुरुवार की सुबह  पहुंचे, तब स्थानीय पुलिस अधिकारियों ने उन्हें शाम  में हुई इतनी बड़ी घटना—नाबालिग की पिटाई, जबरन शादी और बंधक बनाए जाने की जानकारी तक देना मुनासिब नहीं समझा । और हुजूर आला को चोरी की घटना दिखाकर बिदा कर दिए इससे पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।स्थानीय लोगों का कहना है कि इतनी बड़ी घटना को आखिर स्थानीय पुलिस ने अपने ही वरिष्ठ अधिकारी से क्यों छिपाया। क्या किसी की लापरवाही को बचाने के लिए मामले को दबाने की कोशिश की गई? या उन्होंने इसे बताना  फालतू समझा। इतना ही नहीं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी को भी जानकारी मिल गई थी लेकिन वे भी आश्वासन ही देते रहे।मुख्यालय में मौजूद रहने के बाद भी स्थल पर जाने या बच्चे को भीड़ के चंगुल से बचाने की पहल नही की</div>
<div style="text-align:justify;">अलबत्ता 22 घण्टे बाद हरकत में आई पुलिस ने दावा किया कि लड़के को बरामद कर लिया गया है।लेकिन युबक को कहां महफूज रखा गया है यह बताने से परहेज कर रही हैं।</div>
<div style="text-align:justify;"> जिससे इलाके में चर्चा का बाजार गर्म है।</div>
<div style="text-align:justify;"> घटना के बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं।</div>
<div style="text-align:justify;">लोगों का कहना है कि अगर भीड़ के सामने कानून इतना कमजोर दिखेगा तो भविष्य में ऐसी घटनाएं और बढ़ सकती हैं।</div>
<div style="text-align:justify;">""""""""</div>
<div>
<blockquote class="format1">
<div style="text-align:justify;"> उठी  निष्पक्ष जांच  दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और थानाध्यक्ष को हटाने की मांग </div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;"> ग्रामीणों ने पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच के साथ ही दोषियों पर कड़ी कार्यवाही के साथ साथ राजेश्वरी थाना के कायर थानाध्यक्ष को तत्काल निलंबित करने की माँग की है ताकि भविष्य में ऐसी शर्मनाक घटना की पूर्णवरीति नही हो सके।</div>
<div style="text-align:justify;"> </div>
<div style="text-align:justify;">इस संबंध में एसडीपीओ विभाष कुमार ने बताया कि आवेदन प्राप्त हुआ है और पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।वही एसपी एस शरथ ने कहा कि पुलिस मामले की जाँच कर रही हैं, दोषी बख्शे नही जाएंगे ।</div>
</blockquote>
</div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>Featured</category>
                                            <category>बिहार/झारखंड</category>
                                    

                <link>https://www.swatantraprabhat.com/article/173224/police-helpless-in-front-of-talibani-decree-of-frenzied-mob</link>
                <guid>https://www.swatantraprabhat.com/article/173224/police-helpless-in-front-of-talibani-decree-of-frenzied-mob</guid>
                <pubDate>Fri, 13 Mar 2026 20:49:41 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.swatantraprabhat.com/media/2026-03/img-20260313-wa0020.jpg"                         length="56987"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[BIHAR SWATANTRA PRABHAT]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        