फादर डोमिनिक पिंटो की गिरफ्तारी से भड़का ईसाई समुदाय।

फादर डोमिनिक पिंटो की गिरफ्तारी से भड़का ईसाई समुदाय।

लखनऊ। राजधानी लखनऊ कैथोलिक धर्मप्रान्त, अपने रेंडुवा पल्हारी (देवा रोड) बाराबंकी जिले में स्थित पास्तरीय केंद्र, नवीनता, के निर्देशक श्रद्धेय फादर डोमिनिक पिंटो की गिरफ्तारी और कारावास के संबंध में उन सभी तथ्यों पर स्पष्टीकरण देना चाहता है जिनकी व्याख्या हाल ही में प्रकाशित की गई हैं। लखनऊ धर्मप्रान्त पुनः अपनी बात दोहराता है कि फादर डोमिनिक की गिरफ्तारी और कारावास, गलत सूचना और वास्तविकताओं की सरल विकृति के कारण हुई है, इसमें एक निर्दोष व्यक्ति को आरोपी करार देकर जेल में डाल दिया गया है।
 
फादर डोमिनिक पिंटो, नवीनता पास्तरीय केंद्र के निर्देशक हैं,जहां स्थानीय, क्षेत्रीय और राज्य के कई व्यक्ति या समूह आते हैं और विभिन्न सेमिनार, अध्ययन सत्र या बैठकें आयोजित करते हैं। नवीनता पास्तरीय केंद्र, जिसमें सभी सुविधाओं के साथ-साथ सेमिनार के लिए पर्याप्त स्थान उपस्थित है, विभिन्न समूहों के अनुरोध पर उन्हें प्रदान किया जाता है। इस केस में भी लोगों के एक समूह ने अपने पास्टर के साथ, 5 फरवरी 2024 को एक सेमिनार का आयोजन करने के लिए हमसे नवीनता की सुविधा उपयोग करने का अनुरोध किया और हमने उन्हें अपना केंद्र प्रदान किया।
 
हालाँकि बैठक के बारे में पूरे क्षेत्र में झूठी सूचना फैल गई और कुछ कट्टरपंथी धार्मिक गुटों ने, अपने लीडरों के नेतृत्व में, परिसर में धावा बोल दिया और केंद्र पर हिंदुओं को ईसाई धर्म में परिवर्तित करने का आरोप लगाया, यह आरोप पूरी तरह से गलत था। इस केंद्र के निर्देशक के रूप में फादर  डॉमिनिक पिंटो, इस बैठक के लिए किसी भी तरह से जिम्मेदार नहीं थे, बल्कि वे केवल उन सदस्यों को भोजन और रहने की सुविधा प्रदान कर रहे थे, जो बैठक में भाग लेने के लिए बाहरी शहरों से आए थे, जैसा कि पिछले वर्षों में सामान्य रूप से होता आया है। लेकिन दुख की बात है कि फादर डॉमिनिक पिंटो पर स्वयं बैठक आयोजित करने का आरोप लगाया गया और उन पर बैठक के लिए एकत्र हुए लोगों के धर्म परिवर्तन का भी आरोप लगाया गया। हम यह स्पष्ट कर देना चाहते हैं कि यह तथ्यों की पूरी तरह से गलत व्याख्या है और तथ्यों का पूर्ण रूप से मिथ्याकरण है।
 
हम यह घोषणा करते हैं कि फादर डॉमिनिक पिंटो किसी भी तरह से लोगों को बैठक के लिए बुलाने या उसके संचालन में शामिल नहीं थे, बल्कि समूह के सदस्यों के रहने और खाने की आवश्यकताओं और बाहरी व्यवस्था के लिए केवल, वे निर्देशक के रूप में, जिम्मेदार थे। किसी भी समय किसी भी प्रकार के धर्मांतरण के लिए इस केंद्र का उपयोग नहीं किया गया है और न किया जाएगा। हम अनुरोध करते हैं कि शिकायत पत्र से धर्मांतरण और अन्य सभी झूठे आरोपों को वापस लिया जाए और उन लोगों द्वारा संबंधित अदालत के समक्ष सच्चाई बताई जाए जिन्होंने फादर पर गलत और झूठे तथ्यों का आरोप लगाया है। सत्य और न्याय का शासन कायम रहे और निर्दोष व्यक्तियों पर झूठा आरोप न लगाया जाए, जिसके परिणामस्वरूप फादर डॉमिनिक पिंटो और अन्य लोगों के मन और आत्मा को गंभीर पीड़ा का सामना करना पड़े।

About The Author

Post Comment

Comment List

आपका शहर

अंतर्राष्ट्रीय

Online Channel